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Kaithal: संत बलजीत सिंह दादूवाल ने किया एलान, हरियाणा के गुरुद्वारों में लगे कर्मचारी नहीं हटेंगे
Wed, 22 Feb 2023 11:31 AM IST
नवीन दलाल
नसीब सैनी, कैथल (हरियाणा)
नसीब सैनी, कैथल (हरियाणा)
Published by: नवीन दलाल
Updated Wed, 22 Feb 2023 11:31 AM IST
सार
हरियाणा के गुरुद्वारों सहित यहां संचालित संस्थानों में एसजीपीसी द्वारा नियुक्त स्टाफ कार्य कर रहा है। इस स्टाफ में अपनी नौकरी को लेकर संशय की स्थिति बन गई है। समिति सदस्यों से मिली जानकारी के अनुसार हरियाणा में गुरुद्वारों में लगभग आठ से नौ सौ कर्मचारी कार्यरत हैं।
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संत बलजीत सिंह दादूवाल
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
सुप्रीम कोर्ट में एसजीपीसी की पुनर्विचार याचिका खारिज होने के बाद हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी सक्रिय हो गई है और गुरुद्वारों की सेवा संभालकर विधिवत रूप से अपने हाथों में लेनी शुरू कर दी है। ऐसे में हरियाणा के गुरुद्वारों में कार्यरत कर्मचारियों में इस बात की चिंता हो गई है कि उनका रोजगार न चला जाए, लेकिन एचएसजीमएसी ने स्पष्ट कर दिया है कि हरियाणा के गुरुद्वारों में कार्यरत किसी भी कर्मचारी को हटाया नहीं जाएगा।
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गुरुद्वारों में लगभग आठ से नौ कर्मचारी, बड़े पदों पर अधिकतर पंजाब के निवासी
वर्ष 2014 में गठित एचएसजीएमसी ने इन गुरुद्वारों की सेवा संभाल उसी समय अपने अधीन करनी शुरू कर दी थी। इसी बीच शिरोमणि गुरुद्वारा कमेटी सुप्रीम कोर्ट चली गई थी। इस कारण गुरुद्वारों में यथास्थिति का नियम लागू हो गया था। पिछले साल नवंबर में आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद हरियाणा सिख गुरुद्वारा एक्ट को सही माना गया। इसके बाद फिर शिरोमणि गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी पुन: विचार याचिका लेकर सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई।
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नौकरी को लेकर स्टाफ में संशय
जिसे एक फरवरी को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया। इसके बाद अब एचएसजीएमसी ने विधिवत रूप से सभी गुरुद्वारों की सेवा संभाल अपने हाथ में लेनी शुरू कर दी। चूंकि हरियाणा के गुरुद्वारों सहित यहां संचालित संस्थानों में एसजीपीसी द्वारा नियुक्त स्टाफ कार्य कर रहा है। इस स्टाफ में अपनी नौकरी को लेकर संशय की स्थिति बन गई है। समिति सदस्यों से मिली जानकारी के अनुसार हरियाणा में गुरुद्वारों में लगभग आठ से नौ सौ कर्मचारी कार्यरत हैं। इनमें मैनेजर जैसे बड़े पदों पर अधिकतर पंजाब के निवासी कार्यरत हैं। इसके अलावा बड़ी संख्या में हरियाणा के कर्मचारी भी काम कर रहे हैं।
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बोले-कोई अपने आप हटकर जाना चाहता है तो जाए
कर्मचारियों को हटाने के सभी कयासों पर विराम लगाते हुए कैथल में प्रधान महंत कर्मजीत सिंह व पूर्व प्रधान बलजीत सिंह दादूवाल ने कहा कि गुरुद्वारों में कार्यरत किसी भी कर्मचारी को एचएसजीएमसी नहीं हटाएगी। यदि कोई खुद ही जाना चाहता है तो जा सकता है। प्रधान ने तो यहां तक स्पष्ट किया कि एसजीपीसी कीअपेक्षा एचएसजीएमसी सेवा कार्य में कार्यरत कर्मचारियों को हर संभव सुविधा प्रदान करेगी। सेवा के इस कार्य में सभी सहयोग करें।