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Jhajjar-Bahadurgarh News: शुभ मुहूर्त 12 नवंबर को, बहादुरगढ़ में होंगी 100 से अधिक शादियां
Thu, 07 Nov 2024 01:03 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
Updated Thu, 07 Nov 2024 01:03 AM IST
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लाइनपार में राधे फार्म वाटिका को सजाते हुए कारीगर। संवाद
बहादुरगढ़। शादियों का सीजन देवउठनी एकादशी 12 नवंबर से शुरू हो रहा है। इसको लेकर बाजार सज चुके हैं। इस बार देवउठनी एकादशी पर सर्वार्थ सिद्धि योग भी लग रहा है। इस बार कार्तिक माह की एकादशी 11 नवंबर को शाम के 6 बजकर 46 बजे से लेकर 12 नवंबर को शाम 04 बजकर 04 बजे तक रहेगी। इस योग में भगवान विष्णु की पूजा करने से भी कार्यों में सफलता मिलती है। शादी के सीजन को लेकर बाजारों में भीड़ बढ़ने लगी है। होटल, वाटिकाओं को सजाने का काम शुरु हो गया है। 12 नवंबर को शहर और ग्रामीण क्षेत्र में 100 से अधिक शादियां होंगी। जबकि पूरे सीजन में 1200 से अधिक जोड़े वैवाहिक बंधन में बंधेेंगे।
देवउठनी एकादशी से शादियों का दौर शुरू हो जाता है। वाटिकाओं, मैरिज पैलेस, बैंक्वेट हॉल व होटलों में शादी समारोह को लेकर तैयारियां जोर शोर से की जा रही हैं। उन्हें आकर्षक लुक देने के लिए कारीगर लगे हुए हैं। वाटिकाओं को भी रंग-बिरंगे फूलों से सजाया जा रहा है। वाटिकाओं को भी नया लुक दिया जा रहा है ताकि ज्यादा से ज्यादा बुकिंग मिल सके। पंडित सियाराम ने बताया कि आषाढ़ में देवशयनी एकादशी से लेकर चातुर्मास तक देव शयन निद्रा में रहते हैं। इस अवधि के बाद कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को देव उठनी एकादशी कहा जाता है। देवउठनी एकादशी पर शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में अनेक जगह शादियां हैं। वाटिकाओं, बैंक्वेट हॉल, होटलों में शादी कराने को लेकर आयोजकों की ओर से कई माह पहले ही बुकिंग की गई थी।
इन दिनों में होंगी अधिक शादियां
देवोत्थान एकादशी से विवाह के साथ ही सभी मांगलिक कार्यों की शुरूआत हो जाएगी। नवंबर में 12, 16, 17, 18, 23, 24, 25, 27, 28, 29 और 30 को विवाह होंगे। दिसंबर में 2, 3, 4, 6, 7, 9, 10, 11, 12, 13, 14 व 15 तारीख को शुभ मुहूर्त हैं। वहीं जनवरी में 15, 16, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 26, 27 और फरवरी में 1, 2, 3, 4, 6, 7, 8, 12, 14, 15, 16, 17, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 25 और 26 को शुभ मुहूर्त हैं। मार्च में 1, 2, 3 और 6 तारीख को विवाह के शुभ मुहूर्त हैं।
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- पंडित सियाराम, शिव-हनुमान मंदिर काठमंडी पुजारी, बहादुरगढ़
एक भी तारीख खाली नहीं
शहर के प्रमुख विवाह स्थलों में सिर्फ शुभ मुहूर्त ही नहीं बल्कि उससे इतर भी कोई तारीख खाली नहीं है। जिन परिवारों को पंडित जी की बताई हुई तारीख पर भवन नहीं मिल पाते वे भवनों की खाली तारीख पर ही विवाह कराने को राजी हैं। यही कारण है कि शुभ मुहूर्त के अलावा अन्य तिथियों पर भी महाराजा अग्रसेन भवन, वाटिका और होटल जैसे विवाह स्थल में एक भी तिथि खाली नहीं है।
- सन्नी, वाटिका संचालक
फूल वालों ने भी की तैयारी
बहादुरगढ़ क्षेत्र में इस सीजन में मार्च 2025 तक 1200 से अधिक शादियां होंगी। फरवरी में अधिक मुहूर्त हैं। इसको लेकर शहर के फूल विक्रेताओं ने भी पूरी तैयारी कर ली है। गाड़ियां सजाने के साथ-साथ वाटिकाओं, कमरों और होटल को सजाने की बुकिंग ली जा रही है। लाल चौक पर फूल विक्रेता अशोक कुमार ने बताया कि इस बार सीजन बेहद अच्छा रहने की उम्मीद है। अभी से उनके पास बुकिंग फुल हो चुकी है। एक दिन में दो से तीन बुकिंग भी हैं। अन्य क्षेत्रों से भी कारीगरों को बुलाया गया है।
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देवउठनी एकादशी से शादियों का दौर शुरू हो जाता है। वाटिकाओं, मैरिज पैलेस, बैंक्वेट हॉल व होटलों में शादी समारोह को लेकर तैयारियां जोर शोर से की जा रही हैं। उन्हें आकर्षक लुक देने के लिए कारीगर लगे हुए हैं। वाटिकाओं को भी रंग-बिरंगे फूलों से सजाया जा रहा है। वाटिकाओं को भी नया लुक दिया जा रहा है ताकि ज्यादा से ज्यादा बुकिंग मिल सके। पंडित सियाराम ने बताया कि आषाढ़ में देवशयनी एकादशी से लेकर चातुर्मास तक देव शयन निद्रा में रहते हैं। इस अवधि के बाद कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को देव उठनी एकादशी कहा जाता है। देवउठनी एकादशी पर शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में अनेक जगह शादियां हैं। वाटिकाओं, बैंक्वेट हॉल, होटलों में शादी कराने को लेकर आयोजकों की ओर से कई माह पहले ही बुकिंग की गई थी।
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इन दिनों में होंगी अधिक शादियां
देवोत्थान एकादशी से विवाह के साथ ही सभी मांगलिक कार्यों की शुरूआत हो जाएगी। नवंबर में 12, 16, 17, 18, 23, 24, 25, 27, 28, 29 और 30 को विवाह होंगे। दिसंबर में 2, 3, 4, 6, 7, 9, 10, 11, 12, 13, 14 व 15 तारीख को शुभ मुहूर्त हैं। वहीं जनवरी में 15, 16, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 26, 27 और फरवरी में 1, 2, 3, 4, 6, 7, 8, 12, 14, 15, 16, 17, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 25 और 26 को शुभ मुहूर्त हैं। मार्च में 1, 2, 3 और 6 तारीख को विवाह के शुभ मुहूर्त हैं।
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- पंडित सियाराम, शिव-हनुमान मंदिर काठमंडी पुजारी, बहादुरगढ़
एक भी तारीख खाली नहीं
शहर के प्रमुख विवाह स्थलों में सिर्फ शुभ मुहूर्त ही नहीं बल्कि उससे इतर भी कोई तारीख खाली नहीं है। जिन परिवारों को पंडित जी की बताई हुई तारीख पर भवन नहीं मिल पाते वे भवनों की खाली तारीख पर ही विवाह कराने को राजी हैं। यही कारण है कि शुभ मुहूर्त के अलावा अन्य तिथियों पर भी महाराजा अग्रसेन भवन, वाटिका और होटल जैसे विवाह स्थल में एक भी तिथि खाली नहीं है।
- सन्नी, वाटिका संचालक
फूल वालों ने भी की तैयारी
बहादुरगढ़ क्षेत्र में इस सीजन में मार्च 2025 तक 1200 से अधिक शादियां होंगी। फरवरी में अधिक मुहूर्त हैं। इसको लेकर शहर के फूल विक्रेताओं ने भी पूरी तैयारी कर ली है। गाड़ियां सजाने के साथ-साथ वाटिकाओं, कमरों और होटल को सजाने की बुकिंग ली जा रही है। लाल चौक पर फूल विक्रेता अशोक कुमार ने बताया कि इस बार सीजन बेहद अच्छा रहने की उम्मीद है। अभी से उनके पास बुकिंग फुल हो चुकी है। एक दिन में दो से तीन बुकिंग भी हैं। अन्य क्षेत्रों से भी कारीगरों को बुलाया गया है।