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Kaithal News: हांसी बुटाना नहर के साइफन पर भड़के चढ़ूनी

Thu, 11 Sep 2025 12:34 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल Updated Thu, 11 Sep 2025 12:34 AM IST
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Chadhuni got angry over the siphon of Hansi Butana Canal
36 गुहला-चीका: सरोला साइफन का निरीक्षण करते गुरनाम सिंह चढूनी व अन्य किसान। संवाद 
संवाद न्यूज एजेंसी
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गुहला-चीका। भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी ने बुधवार को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया और ग्रामीणों से हाल जाना। इस दौरान उन्होंने सरोला के पास घग्गर नदी पर बने हांसी बुटाना नहर के साइफन का निरीक्षण किया और पानी के प्रवाह का जायजा लिया।

चढूनी ने कहा कि घग्गर नदी पर बना यह साइफन किसी भी प्रकार से तर्कसंगत नहीं है। नहर में हमेशा सीमित पानी आता है, जबकि घग्गर जैसी बरसाती नदी में असीमित पानी आता है। साइफन पानी के प्राकृतिक बहाव में रुकावट पैदा करता है, जिससे ऊपरी क्षेत्रों में दबाव बढ़ता है और हरियाणा व पंजाब के लगभग 60 गांव बाढ़ की चपेट में आते हैं।
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उन्होंने बताया कि साइफन के कुल 48 दर्रे हैं, जिनमें से 40 बंद पड़े हैं और केवल आठ से पानी निकल पा रहा है। दर्रों की ऊंचाई 23 फीट रखी गई है, लेकिन उसमें 15 फीट में गाद और मिट्टी जमा होने के कारण केवल आठ फीट स्थान में से पानी गुजरता है। चढूनी ने आरोप लगाया कि सरकार ने पिछले साल सफाई के लिए 35 लाख का ठेका दिया था, लेकिन ठेकेदार ने मिट्टी निकालने की बजाय उसे बेच दिया और साइफन ज्यों के त्यों बंद रहे।
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गुरनाम सिंह चढूनी ने कहा कि साइफन के नीचे बनी दलदल में धंसने से दो बच्चों और कई पशुओं की मौत हो चुकी है, लेकिन प्रशासन ने ठेकेदार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। उन्होंने चेतावनी दी कि या तो सरकार स्वयं साइफन तोड़े और नहर को घग्गर के नीचे से गुजारे, या फिर हरियाणा व पंजाब के किसान इसे तोड़ने को मजबूर होंगे। इस पर होने वाली जिम्मेदारी सरकार की होगी।

चढूनी ने बाढ़ प्रभावित किसानों के लिए मुआवजे की मांग भी की और कहा कि सरकार को 50 हजार प्रति एकड़ मुआवजा देना चाहिए, ताकि कर्ज के बोझ तले दबे किसानों को राहत मिल सके।


इस मौके पर भाकियू युवा प्रदेशाध्यक्ष विक्रम कसाना, प्रदेश उपाध्यक्ष चमकौर बनेड़ा, सुभाष पुनिया, गुरनाम सिंह फरल, केवल सदरहेडी, जरनैल जैली, लखविंदर किंद्र और गुरजंट टटियाना आदि भी उपस्थित रहे।
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