फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   The condition of Kalayat's shrines and ponds will be changed by collecting donations.

Kaithal News: चंदा जमा कर बदले जाएंगे कलायत के तीर्थ और तालाबों के हालात

Sun, 25 Feb 2024 01:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल Updated Sun, 25 Feb 2024 01:42 AM IST
विज्ञापन
The condition of Kalayat's shrines and ponds will be changed by collecting donations.
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

कलायत। कलायत क्षेत्र के तीर्थ व तालाबोंं के कायाकल्प के लिए सरकार की ओर से जारी करोड़ों रुपये के बजट में धांधली करने वालों के खिलाफ जांच को लेकर ग्रामीण एकजुट हो रहे हैं। इस कड़ी में गांव चौशाला स्थित ढोबी तीर्थ का युवाओं ने अपने स्तर पर संसाधन जुटाकर विकसित करने का बीड़ा उठाया है। इनकी मांग है कि सरकार जलाशयों के लिए जारी ग्रांट की पहले सिरे से जांच करे।

श्री च्यवन ऋषि आश्रम परिसर मेंं सेठ ओमप्रकाश परिवार की तरफ से आयोजित भंडारे के उपरांत आयोजित सम्मान समारोह मेंं यह बड़ा फैसला लिया गया। इसमें समाजसेवी परिवार ने सांस्कृतिक विरासत के प्रचार-प्रसार के साथ-साथ विभिन्न क्षेत्रों मेंं कुशलता से अपनी भूमिका अदा करने वाले श्री च्यवन ऋषि युवा संगठन चौशाला की टीम को सम्मानित किया। इसमें मुख्य अतिथि के रूप में सरपंच प्रतिनिधि दिलबाग सिंह ने पंचोंं व गांव के अन्य गणमान्य लोगों के साथ शिरकत की।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि प्राचीन ढोबी तीर्थ के कायाकल्प के लिए सरकार द्वारा एक करोड़ 11 लाख रुपये का बजट जारी किया है। बजट से तीर्थ का समुचित रूप से सौंदर्यीकरण होना था, लेकिन पंचायती राज विभाग ने सरोवरों को संवारने की योजना को अनदेखा कर दिया है। भ्रष्टाचार की वजह से तीर्थ में स्वच्छ जल भराव, गंदे पानी की निकासी, विभिन्न प्रजातियों के पौधोंं-फूलों का रोपण, घाट की
विज्ञापन
विज्ञापन


मरम्मत, लाइट, परिक्रमा और संबंधित विभिन्न विकास कार्य कागजों तक सिमटकर रह गए हैं।

सतपाल शर्मा और अनिल शर्मा ने बताया कि श्री च्यवन ऋषि युवा सेवा संगठन को बड़े-बुजुर्गों के मार्ग दर्शन में चौशाला गांव मेंं 17 मार्च और 24 मार्च को लगने वाले वार्षिक मेले की तैयारियां करने की जिम्मेवारी भी सौंपी। मेले मेंं हर वर्ष देश-प्रदेश के साथ-साथ विदेशों से भी पर्यटक आते हैं और च्ययन ऋषि आश्रम और तीर्थ पर पूजा-अर्चना करते हैं। इसलिए तीर्थ की स्थिति को संवारना अति महत्वपूर्ण कार्य है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed