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ई-ऑफिस प्रणाली में रूचि नहीं लेने वाले अधिकारियों के खिलाफ होगी कार्रवाई : नगराधीश
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जींद। सरकारी कार्यालयों के कार्यों को तेजी लाने के लिए शुरू की गई ई-ऑफिस प्रणाली में रूचि नहीं लेने वाले अधिकारियों पर अब कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए नगराधीश दर्शन यादव ने लघुसचिवालय में विभागाध्यक्षों के साथ मीटिंग की।
उन्होंने कहा कि अधिकारी सरकारी कार्यों में तेजी लाने के लिए ई-ऑफिस प्रणाली का प्रयोग करें। मंगलवार को लघुसचिवालय में हुई बैठक में नगराधीश दर्शन यादव ने कहा कि अगर किसी अधिकारी या कर्मचारी को ई-ऑफिस प्रणाली की जानकारी नहीं है, प्रशिक्षण प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए सभी एसडीएम कार्यालयों में जूनियर प्रोग्रामर कार्यरत हैं।
उन्होंने कहा कि ई-ऑफिस एक ऐसी प्रणाली है जिससे कार्य तेजी से पूर्ण होते है और रिकॉर्ड भी सुरक्षित रहता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि हर सप्ताह15-20 फाइल ई- ऑफिस के माध्यम से आगे बढ़ाएं। कम से कम दस नई फाईल अवश्य बनाना सुनिश्चित करें। यादव ने कहा कि कार्यालय की पुरानी फाइलों को भी ई- ऑफिस प्रणाली में बनाएं, ताकि रिकॉर्ड लंबे समय तक बना रहे। और फाइल गुम होने झंझट भी खत्म हो जाए।
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यह है ई-ऑफिस व्यवस्था
ई-ऑफिस व्यवस्था से कोई भी फाइल कंप्यूटर के माध्यम से ही आगे चलती है। इस पर संबंधित अधिकारी व कर्मचारी अपनी टिप्पणी के साथ इसे आगे बढ़ाता है। इससे फाइल जल्दी चलती है और एक क्लीक पर ही दूसरे अधिकारी या कर्मचारी के पास पहुंच जाती है। इसके अलावा यह भी रिकार्ड रहता है कि किसी अधिकारी ने कितने दिन या समय तक फाइल को रोका है।
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उन्होंने कहा कि अधिकारी सरकारी कार्यों में तेजी लाने के लिए ई-ऑफिस प्रणाली का प्रयोग करें। मंगलवार को लघुसचिवालय में हुई बैठक में नगराधीश दर्शन यादव ने कहा कि अगर किसी अधिकारी या कर्मचारी को ई-ऑफिस प्रणाली की जानकारी नहीं है, प्रशिक्षण प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए सभी एसडीएम कार्यालयों में जूनियर प्रोग्रामर कार्यरत हैं।
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उन्होंने कहा कि ई-ऑफिस एक ऐसी प्रणाली है जिससे कार्य तेजी से पूर्ण होते है और रिकॉर्ड भी सुरक्षित रहता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि हर सप्ताह15-20 फाइल ई- ऑफिस के माध्यम से आगे बढ़ाएं। कम से कम दस नई फाईल अवश्य बनाना सुनिश्चित करें। यादव ने कहा कि कार्यालय की पुरानी फाइलों को भी ई- ऑफिस प्रणाली में बनाएं, ताकि रिकॉर्ड लंबे समय तक बना रहे। और फाइल गुम होने झंझट भी खत्म हो जाए।
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यह है ई-ऑफिस व्यवस्था
ई-ऑफिस व्यवस्था से कोई भी फाइल कंप्यूटर के माध्यम से ही आगे चलती है। इस पर संबंधित अधिकारी व कर्मचारी अपनी टिप्पणी के साथ इसे आगे बढ़ाता है। इससे फाइल जल्दी चलती है और एक क्लीक पर ही दूसरे अधिकारी या कर्मचारी के पास पहुंच जाती है। इसके अलावा यह भी रिकार्ड रहता है कि किसी अधिकारी ने कितने दिन या समय तक फाइल को रोका है।