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दशहरा पर किसानों ने कृषि कानूनों का किया विरोध
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भारतीय किसान यूनियन द्वारा आहूत दशहरा के दिन पीएम नरेंद्र मोदी के पुतला दहन कार्यक्रम से पहले ही भाकियू जिला अध्यक्ष होशियार गिल प्यौदा को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। दोपहर एक बजे तक सीआईए-2 में रखा । इसके बाद किसानों की मांग पर रिहा कर दिया गया। वहीं किसानों ने विक्रम कसाना की अगुवाई में सर छोटू राम चौक पर पीएम नरेंद्र मोदी का पुतला फूंक कर विरोध जताया। भाकियू ने कहा कि किसान आंदोलन सरकार के आगे नहीं झुकेगा और उनका विरोध जारी रहेगा।
सीआईए के हिरासत से रिहा होने के बाद होशियार सिंह ने कहा कि सुबह दर्जन भर पुलिस कर्मचारी आए उन्हें अपने साथ ले गए। एक बजे किसानों की मांग पर रिहा किया गया। उन्होंने कहा किसरकार इस तरह से किसानों की आवाज को दबा नहीं सकती। रिहा होने के बाद हनुमान वाटिका में पहुंचने पर होशियार का किसानों ने नारेबाजी के बीच स्वागत किया।
वहीं इससे पूर्व हनुमान वाटिका में एकत्रित किसानों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करनी शुरू कर दी। नारेबाजी को देखकर सिविल एसएचओ गुरविंद्र सिंह भारी पुलिस बल के साथ व नायब तहसीलदार ईश्वर सिंह मौके पर पहुंचे और किसानों को त्योहार पर पुतला फूंकने से मना किया। एसएचओ ने किसान नेता विक्रम कसाना को एकांत में ले जाकर धरना खत्म करने की बात कही। लेकिन किसान नेता ने कहा कि भाकियू आज पूरे देश में पीएम का पुतला फूंकेगी। इसके बाद किसानों ने एसएचओ को शांतिपूर्वक पुतला फूंकने का आश्वसन दिया। किसान हनुमान वाटिका से छोटू राम चौक तक नारेबाजी करते हुए पहुंचे। वहां पर पीएम नरेंद्र मोदी का पुतला फूंका। अध्यक्षता युवा प्रधान विक्रम कसाना कर रहे थे। किसान नेताओं ने कहा कि तीन कानून किसान विरोधी हैं। इससे किसान किसी भी कीमत पर सहन नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि नारायण गढ़ में सीएम ने झूठे केस किसानों पर दर्ज करवाएं है। सरकार ने 29 अक्टूबर तक वापस नहीं लिए तो एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा। किसानों को धान की कीमत नहीं मिल रही है। यूरिया खाद किसान कैसे खरीदे। इस मौके पर मनजीत करोड़ा, रणधीर, हरदीप, ओमप्रकाश, सुभाष, ईश्वर बलजीत, राफल, किताब सिंह व महेंद्र मौजूद थे।
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सीआईए के हिरासत से रिहा होने के बाद होशियार सिंह ने कहा कि सुबह दर्जन भर पुलिस कर्मचारी आए उन्हें अपने साथ ले गए। एक बजे किसानों की मांग पर रिहा किया गया। उन्होंने कहा किसरकार इस तरह से किसानों की आवाज को दबा नहीं सकती। रिहा होने के बाद हनुमान वाटिका में पहुंचने पर होशियार का किसानों ने नारेबाजी के बीच स्वागत किया।
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वहीं इससे पूर्व हनुमान वाटिका में एकत्रित किसानों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करनी शुरू कर दी। नारेबाजी को देखकर सिविल एसएचओ गुरविंद्र सिंह भारी पुलिस बल के साथ व नायब तहसीलदार ईश्वर सिंह मौके पर पहुंचे और किसानों को त्योहार पर पुतला फूंकने से मना किया। एसएचओ ने किसान नेता विक्रम कसाना को एकांत में ले जाकर धरना खत्म करने की बात कही। लेकिन किसान नेता ने कहा कि भाकियू आज पूरे देश में पीएम का पुतला फूंकेगी। इसके बाद किसानों ने एसएचओ को शांतिपूर्वक पुतला फूंकने का आश्वसन दिया। किसान हनुमान वाटिका से छोटू राम चौक तक नारेबाजी करते हुए पहुंचे। वहां पर पीएम नरेंद्र मोदी का पुतला फूंका। अध्यक्षता युवा प्रधान विक्रम कसाना कर रहे थे। किसान नेताओं ने कहा कि तीन कानून किसान विरोधी हैं। इससे किसान किसी भी कीमत पर सहन नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि नारायण गढ़ में सीएम ने झूठे केस किसानों पर दर्ज करवाएं है। सरकार ने 29 अक्टूबर तक वापस नहीं लिए तो एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा। किसानों को धान की कीमत नहीं मिल रही है। यूरिया खाद किसान कैसे खरीदे। इस मौके पर मनजीत करोड़ा, रणधीर, हरदीप, ओमप्रकाश, सुभाष, ईश्वर बलजीत, राफल, किताब सिंह व महेंद्र मौजूद थे।
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