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Kaithal News: गोवंश ने बुजुर्ग महिला को पटका
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। शहर की सड़कों पर घूम रहे बेसहारा गोवंश आफत बन गए हैं। रक्षाबंधन के दिन सोमवार को अपराह्न करीब साढ़े तीन बजे नेहरू गार्डन कॉलोनी में 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला शशीकांता को एक गोवंश ने पटक कर घायल कर दिया। इससे उनके कूल्हे ही हड्डी टूट गई। महिला का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। उधर, स्थानीय लोगों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है।
गौरतलब है करीब एक सप्ताह पहले ही मूल रूप से बिहार निवासी प्रवासी मजदूर ललित को पटक कर गोवंश ने घायल कर दिया था। इसके बाद से ललित का पीजीआई चंडीगढ़ में इलाज चल रहा है। जीवन रक्षक दल के संरक्षक व समाजसेवी राजू डोहर ने बताया कि शहर में बेसहारा पशुओं के कारण लगातार हादसे हो रहे हैं।
इसके बावजूद प्रशासन गंभीर नहीं है और शहर में सैंकडों की संख्या में बेसहारा गोवंश सड़कों पर घूमते हैं। इसको लेकर सामाजिक संगठनों की ओर से लगातार आवाज उठाई। खून से लिखे हुए ज्ञापन भी दिए, लेकिन जिला प्रशासन की ओर से धरातल पर कोई काम नहीं किया गया। इस कारण शहर में यह समस्या कम होने की बजाय लगातार बढ़ रही है। समाजसेवी राजू डोहर ने बताया कि इस समय सड़कों पर करीब एक हजार बेसहारा गोवंश हैं। इन्हें गोशाला में भेजने को लेकर कोई प्रबंध नहीं किए गए हैं। जिला प्रशासन से मांग है कि जल्द ही इस समस्या का समाधान करवाया जाए।
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कैथल। शहर की सड़कों पर घूम रहे बेसहारा गोवंश आफत बन गए हैं। रक्षाबंधन के दिन सोमवार को अपराह्न करीब साढ़े तीन बजे नेहरू गार्डन कॉलोनी में 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला शशीकांता को एक गोवंश ने पटक कर घायल कर दिया। इससे उनके कूल्हे ही हड्डी टूट गई। महिला का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। उधर, स्थानीय लोगों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है।
गौरतलब है करीब एक सप्ताह पहले ही मूल रूप से बिहार निवासी प्रवासी मजदूर ललित को पटक कर गोवंश ने घायल कर दिया था। इसके बाद से ललित का पीजीआई चंडीगढ़ में इलाज चल रहा है। जीवन रक्षक दल के संरक्षक व समाजसेवी राजू डोहर ने बताया कि शहर में बेसहारा पशुओं के कारण लगातार हादसे हो रहे हैं।
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इसके बावजूद प्रशासन गंभीर नहीं है और शहर में सैंकडों की संख्या में बेसहारा गोवंश सड़कों पर घूमते हैं। इसको लेकर सामाजिक संगठनों की ओर से लगातार आवाज उठाई। खून से लिखे हुए ज्ञापन भी दिए, लेकिन जिला प्रशासन की ओर से धरातल पर कोई काम नहीं किया गया। इस कारण शहर में यह समस्या कम होने की बजाय लगातार बढ़ रही है। समाजसेवी राजू डोहर ने बताया कि इस समय सड़कों पर करीब एक हजार बेसहारा गोवंश हैं। इन्हें गोशाला में भेजने को लेकर कोई प्रबंध नहीं किए गए हैं। जिला प्रशासन से मांग है कि जल्द ही इस समस्या का समाधान करवाया जाए।
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