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Kaithal News: शिविर में फरियादी ठीक नहीं करवा पाए आईडी
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कैथल। नगर परिषद में प्रॉपर्टी आईडी ठीक करवाने के लिए शनिवार को भी विशेष शिविर लगाया था, लेकिन क्लर्कों की हड़ताल के कारण शिविर में पहुंचे फरियादी अपनी प्रॉपर्टी आईडी ठीक नहीं करवा पाए। उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया, इसलिए उन्हें बिना काम के ही वापस लौटना पड़ा।
क्लर्कों की हड़ताल के चलते यहां पर लोगों को सुविधा देने के लिए चतुर्थ श्रेणी के कर्मियों की तरफ से काउंटर संभाला। इसके बावजूद लोगों की समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया। यहां पहुंचने वाले लोगों के कार्य क्लर्क भी नहीं कर पाए। इसका कारण यह था कि प्रॉपर्टी आइडी ठीक करने से संबंधित पोर्टल पर क्लर्कों की ही आईडी बनी है और ओटीपी भी क्लर्कों के मोबाइल पर ही आता है। इस स्थिति में वह अपने कार्य नहीं करवा पाए हैं।
नहीं हुआ काम
प्रॉपर्टी आईडी ठीक करवाने के लिए पहुंचे फ्रेंड्स कॉलोनी निवासी संजीव कुमार ने बताया कि सरकार ने दो दिवसीय शिविर लगाने की घोषणा की है। इस समय क्लर्काें की हड़ताल चल रही है, लेकिन शिविर में कोई भी क्लर्क नहीं मिला। उसने प्रॉपर्टी आईडी में खामी को लेकर आवेदन किया था। वह इस काम के सिलसिले में शिविर में पहुंचा था। यहां पर आया तो चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी काउंटरों पर बैठे थे, वे बोले कि वह आइडी ठीक नहीं कर सकते, क्योंकि क्लर्क हड़ताल पर है। वह इसको लेकर दोबारा से आवेदन दे दें। वह इसको लेकर नगर परिषद की अध्यक्ष व अन्य अधिकारियों के पास भी गया, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया। काफी समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
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नाम तक ठीक नहीं हो पाया
अमरगढ़ गामड़ी निवासी रोशन लाल ने बताया कि प्रॉपर्टी आइडी में उसे केवल एक नाम ही ठीक करवाना है। यह नाम तक नगर परिषद के अधिकारियों से ठीक नहीं हो पा रहा है। उसका रोशन की बजाय सोहन लाल लिखा है। इस रिकॉर्ड को ठीक नहीं करवा पा रहे हैं। पहले ऑनलाइन सर्वे किसी निजी एजेंसी की तरफ से किया गया था। यह सर्वे ठीक नहीं होने के कारण नाम की यह समस्या आई है। इसे ठीक नहीं कर रहे हैं। सर्वे की खामियों को ठीक करवाया जाना चाहिए ताकि आमजन को किसी भी प्रकार की परेशानी न उठानी पड़े।
शिविर में क्लर्काें के न होने पर नगर परिषद के सचिव पवन कुमार ने बताया कि हड़ताल के कारण प्रॉपर्टी आइडी ठीक नहीं हो पाई है। इसके लिए यहां पहुंचे लोगों से आईडी ठीक करवाने के लिए आवेदन लिए गए हैं। क्लर्काें के आने के बाद आवेदनों पर कार्य किया जाएगा। फिलहाल वहां पर आवेदन लेने के लिए अलग से चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है।
चौथे दिन भी अन्य विभागों में भी कार्य रहा प्रभावित-
क्लर्काें की हड़ताल चौथे दिन भी जारी रहने के कारण अन्य कई विभागों में कार्य काफी प्रभावित रहा। सबसे अधिक परेशानी नगर परिषद में होने के साथ तहसील कार्यालय में देखने को मिली। गौरतलब है कि हड़ताल के कारण पिछले चार दिन से रजिस्ट्री का कार्य भी काफी प्रभावित हो रहा है। इसके चलते पिछले चार दिन में 250 से अधिक रजिस्ट्रियां प्रभावित रही है। हड़ताल से पहले सामान्य दिनों में 100 से अधिक रजिस्ट्रियां होती थी, जो अब घटकर 50 ही रह गई हैं। रजिस्ट्री क्लर्क के भी हड़ताल पर होने के कारण रजिस्ट्रियाें का कार्य ठप पड़ा है।
मांगों को अनदेखा कर रही सरकार
लिपिक एसोसिएशन के जोनल संयोजक विकास चितारा ने कहा कि उनकी हड़ताल को शनिवार को चार दिन हो गए हैं, लेकिन अब तक सरकार ने उनकी मांगों पर कोई विचार विमर्श नहीं किया है। सभी विभागों के लिपिक हड़ताल में शामिल हैं। विभागों में कार्य प्रभावित हो रहा है, आमजन परेशान है। लेकिन सरकार लिपिक वर्ग की मांगों को अनदेखा कर रही है।
मांगे नहीं मानी तो आंदोलन का लिया जा सकता है फैसला
लिपिक एसोसिएशन के जिला सचिव जगदीश फौजी ने कहा शनिवार को हड़ताल के दौरान सिंचाई विभाग के लिपिक वर्ग ने 500 लिपिकों के लिए खाने की व्यवस्था की। उन्होंने कहा कि जब सरकार उनकी मांगें नहीं मानती वह हड़ताल को खत्म नहीं करेंगे। रविवार को छुट्टी के दिन वह वह निरंतर हड़ताल पर बैठेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार उनकी मांगे जल्द पूरी करे अन्यथा बड़े आंदोलन का फैसला लिया जा सकता है।
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क्लर्कों की हड़ताल के चलते यहां पर लोगों को सुविधा देने के लिए चतुर्थ श्रेणी के कर्मियों की तरफ से काउंटर संभाला। इसके बावजूद लोगों की समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया। यहां पहुंचने वाले लोगों के कार्य क्लर्क भी नहीं कर पाए। इसका कारण यह था कि प्रॉपर्टी आइडी ठीक करने से संबंधित पोर्टल पर क्लर्कों की ही आईडी बनी है और ओटीपी भी क्लर्कों के मोबाइल पर ही आता है। इस स्थिति में वह अपने कार्य नहीं करवा पाए हैं।
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नहीं हुआ काम
प्रॉपर्टी आईडी ठीक करवाने के लिए पहुंचे फ्रेंड्स कॉलोनी निवासी संजीव कुमार ने बताया कि सरकार ने दो दिवसीय शिविर लगाने की घोषणा की है। इस समय क्लर्काें की हड़ताल चल रही है, लेकिन शिविर में कोई भी क्लर्क नहीं मिला। उसने प्रॉपर्टी आईडी में खामी को लेकर आवेदन किया था। वह इस काम के सिलसिले में शिविर में पहुंचा था। यहां पर आया तो चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी काउंटरों पर बैठे थे, वे बोले कि वह आइडी ठीक नहीं कर सकते, क्योंकि क्लर्क हड़ताल पर है। वह इसको लेकर दोबारा से आवेदन दे दें। वह इसको लेकर नगर परिषद की अध्यक्ष व अन्य अधिकारियों के पास भी गया, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया। काफी समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
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नाम तक ठीक नहीं हो पाया
अमरगढ़ गामड़ी निवासी रोशन लाल ने बताया कि प्रॉपर्टी आइडी में उसे केवल एक नाम ही ठीक करवाना है। यह नाम तक नगर परिषद के अधिकारियों से ठीक नहीं हो पा रहा है। उसका रोशन की बजाय सोहन लाल लिखा है। इस रिकॉर्ड को ठीक नहीं करवा पा रहे हैं। पहले ऑनलाइन सर्वे किसी निजी एजेंसी की तरफ से किया गया था। यह सर्वे ठीक नहीं होने के कारण नाम की यह समस्या आई है। इसे ठीक नहीं कर रहे हैं। सर्वे की खामियों को ठीक करवाया जाना चाहिए ताकि आमजन को किसी भी प्रकार की परेशानी न उठानी पड़े।
शिविर में क्लर्काें के न होने पर नगर परिषद के सचिव पवन कुमार ने बताया कि हड़ताल के कारण प्रॉपर्टी आइडी ठीक नहीं हो पाई है। इसके लिए यहां पहुंचे लोगों से आईडी ठीक करवाने के लिए आवेदन लिए गए हैं। क्लर्काें के आने के बाद आवेदनों पर कार्य किया जाएगा। फिलहाल वहां पर आवेदन लेने के लिए अलग से चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है।
चौथे दिन भी अन्य विभागों में भी कार्य रहा प्रभावित-
क्लर्काें की हड़ताल चौथे दिन भी जारी रहने के कारण अन्य कई विभागों में कार्य काफी प्रभावित रहा। सबसे अधिक परेशानी नगर परिषद में होने के साथ तहसील कार्यालय में देखने को मिली। गौरतलब है कि हड़ताल के कारण पिछले चार दिन से रजिस्ट्री का कार्य भी काफी प्रभावित हो रहा है। इसके चलते पिछले चार दिन में 250 से अधिक रजिस्ट्रियां प्रभावित रही है। हड़ताल से पहले सामान्य दिनों में 100 से अधिक रजिस्ट्रियां होती थी, जो अब घटकर 50 ही रह गई हैं। रजिस्ट्री क्लर्क के भी हड़ताल पर होने के कारण रजिस्ट्रियाें का कार्य ठप पड़ा है।
मांगों को अनदेखा कर रही सरकार
लिपिक एसोसिएशन के जोनल संयोजक विकास चितारा ने कहा कि उनकी हड़ताल को शनिवार को चार दिन हो गए हैं, लेकिन अब तक सरकार ने उनकी मांगों पर कोई विचार विमर्श नहीं किया है। सभी विभागों के लिपिक हड़ताल में शामिल हैं। विभागों में कार्य प्रभावित हो रहा है, आमजन परेशान है। लेकिन सरकार लिपिक वर्ग की मांगों को अनदेखा कर रही है।
मांगे नहीं मानी तो आंदोलन का लिया जा सकता है फैसला
लिपिक एसोसिएशन के जिला सचिव जगदीश फौजी ने कहा शनिवार को हड़ताल के दौरान सिंचाई विभाग के लिपिक वर्ग ने 500 लिपिकों के लिए खाने की व्यवस्था की। उन्होंने कहा कि जब सरकार उनकी मांगें नहीं मानती वह हड़ताल को खत्म नहीं करेंगे। रविवार को छुट्टी के दिन वह वह निरंतर हड़ताल पर बैठेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार उनकी मांगे जल्द पूरी करे अन्यथा बड़े आंदोलन का फैसला लिया जा सकता है।