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25 करोड़ से सुधरेगी जुलाना क्षेत्र की सिंचाई व्यवस्था
अमर उजाला ब्यूरो जींद
Updated Fri, 26 May 2017 11:42 PM IST
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अधिकारियों के साथ सिंचाई योजनाओं पर चर्चा करते विधायक परमेंद्र ढुल।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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लंबे समय से सिंचाई की अव्यवस्था को झेल रहे जुलाना के किसानों के लिए अच्छी खबर है। अब क्षेत्र की आठ माइनरों में सुधार कर टेल तक पानी पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। इसके लिए प्रदेश सरकार ने 25 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की है।
विधायक परमेंद्र सिंह ढुल के अनुसार जींद डिस्ट्रीब्यूटरी नंबर तीन पर आरडी नंबर 74800 से 128030 टेल तक 831.32 लाख रुपये तक मरम्मत की जाएगी।
बराड़खेड़ा माइनर एक एल का आरडी शून्य से 19000 टेल तक 186 लाख रुपये, बराड़खेड़ा माइनर का आरडी शून्य से 33451 टेल तक 387.60 लाख रुपये, चाबरी माइनर का आरडी शून्य से 24460 टेल तक 285 लाख रुपये, निडानी माइनर का आरडी शून्य से 13400 टेल तक 156 लाख रुपये, न्यू शामलो माइनर का शून्य से 16380 टेल तक 154.24 लाख रुपये, लुदाना माइनर का आरडी शून्य से 32950 टेल तक 364.53 लाख रूपये, ढिगाना माइनर का आरडी शून्य से 14000 टेल तक 124.51 लाख रुपये का प्रस्ताव तैयार कर इनकी राशि स्वीकृत की गई है। विधायक ढुल के अनुसार वे लंबे समय से सिंचाई की व्यवस्था सुधारने के लिए प्रयास कर रहे थे, अब उनके प्रयास रंग लाए हैं। उन्होंने कहा कि उनके सुझाए उपायों व ढांचे पर मुहर लगाते हुए सरकार ने 25 करोड़ की लागत से रजबाहों और माइनर का पुनर्निर्माण करने का निर्णय लिया है।
इसको लेकर सिंचाई विभाग के अधिकारी शनिवार को क्षेत्र का दौरा कर इन माइनरों की व्यवस्था और यहां सिंचाई की स्थिति जांचेंगे। विधायक ने कहा कि क्षेत्र का लगभग 70 फीसदी से ज्यादा हिस्सा आज भी पानी के अभाव में सूखा है। मुनक हैड पर आधारभूत संरचना की गड़बड़ी की वजह से इन दोनों ब्रांचों को 3000 क्यूसिक पानी कम मिल रहा है। उनका अगला प्रयास है की मुनक हैड को दोबारा दुरुस्त किया जाए ताकि बढ़ा हुआ पानी क्षेत्र को मिल सके।
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विधायक परमेंद्र सिंह ढुल के अनुसार जींद डिस्ट्रीब्यूटरी नंबर तीन पर आरडी नंबर 74800 से 128030 टेल तक 831.32 लाख रुपये तक मरम्मत की जाएगी।
बराड़खेड़ा माइनर एक एल का आरडी शून्य से 19000 टेल तक 186 लाख रुपये, बराड़खेड़ा माइनर का आरडी शून्य से 33451 टेल तक 387.60 लाख रुपये, चाबरी माइनर का आरडी शून्य से 24460 टेल तक 285 लाख रुपये, निडानी माइनर का आरडी शून्य से 13400 टेल तक 156 लाख रुपये, न्यू शामलो माइनर का शून्य से 16380 टेल तक 154.24 लाख रुपये, लुदाना माइनर का आरडी शून्य से 32950 टेल तक 364.53 लाख रूपये, ढिगाना माइनर का आरडी शून्य से 14000 टेल तक 124.51 लाख रुपये का प्रस्ताव तैयार कर इनकी राशि स्वीकृत की गई है। विधायक ढुल के अनुसार वे लंबे समय से सिंचाई की व्यवस्था सुधारने के लिए प्रयास कर रहे थे, अब उनके प्रयास रंग लाए हैं। उन्होंने कहा कि उनके सुझाए उपायों व ढांचे पर मुहर लगाते हुए सरकार ने 25 करोड़ की लागत से रजबाहों और माइनर का पुनर्निर्माण करने का निर्णय लिया है।
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इसको लेकर सिंचाई विभाग के अधिकारी शनिवार को क्षेत्र का दौरा कर इन माइनरों की व्यवस्था और यहां सिंचाई की स्थिति जांचेंगे। विधायक ने कहा कि क्षेत्र का लगभग 70 फीसदी से ज्यादा हिस्सा आज भी पानी के अभाव में सूखा है। मुनक हैड पर आधारभूत संरचना की गड़बड़ी की वजह से इन दोनों ब्रांचों को 3000 क्यूसिक पानी कम मिल रहा है। उनका अगला प्रयास है की मुनक हैड को दोबारा दुरुस्त किया जाए ताकि बढ़ा हुआ पानी क्षेत्र को मिल सके।
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