{"_id":"6738eec7bcbf9220a5095714","slug":"preparation-to-make-the-city-divine-through-divya-nagar-yojana-file-returned-after-raising-objection-jind-news-c-199-1-sroh1007-125794-2024-11-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: दिव्य नगर योजना से शहर दिव्य बनाने की तैयारी, ऑब्जेक्शन लगाकर फाइल लौटाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: दिव्य नगर योजना से शहर दिव्य बनाने की तैयारी, ऑब्जेक्शन लगाकर फाइल लौटाई
Sun, 17 Nov 2024 12:43 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Sun, 17 Nov 2024 12:43 AM IST
विज्ञापन
16जेएनडी03 : सफीदों गेट पर खंडहर हुए नगर परिषद के भवन, जहां बनाया शोरूम। संवाद
जींद। नगर परिषद शहर को दिव्य बनाने के लिए दिव्य नगर योजना की फाइल को नगर निकाय मुख्यालय भेजी थी, मगर वह कुछ ऑब्जेक्शन के साथ वापस कर दी गई है। 20 करोड़ रुपये के इस प्रोजेक्ट के ऑब्जेक्शन को दूर करने के लिए नगर परिषद जुट गई है। जल्द ही ऑब्जेक्शन को दूर करके फाइल को दोबारा से स्वीकृति के लिए भेजा जाएगा। यदि फाइल पर मोहर लग गई तो फिर शहर के लिए योजना किसी वरदान से कम नहीं होगी। इससे शहर की काया पलट जाएगी।
ढाई लाख से ज्यादा की आबादी वाले जींद शहर को नगर परिषद प्रशासन दिव्य नगर योजना के तहत नया चेहरा प्रदान करना चाहती है। नागरिकों को कुछ नई सुविधा मुहैया करवाना चाहती है। दिव्य नगर योजना में सबसे बड़ा प्रोजेक्ट रानी तालाब के पास के ऐतिहासिक गुरुद्वारा तेग बहादुर सिंह के साथ खाली नगर परिषद की जमीन पर पार्किंग स्थल विकसित करना और यहां संडे बाजार के लिए जगह उपलब्ध करवाना है। इसमें लगभग 6 से सात फीट तक मिट्टी का भराव करवाया जाएगा।
नगर परिषद प्रशासन ने स्ट्रक्चर इंजीनियर को गुरुद्वारा के पास नगर परिषद की जमीन पर मिट्टी भरवाने से किसी तरह के साइड इफेक्ट की आशंका तो नहीं है, का पता लगाने के लिए कहा है। वहीं पुराने कचहरी रोड पर नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी के कई साल से वीरान पड़े आवास की जगह शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का निर्माण भी इस योजना के तहत करवाने का विचार है। लगभग 15 साल से ज्यादा समय से कार्यकारी अधिकारी आवास में कोई भी नहीं रह रहा है। यहां शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का निर्माण होने से नगर परिषद को करोड़ों रुपये की आमदनी होगी।
विज्ञापन
सफीदों गेट के पास बनेंगे शोरूम
सफीदों गेट के पास नगर परिषद का जो फायर स्टेशन है, वहां नगर परिषद की काफी जमीन खाली पड़ी है। जमीन की कीमत करोड़ों रुपये है। यहां एक खंडहर भवन भी है। इसके बेहतर इस्तेमाल के लिए नगर परिषद प्रशासन यहां शोरूम और टॉयलेट बनाना चाहता है। शोरूम बनाकर नगर परिषद प्रशासन किराये पर देगा।
लगभग 20 करोड़ रुपये की दिव्य नगर योजना को लेकर मुख्यालय ने कुछ ऑब्जेक्शन किए हैं। उनको दूर किया जा रहा है। जल्द ही ऑब्जेक्शन दूर करके फाइल को मंजूरी के लिए दोबारा से मुख्यालय भेजा जाएगा। -सतीश गर्ग, कार्यकारी अभियंता, नगर परिषद।
विज्ञापन
ढाई लाख से ज्यादा की आबादी वाले जींद शहर को नगर परिषद प्रशासन दिव्य नगर योजना के तहत नया चेहरा प्रदान करना चाहती है। नागरिकों को कुछ नई सुविधा मुहैया करवाना चाहती है। दिव्य नगर योजना में सबसे बड़ा प्रोजेक्ट रानी तालाब के पास के ऐतिहासिक गुरुद्वारा तेग बहादुर सिंह के साथ खाली नगर परिषद की जमीन पर पार्किंग स्थल विकसित करना और यहां संडे बाजार के लिए जगह उपलब्ध करवाना है। इसमें लगभग 6 से सात फीट तक मिट्टी का भराव करवाया जाएगा।
विज्ञापन
नगर परिषद प्रशासन ने स्ट्रक्चर इंजीनियर को गुरुद्वारा के पास नगर परिषद की जमीन पर मिट्टी भरवाने से किसी तरह के साइड इफेक्ट की आशंका तो नहीं है, का पता लगाने के लिए कहा है। वहीं पुराने कचहरी रोड पर नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी के कई साल से वीरान पड़े आवास की जगह शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का निर्माण भी इस योजना के तहत करवाने का विचार है। लगभग 15 साल से ज्यादा समय से कार्यकारी अधिकारी आवास में कोई भी नहीं रह रहा है। यहां शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का निर्माण होने से नगर परिषद को करोड़ों रुपये की आमदनी होगी।
विज्ञापन
सफीदों गेट के पास बनेंगे शोरूम
सफीदों गेट के पास नगर परिषद का जो फायर स्टेशन है, वहां नगर परिषद की काफी जमीन खाली पड़ी है। जमीन की कीमत करोड़ों रुपये है। यहां एक खंडहर भवन भी है। इसके बेहतर इस्तेमाल के लिए नगर परिषद प्रशासन यहां शोरूम और टॉयलेट बनाना चाहता है। शोरूम बनाकर नगर परिषद प्रशासन किराये पर देगा।
लगभग 20 करोड़ रुपये की दिव्य नगर योजना को लेकर मुख्यालय ने कुछ ऑब्जेक्शन किए हैं। उनको दूर किया जा रहा है। जल्द ही ऑब्जेक्शन दूर करके फाइल को मंजूरी के लिए दोबारा से मुख्यालय भेजा जाएगा। -सतीश गर्ग, कार्यकारी अभियंता, नगर परिषद।

16जेएनडी03 : सफीदों गेट पर खंडहर हुए नगर परिषद के भवन, जहां बनाया शोरूम। संवाद