{"_id":"67574873d5aab590680dea28","slug":"tired-of-losses-and-transactions-he-ended-his-life-by-hanging-himself-hisar-news-c-21-hsr1034-521539-2024-12-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hisar News: व्यापार में घाटे से परेशान कारोबारी ने फंदा लगा जीवनलीला समाप्त की","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hisar News: व्यापार में घाटे से परेशान कारोबारी ने फंदा लगा जीवनलीला समाप्त की
Tue, 10 Dec 2024 01:13 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Tue, 10 Dec 2024 01:13 AM IST
विज्ञापन
हांसी के मकान में घटनास्थल की जांच करते फोरेंसिक विशेषज्ञ।
हांसी (हिसार)। शहर की मुल्तान कॉलोनी में कारोबारी अरुण महता (30) ने व्यापार में घाटे और लेनदेन से तंग आकर घर में फंदा लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। मृतक के पास से पुलिस को दो पेज का सुसाइड नोट भी मिला है। पुलिस के मुताबिक सुसाइड नोट में चार युवकों को मौत का जिम्मेदार बताया गया है, जिनसे कारोबारी को रुपये लेने थे। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
अरुण महता कारोबार में हो रहे नुकसान व उधार के रुपये वापस न मिलने के कारण मानसिक रूप से परेशान था। अरुण की पुरानी सब्जी मंडी के समीप बालाजी टेलीकॉम के नाम से मोबाइल फोन की दुकान थी। उनके पिता सुभाष महता की तोशाम रोड पर चाय की दुकान है। सुबह साढ़े पांच बजे वह दुकान पर चले गए थे। अरुण की पत्नी रीना ने बताया कि वह सुबह दुकान पर नहीं गए। वह आराम करने की बात कहकर प्रथम तल पर बने कमरे में चले गए थे। दोपहर 12 बजे जब वह उन्हें उठाने के लिए गई, तो उसने देखा की अरुण ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी।
इस पर रीना ने अपने ससुर सुभाष महता को सूचना दी। आसपास के लोग भी मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया। वहीं, शव के पास से पुलिस को दो पेज का सुसाइड नोट मिला है, जिसमें चार युवकों को अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया है। इसमें से एक युवक उसकी दुकान पर काम करता था। अन्य तीन युवकों से रुपये का लेन-देन था। सुसाइड नोट के अनुसार यह चारों उसके रुपये वापस नहीं दे रहे थे। इसलिए वह परेशान था।
विज्ञापन
पुलिस ने मृतक के पिता सुभाष चंद्र की शिकायत पर निहार खुराना, रवि मलिक, नीरज आर्य व पारस पंडित के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पत्नी रीना के अनुसार अरुण अक्सर रुपये के लेनदेन को लेकर परेशान रहते थे। परेशानी के चलते वह कई बार खाना भी नहीं खाते थे। चारों युवक अक्सर उसे जान से मारने की धमकी भी देते थे। इस बारे में थाना शहर के एसएचओ सदानंद ने बताया कि अरुण के पिता की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया है। फॉरेंसिक टीम भी जांच कर रही है। मंगलवार को शव का पोस्टमार्टम होगा।
डेढ़ वर्ष पहले हुई थी शादी
मृतक अरुण अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। अरुण की बहन पानीपत में विवाहित है। उसकी मां का करीब तीन वर्ष पहले निधन हो गया था। अरुण ही घर को संभाले हुए था। करीब डेढ़ वर्ष पहले उसकी शादी हुई थी। सुसाइड के बाद से पिता व पत्नी का बुरा हाल है।
विज्ञापन
अरुण महता कारोबार में हो रहे नुकसान व उधार के रुपये वापस न मिलने के कारण मानसिक रूप से परेशान था। अरुण की पुरानी सब्जी मंडी के समीप बालाजी टेलीकॉम के नाम से मोबाइल फोन की दुकान थी। उनके पिता सुभाष महता की तोशाम रोड पर चाय की दुकान है। सुबह साढ़े पांच बजे वह दुकान पर चले गए थे। अरुण की पत्नी रीना ने बताया कि वह सुबह दुकान पर नहीं गए। वह आराम करने की बात कहकर प्रथम तल पर बने कमरे में चले गए थे। दोपहर 12 बजे जब वह उन्हें उठाने के लिए गई, तो उसने देखा की अरुण ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी।
विज्ञापन
इस पर रीना ने अपने ससुर सुभाष महता को सूचना दी। आसपास के लोग भी मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया। वहीं, शव के पास से पुलिस को दो पेज का सुसाइड नोट मिला है, जिसमें चार युवकों को अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया है। इसमें से एक युवक उसकी दुकान पर काम करता था। अन्य तीन युवकों से रुपये का लेन-देन था। सुसाइड नोट के अनुसार यह चारों उसके रुपये वापस नहीं दे रहे थे। इसलिए वह परेशान था।
विज्ञापन
पुलिस ने मृतक के पिता सुभाष चंद्र की शिकायत पर निहार खुराना, रवि मलिक, नीरज आर्य व पारस पंडित के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पत्नी रीना के अनुसार अरुण अक्सर रुपये के लेनदेन को लेकर परेशान रहते थे। परेशानी के चलते वह कई बार खाना भी नहीं खाते थे। चारों युवक अक्सर उसे जान से मारने की धमकी भी देते थे। इस बारे में थाना शहर के एसएचओ सदानंद ने बताया कि अरुण के पिता की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया है। फॉरेंसिक टीम भी जांच कर रही है। मंगलवार को शव का पोस्टमार्टम होगा।
डेढ़ वर्ष पहले हुई थी शादी
मृतक अरुण अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। अरुण की बहन पानीपत में विवाहित है। उसकी मां का करीब तीन वर्ष पहले निधन हो गया था। अरुण ही घर को संभाले हुए था। करीब डेढ़ वर्ष पहले उसकी शादी हुई थी। सुसाइड के बाद से पिता व पत्नी का बुरा हाल है।