फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   Claims of respect for Captain Poonam till rhetoric

Kaithal News: बयानबाजी तक कैप्टन पूनम को सम्मान के दावे

Fri, 01 Mar 2024 01:00 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल Updated Fri, 01 Mar 2024 01:00 AM IST
विज्ञापन
Claims of respect for Captain Poonam till rhetoric
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

कलायत। गांव बालू की बलिदानी कैप्टन पूनम रानी के नाम से राजकीय महिला कॉलेज खोलने के मामले मेंं करीब तीन माह का समय बीत जाने के बाद भी अरमान अधूरे हैं। बलिदानी बेटी के परिवार, समाजसेवी संगठनोंं आदि का कहना है कि कैप्टन पूनम को सम्मान के दावे बयानबाजी तक ही सिमट कर रह गए।

ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों ने बलिदानी बेटी के अंतिम पड़ाव स्थल पर कॉलेज, स्वागत द्वार, पार्क व अन्य विकास कार्य पूरा करवाने की बात कही थी पर नतीजा सिफर है। दिसंबर में बालू गांव में शहीद कैप्टन को श्रद्धा सुमन अर्पित करने पहुंचे कैबिनेट मंत्री डॉ. बनवारी लाल के समक्ष ग्राम पंचायत, समाज सेवी संगठनोंं और आम लोगों ने राजकीय महिला कॉलेज का सम्मान देने की मांग की थी। उन्होंने राज्य मंत्री कमलेश ढांडा के साथ तालमेल कायम करते हुए इस मांग को पूरा करने का आश्वासन दिया था। ग्राम पंचायत जमीन उपलब्ध करवाने में सफल नहीं हो पा रही है।
विज्ञापन


कैप्टन पूनम रानी ने 10 दिसंबर 2023 को दिल्ली सैनिक अस्पताल में अंतिम सांस ली थी। परिजनों के अनुसार सेवा के दौरान अचानक तबीयत खराब हो गई थी। उसे तुरंत अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती किया गया। इस बीच उन्होंनेे दुनिया को अलविदा कर दिया। अंतिम यात्रा मेंं विभिन्न राजनीतिक, धार्मिक और सामाजिक संगठनों के साथ-साथ बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


बालू खाप प्रवक्ता प्रवीण राविश ने कहा कि बलिदानी कैप्टन पूनम रानी किसी एक परिवार की बेटी नहीं थी। उनके नाम से कॉलेज शुरू करने के प्रयास निरंतर जारी हैं।


पिता रामेश्वर फौजी ने कहा कि उनकी बेटी पूनम रानी हरियाणा की पहली शहीद कैप्टन हैं। वे सरकार व प्रशासन से अपने निजी परिवार के लिए कोई आर्थिक व अन्य मदद की मांग नहीं कर रहे। उनका सपना बेटी की याद में राजकीय मािहला कॉलेज शुरू करवाने का है, ताकि बहु-बेटियों को कॉलेज शिक्षा हासिल करने में कोई समस्या न आए। भावुक पिता ने कहा कि निश्चित रूप से पढ़ लिखकर बहु-बेटियां हर क्षेत्र मेंं अपनी कुशलता का आभास करवाएंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed