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Kaithal News: साइबर ठगी होने पर 1930 पर करें कॉल
Wed, 04 Feb 2026 01:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Wed, 04 Feb 2026 01:16 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
राजौंद। राजकीय महाविद्यालय में स्टेट लीगल सर्विस अथॉरिटी, पंचकूला के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कैथल के तत्वाधान में एक विस्तार व्याख्यान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में साइबर क्राइम और डिजिटल सुरक्षा के अलावा बाल विवाह के नुकसान गिनाए गए। समझाया गया कि कम उम्र में शादी से लड़कियों का शारीरिक विकास रुक जाता है। नतीजा, जीवन भर लड़की को स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
कार्यक्रम में तीन मुख्य विषयों पर विशेषज्ञों ने व्याख्यान प्रस्तुत किए ः-
डिजिटल सुरक्षा : वकील जगजीत सिंह ने विद्यार्थियों को बताया कि डिजिटल दुनिया में डेटा शेयर करने से पहले सचेत रहना आवश्यक है। इसके लिए मोबाइल का सीमित और सुरक्षित उपयोग करना चाहिए।
बाल विवाह रोकथाम : अशोक कुमार, संयोजक बाल कल्याण समिति, ने कहा कि बाल विवाह गंभीर अपराध है, जो बच्चों के शिक्षा, स्वास्थ्य और सम्मान को नुकसान पहुंचाता है। उन्होंने बताया कि बाल विवाह की जानकारी मिलने पर तुरंत फोन नंबर 15100 पर सूचना दें।
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साइबर क्राइम जागरूकता : वीरेंद्र कुमार, साइबर क्राइम सेल, ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध से बचने के उपाय बताए। उन्होंने कहा कि मजबूत पासवर्ड, दो-स्तरीय प्रमाणीकरण और सुरक्षित ब्राउज़िंग महत्वपूर्ण हैं। साइबर फ्रॉड होने पर 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। प्राचार्य डॉ. रोहताश नैन ने कार्यक्रम में उपस्थित विशेषज्ञों और अन्य सदस्यों का आभार व्यक्त किया और बताया कि महाविद्यालय में आगे भी इस प्रकार की गतिविधियां आयोजित होती रहेंगी। मंच संचालन रवींद्र कुमार और प्रदीप ने किया।
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राजौंद। राजकीय महाविद्यालय में स्टेट लीगल सर्विस अथॉरिटी, पंचकूला के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कैथल के तत्वाधान में एक विस्तार व्याख्यान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में साइबर क्राइम और डिजिटल सुरक्षा के अलावा बाल विवाह के नुकसान गिनाए गए। समझाया गया कि कम उम्र में शादी से लड़कियों का शारीरिक विकास रुक जाता है। नतीजा, जीवन भर लड़की को स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
कार्यक्रम में तीन मुख्य विषयों पर विशेषज्ञों ने व्याख्यान प्रस्तुत किए ः-
डिजिटल सुरक्षा : वकील जगजीत सिंह ने विद्यार्थियों को बताया कि डिजिटल दुनिया में डेटा शेयर करने से पहले सचेत रहना आवश्यक है। इसके लिए मोबाइल का सीमित और सुरक्षित उपयोग करना चाहिए।
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बाल विवाह रोकथाम : अशोक कुमार, संयोजक बाल कल्याण समिति, ने कहा कि बाल विवाह गंभीर अपराध है, जो बच्चों के शिक्षा, स्वास्थ्य और सम्मान को नुकसान पहुंचाता है। उन्होंने बताया कि बाल विवाह की जानकारी मिलने पर तुरंत फोन नंबर 15100 पर सूचना दें।
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साइबर क्राइम जागरूकता : वीरेंद्र कुमार, साइबर क्राइम सेल, ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध से बचने के उपाय बताए। उन्होंने कहा कि मजबूत पासवर्ड, दो-स्तरीय प्रमाणीकरण और सुरक्षित ब्राउज़िंग महत्वपूर्ण हैं। साइबर फ्रॉड होने पर 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। प्राचार्य डॉ. रोहताश नैन ने कार्यक्रम में उपस्थित विशेषज्ञों और अन्य सदस्यों का आभार व्यक्त किया और बताया कि महाविद्यालय में आगे भी इस प्रकार की गतिविधियां आयोजित होती रहेंगी। मंच संचालन रवींद्र कुमार और प्रदीप ने किया।