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Kaithal News: गेहूं खरीद में कैथल पांचवें पायदान पर
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। मंडियों में गेहूं की खरीद पूरी हो चुकी है। आंकड़ों के मुताबिक, सिरसा में सबसे अधिक गेहूं की पैदावार हुई है, जबकि दूसरे नंबर पर करनाल और तीसरे पर जींद रहा है। पांचवें नंबर पर कैथल रहा है।
राज्य के 22 जिलों में कुल 7142308.77 मीट्रिक टन गेहूं की आवक हुई। वहीं कुल 6973245.78 मीट्रिक टन खरीद तथा 6955969.92 मीट्रिक टन उठान हुआ है। 10 अप्रैल से 22 मई तक मंडियों में हुई खरीद में सिरसा सबसे आगे है, जहां 851064.41 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई।
वहीं करनाल में कुल 772684.90 एमटी और जींद में 735355.06 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई। कैथल में 673540.38 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई है। उसका नंबर पांचवां रहा।
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यमुनानगर की बात करें तो यहां कुल 298967.50 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई है। ऐसे में यमुनानगर खरीद के मामले में प्रदेश में नौवें स्थान पर है। पिछले साल की अपेक्षा गेहूं का सीजन इस बार करीब 10 से 15 दिन लेट रहा। मुख्य कारण सर्दी का लंबे समय तक चलना रहा इसलिए गेहूं को पकने में भी काफी समय लगा।
वहीं यमुनानगर की बात करें तो पिछले साल 297928 मीट्रिक टन गेहूं का लक्ष्य था, जबकि इस बार करीब तीन लाख मीट्रिक टन था। यमुनानगर में 298967.50 मीट्रिक टन खरीद हो पाई जो कि पिछले साल के लगभग बराबर ही रही।
जिला
खरीद
प्रतिशत में उठान
सिरसा
851064.41
95.85
करनाल
772684.90
100.12
जींद
735355.06
97.45
फतेहाबाद
685662.63
93.71
कैथल
673540.38
99.84
कुरुक्षेत्र
569959.30
100.04
हिसार
498930.35
95.08
सोनीपत
410986.48
96.23
यमुनानगर
298967.50
99.81
रोहतक
294707.04
94.23
अंबाला
244962.35
99.97
भिवानी
130771.75
90.49
चरखी दादरी
34415.10
94.00
फरीदाबाद
96322.40
100.14
गुरुग्राम
46955.10
98.94
झज्जर
195765.05
94.11
महेंद्रगढ़
12735.30
95.55
मेवात
41806.40
99.94
पलवल
211794.28
99.85
पंचकूला
37733.35
93.90
पानीपत
269653.09
99.32
रेवाड़ी
27536.55
99.64
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कैथल। मंडियों में गेहूं की खरीद पूरी हो चुकी है। आंकड़ों के मुताबिक, सिरसा में सबसे अधिक गेहूं की पैदावार हुई है, जबकि दूसरे नंबर पर करनाल और तीसरे पर जींद रहा है। पांचवें नंबर पर कैथल रहा है।
राज्य के 22 जिलों में कुल 7142308.77 मीट्रिक टन गेहूं की आवक हुई। वहीं कुल 6973245.78 मीट्रिक टन खरीद तथा 6955969.92 मीट्रिक टन उठान हुआ है। 10 अप्रैल से 22 मई तक मंडियों में हुई खरीद में सिरसा सबसे आगे है, जहां 851064.41 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई।
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वहीं करनाल में कुल 772684.90 एमटी और जींद में 735355.06 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई। कैथल में 673540.38 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई है। उसका नंबर पांचवां रहा।
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यमुनानगर की बात करें तो यहां कुल 298967.50 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई है। ऐसे में यमुनानगर खरीद के मामले में प्रदेश में नौवें स्थान पर है। पिछले साल की अपेक्षा गेहूं का सीजन इस बार करीब 10 से 15 दिन लेट रहा। मुख्य कारण सर्दी का लंबे समय तक चलना रहा इसलिए गेहूं को पकने में भी काफी समय लगा।
वहीं यमुनानगर की बात करें तो पिछले साल 297928 मीट्रिक टन गेहूं का लक्ष्य था, जबकि इस बार करीब तीन लाख मीट्रिक टन था। यमुनानगर में 298967.50 मीट्रिक टन खरीद हो पाई जो कि पिछले साल के लगभग बराबर ही रही।
जिला
खरीद
प्रतिशत में उठान
सिरसा
851064.41
95.85
करनाल
772684.90
100.12
जींद
735355.06
97.45
फतेहाबाद
685662.63
93.71
कैथल
673540.38
99.84
कुरुक्षेत्र
569959.30
100.04
हिसार
498930.35
95.08
सोनीपत
410986.48
96.23
यमुनानगर
298967.50
99.81
रोहतक
294707.04
94.23
अंबाला
244962.35
99.97
भिवानी
130771.75
90.49
चरखी दादरी
34415.10
94.00
फरीदाबाद
96322.40
100.14
गुरुग्राम
46955.10
98.94
झज्जर
195765.05
94.11
महेंद्रगढ़
12735.30
95.55
मेवात
41806.40
99.94
पलवल
211794.28
99.85
पंचकूला
37733.35
93.90
पानीपत
269653.09
99.32
रेवाड़ी
27536.55
99.64
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