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Kaithal News: सीवन के किसान ने उगाया साढ़े तीन किलो का खरबूजा
Fri, 24 May 2024 05:13 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 24 May 2024 05:13 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
सीवन। सीवन का क्षेत्र खरबूजा व सब्जी के लिए बहुत प्रसिद्ध है। दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, हिमाचल तक खरबूजा जा रहा है। गोबिंदपुरा गांव के प्रगतिशील किसान अंतरजीत ने अपने खेत में करीब साढ़े तीन तीन किलो का खरबूजा लगाया। वब बताते हैं कि वह हर वर्ष खरबूजे की काश्त करते हैं। इस बार भी उन्होंने अपने खेत में 17 एकड़ भूमि में खरबूजा लगाया हुआ है।
उन्होंने बताया कि खरबूजे की बहुत सी किस्में हैं, जिन्हें लोग पसंद करते हैं क्योंकि इनकी मिठास अधिक होती हैं। इस बार उन्होंने गोल्डन ग्लोरी किस्म का खरबूजा काश्त किया है। खरबूजे की फसल इस बार बहुत अच्छी रही है। गर्मी जिस प्रकार से बढ़ती है खरबूजे की पैदावार भी बढ़ती है और खरबूजे में मिठास भी आती है। इस बार उनके खेत में जो खरबूजे पैदा हुए हैं उनके साइज और वजन बहुत अधिक हैं। अभी तक उन्होंने अपने खेत में से 3 किलो 400 ग्राम का खरबूजा निकाला है। व्यापारी खुद ही खेत में से आ कर खरबूजे की गाडिय़ां लोड करके ले जा रहे हैं। किसानों को मंडी में भी जाने की आवश्यकता नहीं है। संवाद
सीवन। सीवन का क्षेत्र खरबूजा व सब्जी के लिए बहुत प्रसिद्ध है। दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, हिमाचल तक खरबूजा जा रहा है। गोबिंदपुरा गांव के प्रगतिशील किसान अंतरजीत ने अपने खेत में करीब साढ़े तीन तीन किलो का खरबूजा लगाया। वब बताते हैं कि वह हर वर्ष खरबूजे की काश्त करते हैं। इस बार भी उन्होंने अपने खेत में 17 एकड़ भूमि में खरबूजा लगाया हुआ है।
उन्होंने बताया कि खरबूजे की बहुत सी किस्में हैं, जिन्हें लोग पसंद करते हैं क्योंकि इनकी मिठास अधिक होती हैं। इस बार उन्होंने गोल्डन ग्लोरी किस्म का खरबूजा काश्त किया है। खरबूजे की फसल इस बार बहुत अच्छी रही है। गर्मी जिस प्रकार से बढ़ती है खरबूजे की पैदावार भी बढ़ती है और खरबूजे में मिठास भी आती है। इस बार उनके खेत में जो खरबूजे पैदा हुए हैं उनके साइज और वजन बहुत अधिक हैं। अभी तक उन्होंने अपने खेत में से 3 किलो 400 ग्राम का खरबूजा निकाला है। व्यापारी खुद ही खेत में से आ कर खरबूजे की गाडिय़ां लोड करके ले जा रहे हैं। किसानों को मंडी में भी जाने की आवश्यकता नहीं है। संवाद
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