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हरियाणा विस चुनावः जिंदल परिवार के अलावा हिसार सीट से लगातार दो बार नहीं जीत सका कोई
Fri, 11 Oct 2019 01:36 PM IST
रोहतक ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हिसार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हिसार
Published by: रोहतक ब्यूरो
Updated Fri, 11 Oct 2019 01:36 PM IST
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Naveen Jindal
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विधानसभा चुनाव में हिसार सीट का गणित बताता है कि इस सीट से केवल जिंदल परिवार ऐसा है, जो दो या उससे अधिक बार लगातार जीत पाया है। इनके अलावा कोई भी लगातार दो बार यहां से जीत हासिल नहीं कर सका है। इस बार डॉ. कमल गुप्ता भाजपा के टिकट पर फिर से चुनाव मैदान में हैं और यदि वे चुनाव जीतते हैं तो वे जिंदल परिवार के इस रिकॉर्ड तक पहुंचने में कामयाब हो सकते हैं।
उद्योगपति और स्टील मैन के नाम से फेमस स्व. ओमप्रकाश जिंदल वर्ष 1991 में पहली बार यहां से कांग्रेस के टिकट पर विधानसभा का चुनाव जीते थे। उसके बाद 1996 में उन्होंने कांग्रेस छोड़कर पूर्व मुख्यमंत्री स्व. बंसीलाल की हरियाणा विकास पार्टी ज्वाइन कर ली थी और कुरुक्षेत्र सीट से लोकसभा का चुनाव लड़ा था। वर्ष 2000 के चुनाव में वे फिर से कांग्रेस में शामिल हो गए और हिसार से विधानसभा का चुनाव जीता।
वर्ष 2005 में ओपी जिंदल को कांग्रेस ने फिर से टिकट देकर मैदान में उतारा और उन्होंने 51097 वोट लेकर फिर से जीत हासिल कर हिसार सीट का लगातार दो बार चुनाव न जीतने के रिकॉर्ड को तोड़ दिया। कुछ माह बाद ही उनका विमान हादसे में देहांत हो गया। उसके बाद हुए उपचुनाव में कांग्रेस ने ओपी जिंदल की पत्नी सावित्री जिंदल को चुनाव मैदान में उतारा था और पहली बार विधानसभा पहुंची थीं। उसके बाद 2009 के चुनाव में भी सावित्री जिंदल ने जीत दर्ज की थी। इस तरह केवल जिंदल परिवार ने ही हिसार सीट लगातार जीतने का रिकॉर्ड दो बार बनाया था।
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जीत का अंतर घटा था, वोट प्रतिशत बढ़ा था
वर्ष 2000 में ओमप्रकाश जिंदल को 39017 वोट लेकर 12 हजार 89 मतों के अंतर से जीत हासिल की थी। उस समय उनका वोट प्रतिशत 41.34 प्रतिशत था। वर्ष 2005 में जब वे चुनाव जीते तो उनकी जीत का अंतर घट गया था। उन्हें कुल 51097 वोट हासिल हुए थे और उनकी जीत का अंतर घटकर 10876 रह गया था। इसके बावजूद उनको मिले वोट का प्रतिशत बढ़ा था। उन्होंने 47.13 प्रतिशत वोट हासिल हुए थे।
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उद्योगपति और स्टील मैन के नाम से फेमस स्व. ओमप्रकाश जिंदल वर्ष 1991 में पहली बार यहां से कांग्रेस के टिकट पर विधानसभा का चुनाव जीते थे। उसके बाद 1996 में उन्होंने कांग्रेस छोड़कर पूर्व मुख्यमंत्री स्व. बंसीलाल की हरियाणा विकास पार्टी ज्वाइन कर ली थी और कुरुक्षेत्र सीट से लोकसभा का चुनाव लड़ा था। वर्ष 2000 के चुनाव में वे फिर से कांग्रेस में शामिल हो गए और हिसार से विधानसभा का चुनाव जीता।
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वर्ष 2005 में ओपी जिंदल को कांग्रेस ने फिर से टिकट देकर मैदान में उतारा और उन्होंने 51097 वोट लेकर फिर से जीत हासिल कर हिसार सीट का लगातार दो बार चुनाव न जीतने के रिकॉर्ड को तोड़ दिया। कुछ माह बाद ही उनका विमान हादसे में देहांत हो गया। उसके बाद हुए उपचुनाव में कांग्रेस ने ओपी जिंदल की पत्नी सावित्री जिंदल को चुनाव मैदान में उतारा था और पहली बार विधानसभा पहुंची थीं। उसके बाद 2009 के चुनाव में भी सावित्री जिंदल ने जीत दर्ज की थी। इस तरह केवल जिंदल परिवार ने ही हिसार सीट लगातार जीतने का रिकॉर्ड दो बार बनाया था।
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जीत का अंतर घटा था, वोट प्रतिशत बढ़ा था
वर्ष 2000 में ओमप्रकाश जिंदल को 39017 वोट लेकर 12 हजार 89 मतों के अंतर से जीत हासिल की थी। उस समय उनका वोट प्रतिशत 41.34 प्रतिशत था। वर्ष 2005 में जब वे चुनाव जीते तो उनकी जीत का अंतर घट गया था। उन्हें कुल 51097 वोट हासिल हुए थे और उनकी जीत का अंतर घटकर 10876 रह गया था। इसके बावजूद उनको मिले वोट का प्रतिशत बढ़ा था। उन्होंने 47.13 प्रतिशत वोट हासिल हुए थे।
ये है हिसार सीट की स्थिति
जिला चुनाव कार्यालय द्वारा चार अक्तूबर तक की गई मतदाताओं की अपडेट सूची के अनुसार हिसार विधानसभा क्षेत्र में कुल मतदाताओं की संख्या 165025 है। इनमें 87241 पुरुष और 77784 महिला मतदाता शामिल हैं। सर्विस मतदाताओं की संख्या 190 है, जिनमें 171 पुरुष और 19 महिला मतदाता शामिल हैं। हिसार विधानसभा क्षेत्र में चुनाव के लिए कुल 144 मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
अब तक ये बने हिसार से विधायक
वर्ष - विधायक
1967 - एस. लता
1968 - बलवंत राय तायल
1972 - गुलाब सिंह
1977 - बलवंत राय तायल
1982 - ओमप्रकाश महाजन
1987 - हरिसिंह
1991 - ओमप्रकाश जिंदल
1996 - ओमप्रकाश महाजन
2000 - ओमप्रकाश जिंदल
2005 - ओमप्रकाश जिंदल
2005 - सावित्री जिंदल (उपचुनाव)
2009 - सावित्री जिंदल
2014 - डॉ. कमल गुप्ता
अब तक ये बने हिसार से विधायक
वर्ष - विधायक
1967 - एस. लता
1968 - बलवंत राय तायल
1972 - गुलाब सिंह
1977 - बलवंत राय तायल
1982 - ओमप्रकाश महाजन
1987 - हरिसिंह
1991 - ओमप्रकाश जिंदल
1996 - ओमप्रकाश महाजन
2000 - ओमप्रकाश जिंदल
2005 - ओमप्रकाश जिंदल
2005 - सावित्री जिंदल (उपचुनाव)
2009 - सावित्री जिंदल
2014 - डॉ. कमल गुप्ता