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नहीं हुई सफाई तो खुद नालियों में उतरे ग्रामीण
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21-पाई। कईं दिनो से गलियों की बंद नालियों की स्वयं सफाई करते हुए ग्रामीण।
- फोटो : Kaithal
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पाई। पाई में गलियों, नालियों तथा नालों की सफाई न होने के कारण परेशान ग्रामीणों ने खुद ही सफाई का बीड़ा उठा लिया। बदबू से परेशान होकर नालियां साफ करने के लिए वे खुद गंदगी में उतरकर सफाई के लिए जुट गए। अपने हाथों से गंदगी को साफ कर व्यवस्था को आईना दिखाया।
ग्रामीण महावीर, डीसी, राजेंद्र, दिलबाग व संजय ने बताया कि पाई में जहां गलियों का बुरा हाल है, वहीं नालियां व नाले भी गंदी से अटे पड़े हैं। नाले बंद होने से घरों का गंदा पानी गलियों में फैल जाता है। गांव में सफाई कर्मचारियों की संख्या कम है। नालों की सफाई न करने के कारण नाले बंद हो गए हैं। बारिश के समय गलियां तालाब का रूप धारण कर लेती हैं। अब इन नालों के पास से लोगों का निकलना बदबू के चलते दूभर हो गया है। लोगों को बीमारी फैलने का डर भी सताने लग गया है।
उन्होंने बताया कि वैसे तो सरकार स्वच्छ भारत के दावे करती हैं, लेकिन वही दावे फैल होते हुए नजर आ रहे हैं। इससे तंग आकर ग्रामीणों ने खुद ही मिलकर गंदे नालों में घुसकर गंदगी को बाहर निकालना शुरू कर दिया है। उन्होंने बताया कि सफाई कर्मचारियों ने काम में लापरवाही की तो हमने तय किया कि सभी मिलकर गंदगी को साफ करेंगे। सफाई से ही हम बीमारियों से बच सकते हैं। उन्होंने बताया कि कई बार ग्रामीण मौजूदा विधायक से भी मिल चुके हैं, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ। अंतत: हमने एक-दूसरे का सहयोग करने का निर्णय लिया और खुद ही पहल करते हुए नालियां साफ करने के लिए गंदगी में उतर गए।
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ग्रामीण महावीर, डीसी, राजेंद्र, दिलबाग व संजय ने बताया कि पाई में जहां गलियों का बुरा हाल है, वहीं नालियां व नाले भी गंदी से अटे पड़े हैं। नाले बंद होने से घरों का गंदा पानी गलियों में फैल जाता है। गांव में सफाई कर्मचारियों की संख्या कम है। नालों की सफाई न करने के कारण नाले बंद हो गए हैं। बारिश के समय गलियां तालाब का रूप धारण कर लेती हैं। अब इन नालों के पास से लोगों का निकलना बदबू के चलते दूभर हो गया है। लोगों को बीमारी फैलने का डर भी सताने लग गया है।
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उन्होंने बताया कि वैसे तो सरकार स्वच्छ भारत के दावे करती हैं, लेकिन वही दावे फैल होते हुए नजर आ रहे हैं। इससे तंग आकर ग्रामीणों ने खुद ही मिलकर गंदे नालों में घुसकर गंदगी को बाहर निकालना शुरू कर दिया है। उन्होंने बताया कि सफाई कर्मचारियों ने काम में लापरवाही की तो हमने तय किया कि सभी मिलकर गंदगी को साफ करेंगे। सफाई से ही हम बीमारियों से बच सकते हैं। उन्होंने बताया कि कई बार ग्रामीण मौजूदा विधायक से भी मिल चुके हैं, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ। अंतत: हमने एक-दूसरे का सहयोग करने का निर्णय लिया और खुद ही पहल करते हुए नालियां साफ करने के लिए गंदगी में उतर गए।
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