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न्यूनतम समर्थन मूल्य ऊंट के मुंह में जीरे के सामान : माजरा
Sat, 31 May 2025 12:52 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sat, 31 May 2025 12:52 AM IST
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पाई। इनेलो पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष रामपाल माजरा ने सरकार की ओर से घोषित न्यूनतम समर्थन मूल्य को ऊंट के मुंह में जीरे के सामान बताया है। माजरा ने कहा कि यह मूल्य बहुत कम है। इससे किसान और अधिक कर्ज बंद हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि धान के समर्थन मूल्य में केवल 69 रुपये प्रति क्विंटल की वृद्धि की गई है, जो काफी कम है। उन्होंने कहा कि वैसे तो इस धान का न्यूनतम समर्थन 3000 रुपये प्रति क्विंटल होना चाहिए, परंतु सरकार ने काफी कम बढ़ोतरी करके किसानों के साथ ना-इंसाफी की है। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष बारीक धान में लगभग 1000 रुपये से भी अधिक की कमी आई थी, जिससे किसान कर्जदार हो गया है। बारीक धान का भी सरकार समर्थन मूल्य घोषित करे। संवाद
उन्होंने कहा कि धान के समर्थन मूल्य में केवल 69 रुपये प्रति क्विंटल की वृद्धि की गई है, जो काफी कम है। उन्होंने कहा कि वैसे तो इस धान का न्यूनतम समर्थन 3000 रुपये प्रति क्विंटल होना चाहिए, परंतु सरकार ने काफी कम बढ़ोतरी करके किसानों के साथ ना-इंसाफी की है। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष बारीक धान में लगभग 1000 रुपये से भी अधिक की कमी आई थी, जिससे किसान कर्जदार हो गया है। बारीक धान का भी सरकार समर्थन मूल्य घोषित करे। संवाद
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