फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   Kaithal Court unites couple living separately for six years

Kaithal: चार घंटे की बातचीत में पिघली रिश्तों पर जमी बर्फ, छह साल से अलग रह रहे दंपती को न्यायालय ने किया एक

Thu, 16 Feb 2023 08:54 AM IST
भूपेंद्र सिंह नसीब सैनी, संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल (हरियाणा)
नसीब सैनी, संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल (हरियाणा) Published by: भूपेंद्र सिंह Updated Thu, 16 Feb 2023 08:54 AM IST
सार

पति-पत्नी करीब छह साल से अलग रह रहे थे। लेकिन, न्यायाधीश की सलाह ने 12 साल पुराने विवाह को बचा लिया। दिल से जुड़े रहे छह साल से अलग रह रहे पति पत्नी को न्यायालय ने एक कर दिया। दोनों के आपस में  तीन केस चल रहे थे। दोनों ने तलाक, दहेज, क्षतिपूर्ति के केस वापस लेने का फैसला लिया। 

विज्ञापन
Kaithal Court unites couple living separately for six years
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

छह साल से अलग रह रहे पत्नी के रिश्तों में जमी बर्फ प्रधान कुटुंब न्यायाधीश की अदालत में बुधवार को पिघली। नतीजा... दोनों ने एक-दूसरे के साथ फिर से रहने का न सिर्फ फैसला कर लिया बल्कि आपस में दायर सभी केसों को वापस लेने का निर्णय भी कर लिया। न्यायालय ने दोनों को एक साथ रहने के लिए कई बार अवसर दिए। कई बार पेशियां लगाईं। अंतत: बुधवार को चार घंटे तक लगातार बातचीत के बाद दोनों साथ रहने को राजी हो गए।

विज्ञापन


दरअसल हरियाणा के कैथल निवासी युवक और करनाल निवासी युवती का वर्ष 2011 में विवाह हुआ था। दोनों वर्ष 2017 तक एक साथ रहे लेकिन इसी बीच विभिन्न पारिवारिक कारणों से दोनों के बीच दूरियां इतनी बढ़ गईं कि 2017 में युवक ने कैथल में प्रधान कुटुंब न्यायाधीश डा. गगनदीप कौर सिंह की अदालत में तलाक का केस दायर कर दिया।
विज्ञापन


इस बीच युवती ने भी करनाल में दहेज एवं गुजारे भत्ते के केस दायर किए। नतीजा.. दोनों के रिश्ते बिगड़ते चले गए। छह साल से दोनों अलग-अलग रह रहे थे। विद्वान न्यायाधीश ने दोनों को अलग-अलग रहते हुए भी दिल से आपस में जुड़े होने को महसूस किया तो दोनों के वकीलों की मदद से उन्हें कई बार समझाया। सोमवार को भी चार घंटे तक दोनों के वकील कर्ण कालड़ा एवं मनीष सीकरी के सहयोग से दोनों ने चार घंटे तक बातचीत की।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसके साथ न्यायाधीश ने विशेष समय देते हुए दोनों को अलग-अलग होने से होने वाली परेशानियों, परिवार के टूटने के कारण होने वाली दिक्कतों के बारे में बताया। साथ ही छोटे-मोटे मनमुटाव को आपसी बातचीत से खत्म कर एक साथ रहने के लिए प्रेरित किया। लगातार हुई बातचीत से दोनों के आपसी गिले-शिकवे खत्म हो गए और दोनों ने एक साथ रहने का फैसला कर लिया। इस तरह से छह साल से अलग-अलग रह रहे दोनों पति-पत्नी ने एक साथ रहकर अपना घर बसाने का फैसला कर लिया।

न्यायाधीश डा. गगनदीप कौर सिंह ने फैसले में कहा कि आपसी मनमुटाव कई बार इतना बढ़ जाता है कि परिवार टूटने के कगार पर आ जाते हैं। यदि इन मनमुटाव को आपस में ही निपटा लें तो घर टूटने से बच सकते हैं। इसी में परिवार की भलाई होती है। दोनों ने इस बात को समझा, जो दोनों के लिए अच्छी बात है।


पूछने पर अधिवक्ता कर्ण कालड़ा ने कहा कि वर्ष 2017 से दोनों पति-पत्नी अलग थे। माननीय न्यायालय की काउंसलिंग के बाद दोनों ने एक साथ रहने का फैसला लिया है। इसके तहत युवक ने तलाक का केस वापस लेने पर सहमति दी है। साथ ही युवती ने भी दहेज एवं गुजारे भत्ते के केस को वापस लेने पर सहमति दी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed