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Jhajjar-Bahadurgarh News: 1 मार्च से रमेश दलाल करेंगे आमरण अनशन सत्याग्रह
Thu, 29 Feb 2024 02:17 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
Updated Thu, 29 Feb 2024 02:17 AM IST
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बहादुरगढ़। किसान नेता रमेश दलाल ने कहा कि जाटों के साथ सभी सरकारों ने भेदभाव किया है। दिल्ली, हिमाचल, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश मध्य प्रदेश और बिहार में सिर्फ राज्यों की नौकरियों में आरक्षण जाटों को मिला हुआ है लेकिन हरियाणा में जाटों को आरक्षण नहीं है। इसके लिए वह 1 मार्च से अनशन सत्याग्रह केएमपी मांडोठी आसौदा टोल प्लाजा बहादुरगढ़ में करेंगे।
रमेश दलाल ने बताया कि आमरण अनशन आंदोलनकारी 12 राज्यों के जाटों को आरक्षण केंद्र की ओबीसी सूची में शामिल करवाने के लिए है। हमें जनता को असुविधा नहीं देनी और ना ही पुलिस फोर्स से टकराव करना है क्योंकि वह सभी हमारे अपने परिवार से हैं। सिर्फ गांधीवादी तरीके से आंदोलन चलाया जाएगा। इस प्रकार एक ठोस रणनीति तैयार कर ली गई हैं। समगोत्र विवाह को अवैध करवाने के साथ जाट, बिश्नोई, त्यागी, रोड, मुले जाट और सिख जाट को आरक्षण दिलवाने के लिए वे आमरण अनशन आरंभ कर रहे हैं। रमेश दलाल के अनुसार राजस्थान, हरियाणा और गुजरात के जमीन अधिग्रहण के मुद्दे भी उनके प्रमुख एजेंडे में शामिल है। उन्होंने कहा कि 24 फरवरी की सर्व जाति संसद ऐतिहासिक हुई थी जो एक भाईचारे की मिसाल के रूप में भविष्य में जानी जाएगी। इसमें लिए गए फैसले भी इतिहास के पन्नों में दर्ज होने का काम करेंगे।
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रमेश दलाल ने बताया कि आमरण अनशन आंदोलनकारी 12 राज्यों के जाटों को आरक्षण केंद्र की ओबीसी सूची में शामिल करवाने के लिए है। हमें जनता को असुविधा नहीं देनी और ना ही पुलिस फोर्स से टकराव करना है क्योंकि वह सभी हमारे अपने परिवार से हैं। सिर्फ गांधीवादी तरीके से आंदोलन चलाया जाएगा। इस प्रकार एक ठोस रणनीति तैयार कर ली गई हैं। समगोत्र विवाह को अवैध करवाने के साथ जाट, बिश्नोई, त्यागी, रोड, मुले जाट और सिख जाट को आरक्षण दिलवाने के लिए वे आमरण अनशन आरंभ कर रहे हैं। रमेश दलाल के अनुसार राजस्थान, हरियाणा और गुजरात के जमीन अधिग्रहण के मुद्दे भी उनके प्रमुख एजेंडे में शामिल है। उन्होंने कहा कि 24 फरवरी की सर्व जाति संसद ऐतिहासिक हुई थी जो एक भाईचारे की मिसाल के रूप में भविष्य में जानी जाएगी। इसमें लिए गए फैसले भी इतिहास के पन्नों में दर्ज होने का काम करेंगे।
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