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Jhajjar-Bahadurgarh News: फ्लैग मार्च निकाल किसानों से धान अवशेष न जलाने की अपील की
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संवाद न्यूज एजेंसी।नरवाना। प्रशासन ने किसानों को धान के अवशेष न जलाने की अपील करने को अनूठा प्रयास किया हैै। इसके लिए एसडीएम दलजीत सिंह ने कई गांवों में फ्लैग मार्च निकाला और किसानों से संवाद कर उनसे धान के अवशेष न जलाने की अपील की। किसानों से फसल अवशेष प्रबंधन करने का संदेश दिया। किसानों ने भी उन्हें सहयोग का भरोसा दिया।
एसडीएम ने अधिकारियों के काफिले के साथ अपने फ्लैग मार्च की गांव बद्दोवाल से शुरुआत की। उन्होंने गांव सच्चाखेड़ा, दनौदा, सैंथली, जाजनवाला, कलौदा कलां, कलौदा खुर्द, नेहरा, अमरगढ़, फुलियां कलां, फुलियां खुर्द, कान्हाखेड़ा, धरौदी में जाकर धान किसानों को पराली यानी धान अवशेष न जलाने बारे और कृषि संयंत्रों का उपयोग कर फसल अवशेषों का प्रबंध करने बारे जागरूक किया। एसडीएम दलजीत सिंह ने बताया कि अवशेष जलाना सामाजिक बुराई ही नहीं बल्कि कानूनी अपराध भी है और इससे प्रकृति, जमीन तथा मानव जीवन पर अत्यंत गंभीर व प्रतिकूल प्रभाव पड़ते हैं जिससे जमीन की उर्वरा शक्ति नष्ट होने के साथ-साथ प्राकृतिक प्रदूषण की वजह से मनुष्य भी अनेक जानलेवा बीमारियों का शिकार होता है लिहाजा फसल व नस्ल बचाने के लिए किसान पराली जलाने से बिल्कुल परहेज करें। उन्होंने यह भी कहा कि अवशेष प्रबंधन कर सभी किसान एक सभ्य नागरिक होने का भी परिचय दें और समाज के प्रति अपनी सकारात्मक जिम्मेदारी निभाएं। उन्होंने सभी ग्राम सचिव, पटवारी, चौकीदार, नंबरदार तथा सरपंचों को भी हिदायत दी कि वे अपने-अपने गांव में पराली न जलाने बारे प्रशासन के संदेश की बराबर मुनादी करवाते रहे। इस दौरान नेहरा गांव के खेत में धान के अवशेषों में लगाई आग को एसडीएम दलजीत सिंह ने फायर ब्रिगेड की गाड़ी की सहायता से बुझाया और किसान पर पांच हजार जुर्माना भी किया। इस दौरान कृषि विभाग के एसडीओ कृषि विभाग डॉ. बलजीत लाठर, नायब तहसीलदार सिराज खान, केंद्रीय प्रदूषण बोर्ड की अधिकारी जीज्ञासा सोनी, बीडीपीओ जितेंद्र चौहान, पुलिस प्रशासन, खंड कृषि अधिकारी सुरेंद्र सिंह व सुनील कुमार भी मौजूद रहे।
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एसडीएम ने अधिकारियों के काफिले के साथ अपने फ्लैग मार्च की गांव बद्दोवाल से शुरुआत की। उन्होंने गांव सच्चाखेड़ा, दनौदा, सैंथली, जाजनवाला, कलौदा कलां, कलौदा खुर्द, नेहरा, अमरगढ़, फुलियां कलां, फुलियां खुर्द, कान्हाखेड़ा, धरौदी में जाकर धान किसानों को पराली यानी धान अवशेष न जलाने बारे और कृषि संयंत्रों का उपयोग कर फसल अवशेषों का प्रबंध करने बारे जागरूक किया। एसडीएम दलजीत सिंह ने बताया कि अवशेष जलाना सामाजिक बुराई ही नहीं बल्कि कानूनी अपराध भी है और इससे प्रकृति, जमीन तथा मानव जीवन पर अत्यंत गंभीर व प्रतिकूल प्रभाव पड़ते हैं जिससे जमीन की उर्वरा शक्ति नष्ट होने के साथ-साथ प्राकृतिक प्रदूषण की वजह से मनुष्य भी अनेक जानलेवा बीमारियों का शिकार होता है लिहाजा फसल व नस्ल बचाने के लिए किसान पराली जलाने से बिल्कुल परहेज करें। उन्होंने यह भी कहा कि अवशेष प्रबंधन कर सभी किसान एक सभ्य नागरिक होने का भी परिचय दें और समाज के प्रति अपनी सकारात्मक जिम्मेदारी निभाएं। उन्होंने सभी ग्राम सचिव, पटवारी, चौकीदार, नंबरदार तथा सरपंचों को भी हिदायत दी कि वे अपने-अपने गांव में पराली न जलाने बारे प्रशासन के संदेश की बराबर मुनादी करवाते रहे। इस दौरान नेहरा गांव के खेत में धान के अवशेषों में लगाई आग को एसडीएम दलजीत सिंह ने फायर ब्रिगेड की गाड़ी की सहायता से बुझाया और किसान पर पांच हजार जुर्माना भी किया। इस दौरान कृषि विभाग के एसडीओ कृषि विभाग डॉ. बलजीत लाठर, नायब तहसीलदार सिराज खान, केंद्रीय प्रदूषण बोर्ड की अधिकारी जीज्ञासा सोनी, बीडीपीओ जितेंद्र चौहान, पुलिस प्रशासन, खंड कृषि अधिकारी सुरेंद्र सिंह व सुनील कुमार भी मौजूद रहे।
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