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Jind News: घरों तक स्वच्छ जल पहुंचाने के लिए आगे नहीं आ रही सहायता समूह की महिलाएं
Thu, 19 Jun 2025 11:49 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Thu, 19 Jun 2025 11:49 PM IST
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19जेएनडी 34: जनस्वास्थ्य विभाग कार्यालय का फोटो। संवाद
जींद। जल जीवन मिशन योजना के तहत हर घर में बेहतर पेयजल उपलब्ध करवाने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग ने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से आवेदन लगभग तीन महीने पहले मांगे थे। ताकि इन महिलाओं को ग्राम जल व सीवरेज समिति में शामिल किया जा सके, लेकिन इस कार्य में महिलाओं ने ज्यादा रुचि नहीं दिखाई।
इसके चलते अब तक 156 गांवों से ही स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने आवेदन किया है। जिले में 300 ग्राम पंचायतों में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से आवेदन मांगे गए थे, लेकिन अभी तक 144 गांवों से किसी भी स्वयं सहायता समूह की महिला ने आवेदन जमा नहीं करवाया।
इसके कारण जिले की यह योजना मुख्यालय स्तर पर ही अटकी हुई है। विभाग को महिलाओं के आवेदन का इंतजार बना हुआ है। इसके बाद यह योजना धरातल पर आएगी। महिलाओं को इस योजना के तहत विभाग बेहतर राशि देने को तैयार है। इसमें महिलाओं को कई तरह के काम करने होंगे। जिनके अलग-अलग रुपये दिए जाएंगे। इसमें गांव में सप्लाई होने वाले पेयजल में क्लोरिन की जांच करनी होगी।
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इसके लिए किट उपलब्ध करवाई जाएगी। प्रत्येक महिला को दिन में कम से कम तीन कनेक्शनों की जांच करनी होगी। प्रत्येक सेंपल के 10 रुपये स्वयं सहायता समूह की महिला को दिए जाएंगे।
इसके अतिरिक्त गांव में पेयजल सप्लाई के बिल एकत्रित करने पर 10 प्रतिशत राशि, नया कनेक्शन शुरू करने व कटवाने के 50-50 रुपये, लीकेज का पता लगाने और बंद करवाने के 50-50 रुपये, अवैध कनेक्शन का पता लगवाने और बंद करवाने के 50-50 रुपये, कमर्शियल कनेक्शन कटवाने व शुरू करवाने के 100-100 रुपये इन स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को दिए जाएंगे।
बाक्स
जिले के इन खंडों में नहीं आए आवेदन
खंड का नाम रिक्त गांवों की संख्या
जींद 25
जुलाना 09
नरवाना 21
पिल्लूखेड़ा 25
सफीदों 34
उचाना 22
उझाना 07
बाक्स
जिन गांवों से आवेदन नहीं मिले हैं। उन ग्राम पंचायतों से स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के आवेदनों की मांग की गई है, ताकि प्रत्येक गांव में बेहतर पेयजल उपलब्ध करवाया जा सके। अभी तक 156 गांवों से ही आवेदन आए हैं। सभी गांवों से ग्राम जल एवं सीवरेज समिति के लिए आवेदन मिलने पर कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।
-- रणधीर मताना, जिला सलाहकार जन स्वास्थ्य विभाग जींद।
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इसके चलते अब तक 156 गांवों से ही स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने आवेदन किया है। जिले में 300 ग्राम पंचायतों में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से आवेदन मांगे गए थे, लेकिन अभी तक 144 गांवों से किसी भी स्वयं सहायता समूह की महिला ने आवेदन जमा नहीं करवाया।
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इसके कारण जिले की यह योजना मुख्यालय स्तर पर ही अटकी हुई है। विभाग को महिलाओं के आवेदन का इंतजार बना हुआ है। इसके बाद यह योजना धरातल पर आएगी। महिलाओं को इस योजना के तहत विभाग बेहतर राशि देने को तैयार है। इसमें महिलाओं को कई तरह के काम करने होंगे। जिनके अलग-अलग रुपये दिए जाएंगे। इसमें गांव में सप्लाई होने वाले पेयजल में क्लोरिन की जांच करनी होगी।
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इसके लिए किट उपलब्ध करवाई जाएगी। प्रत्येक महिला को दिन में कम से कम तीन कनेक्शनों की जांच करनी होगी। प्रत्येक सेंपल के 10 रुपये स्वयं सहायता समूह की महिला को दिए जाएंगे।
इसके अतिरिक्त गांव में पेयजल सप्लाई के बिल एकत्रित करने पर 10 प्रतिशत राशि, नया कनेक्शन शुरू करने व कटवाने के 50-50 रुपये, लीकेज का पता लगाने और बंद करवाने के 50-50 रुपये, अवैध कनेक्शन का पता लगवाने और बंद करवाने के 50-50 रुपये, कमर्शियल कनेक्शन कटवाने व शुरू करवाने के 100-100 रुपये इन स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को दिए जाएंगे।
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जिले के इन खंडों में नहीं आए आवेदन
खंड का नाम रिक्त गांवों की संख्या
जींद 25
जुलाना 09
नरवाना 21
पिल्लूखेड़ा 25
सफीदों 34
उचाना 22
उझाना 07
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जिन गांवों से आवेदन नहीं मिले हैं। उन ग्राम पंचायतों से स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के आवेदनों की मांग की गई है, ताकि प्रत्येक गांव में बेहतर पेयजल उपलब्ध करवाया जा सके। अभी तक 156 गांवों से ही आवेदन आए हैं। सभी गांवों से ग्राम जल एवं सीवरेज समिति के लिए आवेदन मिलने पर कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।