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Kaithal News: जिला अस्पताल को ढाई साल बाद अनुबंध पर मिला बेहोशी का डॉक्टर
Fri, 29 Sep 2023 12:45 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 29 Sep 2023 12:45 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिला नागरिक अस्पताल में ऑपरेशन करवाने वाले मरीजों के लिए राहत भरा समाचार है। अब सामान्य अस्पताल में करीब ढाई साल बाद अनुबंध के तहत बेहोशी का डॉक्टर मिल गया है। इसलिए अब जरूरतमंद लोगों को सामान्य अस्पताल में बाहर से डॉक्टर बुलाने पर होने वाला खर्च नहीं वहन करना पड़ेगा। अस्पताल में डॉ. मीतू जिंदल ने नियुक्ति ली है। उनकी नियुक्ति एनएचएम के तहत हुई है। बेहोशी का डॉक्टर इससे पहले बेहोशी का डॉक्टर न होने के चलते दो हजार रुपये खर्च करने पड़ते थे। अब लोगों इस खर्च से राहत मिलेगी। वर्ष 2021 से पहले जिला नागरिक अस्पताल में डॉ. ओमप्रकाश बेहोशी के डॉक्टर के रूप में कार्यरत थे, लेकिन कोरोना महामारी आने के तीन माह बाद ही वे सेवानिवृत्त हो गए थे। उनकी सेवानिवृत्ति के बाद से सामान्य अस्पताल में कोई भी बेहोशी का डॉक्टर नहीं आया।
अस्पताल में प्रतिदिन होते हैं 10 से अधिक ऑपरेशन ः स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के तहत जिला नागरिक अस्पताल में प्रतिदिन 10 से अधिक ऑपरेशन होते हैं। इसमें सर्जरी से लेकर गर्भवती महिलाओं की डिलीवरी तक ऑपरेशन शामिल हैं। हालांकि अब बेहोशी का डॉक्टर मिलने के बाद अस्पताल में ऑपरेशन के लिए पहुंचने वाले लोगों के लिए राहत मिलेगी।
एनएचएम के तहत जिला नागरिक अस्पताल में अनुबंध के तहत डॉ. मीतू जिंदल ने अपनी नियुक्ति ले ली है। उन्होंने अब अपना कार्यभार भी संभाल लिया है। अब अस्पताल में ऑपरेशन के लिए पहुंचने वाले मरीजों को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। -डॉ. रेनू चावला, सिविल सर्जन
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कैथल। जिला नागरिक अस्पताल में ऑपरेशन करवाने वाले मरीजों के लिए राहत भरा समाचार है। अब सामान्य अस्पताल में करीब ढाई साल बाद अनुबंध के तहत बेहोशी का डॉक्टर मिल गया है। इसलिए अब जरूरतमंद लोगों को सामान्य अस्पताल में बाहर से डॉक्टर बुलाने पर होने वाला खर्च नहीं वहन करना पड़ेगा। अस्पताल में डॉ. मीतू जिंदल ने नियुक्ति ली है। उनकी नियुक्ति एनएचएम के तहत हुई है। बेहोशी का डॉक्टर इससे पहले बेहोशी का डॉक्टर न होने के चलते दो हजार रुपये खर्च करने पड़ते थे। अब लोगों इस खर्च से राहत मिलेगी। वर्ष 2021 से पहले जिला नागरिक अस्पताल में डॉ. ओमप्रकाश बेहोशी के डॉक्टर के रूप में कार्यरत थे, लेकिन कोरोना महामारी आने के तीन माह बाद ही वे सेवानिवृत्त हो गए थे। उनकी सेवानिवृत्ति के बाद से सामान्य अस्पताल में कोई भी बेहोशी का डॉक्टर नहीं आया।
अस्पताल में प्रतिदिन होते हैं 10 से अधिक ऑपरेशन ः स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के तहत जिला नागरिक अस्पताल में प्रतिदिन 10 से अधिक ऑपरेशन होते हैं। इसमें सर्जरी से लेकर गर्भवती महिलाओं की डिलीवरी तक ऑपरेशन शामिल हैं। हालांकि अब बेहोशी का डॉक्टर मिलने के बाद अस्पताल में ऑपरेशन के लिए पहुंचने वाले लोगों के लिए राहत मिलेगी।
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एनएचएम के तहत जिला नागरिक अस्पताल में अनुबंध के तहत डॉ. मीतू जिंदल ने अपनी नियुक्ति ले ली है। उन्होंने अब अपना कार्यभार भी संभाल लिया है। अब अस्पताल में ऑपरेशन के लिए पहुंचने वाले मरीजों को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। -डॉ. रेनू चावला, सिविल सर्जन
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