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Kaithal News: नहीं मिला उपचार, भटके मरीज
Tue, 02 Jul 2024 06:21 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Tue, 02 Jul 2024 06:21 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। आयुष्मान योजना के तहत सरकार की ओर से बकाया राशि न देने के विरोध में सोमवार से निजी अस्पतालों ने शुरू की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की। हड़ताल के दौरान इलाज न मिलने पर लाभार्थियों को दर-दर की ठोकरे खानी पड़ी। वहीं, पैनल के अस्पताल संचालकों ने आयुष्मान योजना का पोर्टल बंद होने का बहाना बनाया। इस दौरान संचालकों ने ऑपरेशन बंद रखे।
गौरतलब है कि इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की कार्यकारिणी के आह्वान पर निजी अस्पताल संचालकों ने यह हड़ताल शुरू की है। इस समय जिले में आयुष्मान योजना के तहत निजी अस्पतालों का 16 करोड़ रुपये बकाया है। आईएमए के जिला प्रधान बीबी मक्कड़ ने बताया कि पिछले लंबे समय से आयुष्मान योजना के तहत जिले के 12 अस्पताल पैनल पर हैं। इन अस्पतालों में मरीजों का इलाज होता है। इसमें करीब 16 करोड़ रुपये की राशि छह माह से अटकी हुई है।
उनका कहना है कि इस राशि का भुगतान संबंधित विभाग की ओर से पिछले करीब छह महीने से नहीं किया गया है। इससे निजी अस्पताल संचालकों ने रोष है। इसलिए उन्होंने सोमवार से हड़ताल शुरू कर दी है। यदि सरकार ने भुगतान पर जल्द कोई फैसला नहीं लिया तो आईएमए प्रदेश स्तर पर बड़ा आंदोलन करने के लिए मजबूर होगी।
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भटके मरीज ः एक निजी अस्पताल में आयुष्मान योजना के तहत ऑपरेशन करवाने के लिए पहुंचे रवि कुमार ने बताया कि वह सोमवार को अपने बड़े भाई अमन की टांग का ऑपरेशन करवाने के लिए आया था। उनके परिवार के सभी सदस्यों के आयुष्मान कार्ड बने हैं। ऐसे में इस योजना के अधीन आते हैं, लेकिन यहां पर संचालकों ने योजना का पोर्टल बंद होने की जानकारी दी है और कहा है कि वे अगले दो से तीन दिन बाद आएं। इसके बाद ही उनका ऑपरेशन हो पाएगा।
इसी प्रकार से एक बड़े निजी अस्पताल में पहुंचे शहर निवासी सुनील कुमार ने बताया कि उसे पत्थरी की बीमारी है। इस बीमारी के तहत उसने ऑपरेशन करवाना और उसका आयुष्मान कार्ड बना है। यहां पर निजी अस्पताल संचालक ने हड़ताल का हवाला दिया है। इसलिए अभी ऑपरेशन नहीं होगा। कहा कि यदि अभी ऑपरेशन करवाना है तो इसके लिए नकद रुपये देने होंगे।
जिले में स्वास्थ्य विभाग की ओर से आयुष्मान योजना के तहत पांच लाख 67 हजार 855 कार्ड बने हुए हैं। ये कार्ड आयुष्मान योजना के तहत आयुष्मान और चिरायु के तहत है। इतने लोग स्वास्थ्य संबंधी सेवाएं निशुल्क ऑपरेशन की सुविधा के तहत ले सकते हैं।
पैनल के अस्पताल
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शाह मल्टी स्पेशलिस्ट अस्पताल
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जयपुर अस्पताल
n
जयप्रकाश अस्पताल
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जैन अस्पताल
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कंसल अस्पताल
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बालाजी अस्पताल
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जनता अस्पताल
n मित्तल अस्पताल
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देव नर्सिंग होम
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जिंदल हड्डियों का अस्पताल
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आशीर्वाद अस्पताल
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ओम अस्पताल पूंडरी
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कीर्ति अस्पताल
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सूद अस्पताल
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गुप्ता आई अस्पताल
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लाइफ केयर अस्पताल
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कैथल। आयुष्मान योजना के तहत सरकार की ओर से बकाया राशि न देने के विरोध में सोमवार से निजी अस्पतालों ने शुरू की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की। हड़ताल के दौरान इलाज न मिलने पर लाभार्थियों को दर-दर की ठोकरे खानी पड़ी। वहीं, पैनल के अस्पताल संचालकों ने आयुष्मान योजना का पोर्टल बंद होने का बहाना बनाया। इस दौरान संचालकों ने ऑपरेशन बंद रखे।
गौरतलब है कि इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की कार्यकारिणी के आह्वान पर निजी अस्पताल संचालकों ने यह हड़ताल शुरू की है। इस समय जिले में आयुष्मान योजना के तहत निजी अस्पतालों का 16 करोड़ रुपये बकाया है। आईएमए के जिला प्रधान बीबी मक्कड़ ने बताया कि पिछले लंबे समय से आयुष्मान योजना के तहत जिले के 12 अस्पताल पैनल पर हैं। इन अस्पतालों में मरीजों का इलाज होता है। इसमें करीब 16 करोड़ रुपये की राशि छह माह से अटकी हुई है।
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उनका कहना है कि इस राशि का भुगतान संबंधित विभाग की ओर से पिछले करीब छह महीने से नहीं किया गया है। इससे निजी अस्पताल संचालकों ने रोष है। इसलिए उन्होंने सोमवार से हड़ताल शुरू कर दी है। यदि सरकार ने भुगतान पर जल्द कोई फैसला नहीं लिया तो आईएमए प्रदेश स्तर पर बड़ा आंदोलन करने के लिए मजबूर होगी।
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भटके मरीज ः एक निजी अस्पताल में आयुष्मान योजना के तहत ऑपरेशन करवाने के लिए पहुंचे रवि कुमार ने बताया कि वह सोमवार को अपने बड़े भाई अमन की टांग का ऑपरेशन करवाने के लिए आया था। उनके परिवार के सभी सदस्यों के आयुष्मान कार्ड बने हैं। ऐसे में इस योजना के अधीन आते हैं, लेकिन यहां पर संचालकों ने योजना का पोर्टल बंद होने की जानकारी दी है और कहा है कि वे अगले दो से तीन दिन बाद आएं। इसके बाद ही उनका ऑपरेशन हो पाएगा।
इसी प्रकार से एक बड़े निजी अस्पताल में पहुंचे शहर निवासी सुनील कुमार ने बताया कि उसे पत्थरी की बीमारी है। इस बीमारी के तहत उसने ऑपरेशन करवाना और उसका आयुष्मान कार्ड बना है। यहां पर निजी अस्पताल संचालक ने हड़ताल का हवाला दिया है। इसलिए अभी ऑपरेशन नहीं होगा। कहा कि यदि अभी ऑपरेशन करवाना है तो इसके लिए नकद रुपये देने होंगे।
जिले में स्वास्थ्य विभाग की ओर से आयुष्मान योजना के तहत पांच लाख 67 हजार 855 कार्ड बने हुए हैं। ये कार्ड आयुष्मान योजना के तहत आयुष्मान और चिरायु के तहत है। इतने लोग स्वास्थ्य संबंधी सेवाएं निशुल्क ऑपरेशन की सुविधा के तहत ले सकते हैं।
पैनल के अस्पताल
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शाह मल्टी स्पेशलिस्ट अस्पताल
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जयपुर अस्पताल
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जैन अस्पताल
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कंसल अस्पताल
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जनता अस्पताल
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देव नर्सिंग होम
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जिंदल हड्डियों का अस्पताल
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आशीर्वाद अस्पताल
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ओम अस्पताल पूंडरी
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लाइफ केयर अस्पताल