कृष्ण जन्माष्टमी को लेकर शहर के बाजार सज चुके हैं। जन्माष्टमी पर्व सोमवार को है। इसके लिए लोग अपने घरों के लिए भगवान श्री कृष्ण के स्वरूप व श्रंगार का सामान खरीद रहे हैं। वहीं कई परिवार अपने बच्चों को राधा और कृष्ण के स्वरूप से सजाते हैं। वह भी बाजार से पोशाकें खरीदने लगे हैं।
इस बार बाजार में चीन निर्मित सामान दिखाई नहीं दे रहा है। बाजार में भगवान श्री कृष्ण के झूले, सिंहासन, श्रंगार का सामान व पोशाक दिखाई दे रही हैं। दुकानों में लड्डू गोपाल, भगवान श्री कृष्ण बांसुरी बजाते, माखन खाने वाले कान्हा, मोर पंख धारण किए कान्हा, श्री राधा कृष्ण व अन्य मूर्तियां बाजार में भक्तजन खरीद रहे हैं। वहीं कई डिजाइन के झूले भी बाजार में लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। भगवान श्री कृष्ण के श्रंगार के सामान में पोशाक की पगड़ी, माला, बांसुरी, कुंडल व अन्य सामान आया हुआ है। बच्चों के लिए उनके साइज की ड्रेस, मुकुट, बांसुरी, कमरबंद, माला, बाजूबंद व अन्य श्रंगार का सामान है। भगवान श्री कृष्ण और राधा की पोशाक 100 से लेकर 500 रुपये तक बिक रही हैं। वहीं आकर्षक झूले 200 से लेकर 2000 रुपये तक भी बिक रहे हैं। ड्रेस विक्रेता सतीश व सोनू ने कहा कि लोगों में जन्माष्टमी मनाने को लेकर उत्साह है, लेकिन लोग इस बार बहुत कम सजावट का सामान खरीद रहे है। सामान की कीमतों में ज्यादा बढ़ोतरी नहीं हुई है, लेकिन लोगों पर कोरोना के कारण पड़ा आर्थिक प्रभाव का फर्क साफ नजर आ रहा है। कई डिजाइन के झूले आए हुए हैं। इसके अलावा भगवान श्री कृष्ण से संबंधी स्वरूप बाजार में उपलब्ध हैं।