{"_id":"5a6a1a094f1c1b8d268b65ff","slug":"141516902921-kaithal-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"चीका सिटी मॉल में स्थित थियेटर में नहीं चली फिल्म पद्मावत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चीका सिटी मॉल में स्थित थियेटर में नहीं चली फिल्म पद्मावत
Updated Thu, 25 Jan 2018 11:25 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चीका सिटी मॉल में स्थित थियेटर में नहीं चली फिल्म पद्मावत
अमर उजाला ब्यूरो
गुहला चीका। चीका शहर के एकमात्र सिटी स्टार मॉल में स्थित फिल्म थियेटर में पद्मावत फिल्म का शो नहीं दिखाया गया। हालांकि मॉल के मालिक पहले पद्मावत फिल्म चलाने के पक्ष में थे। परंतु जब प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था का हवाला दिया तो मॉल के मालिकों ने फिल्म का शो दिखाने का अपना फैसला बदल लिया। फिल्म को लेकर हालात सामान्य बनाए रखने के लिए गुहला प्रशासन ने हरियाणा पंजाब बार्डर पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हुए थे और मॉल में भी सुरक्षा उपलब्ध करवाई गई थी। थियेटर के मैनेजर सोनू जांगड़ा ने बताया कि वे किसी प्रकार का रिस्क लेने के मूड में नहीं हैं। जब उन्हें अपने थियेटर की सुरक्षा की पूरी गारंटी होगी और हर तरफ हालात सामन्य होंगे तभी वे फिल्म का शो दिखाएंगे। हालांकि फिल्म के विरोध में आज किसी भी संगठन या जाति के लोगों ने किसी भी प्रकार का विरोध नहीं किया।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
गुहला चीका। चीका शहर के एकमात्र सिटी स्टार मॉल में स्थित फिल्म थियेटर में पद्मावत फिल्म का शो नहीं दिखाया गया। हालांकि मॉल के मालिक पहले पद्मावत फिल्म चलाने के पक्ष में थे। परंतु जब प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था का हवाला दिया तो मॉल के मालिकों ने फिल्म का शो दिखाने का अपना फैसला बदल लिया। फिल्म को लेकर हालात सामान्य बनाए रखने के लिए गुहला प्रशासन ने हरियाणा पंजाब बार्डर पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हुए थे और मॉल में भी सुरक्षा उपलब्ध करवाई गई थी। थियेटर के मैनेजर सोनू जांगड़ा ने बताया कि वे किसी प्रकार का रिस्क लेने के मूड में नहीं हैं। जब उन्हें अपने थियेटर की सुरक्षा की पूरी गारंटी होगी और हर तरफ हालात सामन्य होंगे तभी वे फिल्म का शो दिखाएंगे। हालांकि फिल्म के विरोध में आज किसी भी संगठन या जाति के लोगों ने किसी भी प्रकार का विरोध नहीं किया।