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हिसार के तीन युवाओं को मिली सिविल सर्विस में सफलता
amarujala/Hisar
Updated Thu, 01 Jun 2017 12:23 AM IST
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जिले के तीन युवाओं ने सिविल सर्विस परीक्षा में सफलता हासिल की है। प्रदेश के वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु के गांव के निवासी राहुल सिंधु को 60वीं रैंक मिली। जिला समाज कल्याण अधिकारी डॉ. डीएस सैनी के बेटे गौरव सैनी को 89वीं रैंक हासिल हुई और हरियाणा जन चेतना मंच के संयोजक उमेद लोहान के बेटे अमन लोहान ने 568वीं रैंक हासिल की है।
पिछली बार की सिविल सर्विस की परीक्षा में बेटियों ने बाजी मारी थी। इस बार जिले के युवाओं ने अपनी मेहनत को साबित किया। राहुल सिंधु तथा गौरव सैनी को आईएएस कैडर मिलना लगभग तय है। इन तीनों के चयन की जानकारी मिलने के बाद परिजनों को बधाइयों का तांता लग गया। इस बार यह भी खास रहा कि सिविल सर्विस में रैंक हासिल करने वाले तीनों युवाओं के मूल गांव नारनौंद क्षेत्र में हैं। राहुल सिंधु का मूल गांव खांडाखेडी, गौरव सैनी का मूल गांव पेटवाड तथा अमन लोहान का मूल गांव भैणी अमीरपुर है।
गौरव सैनी : 89वीं रैंक
गौरव सैनी ने अमर उजाला से कहा कि वह 8 से 10 घंटे अभ्यास करता था। पिता डॉ. डीएस सैनी मेरे के लिए सबसे बड़े प्रेरणा स्त्रोत्र रहे। वह मुझे लगातार आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते थे। गौरव ने बताया कि यहां तक पहुंचने के लिए मेरे सीनियर ने भी काफी सहयोग किया। दिल्ली के मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस किया था। इसके बाद आईएएस की तैयारी शुरू की थी। दूसरे प्रयास में 89वीं रैंक हासिल की। गौरव ने दसवीं तक की पढाई हिसार के दिग्विजय मेमोरियल स्कूल से की थी। बारहवीं की पढाई दिल्ली से की थी। गौरव की माता स्टेट अवार्डी लेक्चरर हैं। पिता जिला समाज कल्याण अधिकारी हैं। गौरव का छोटा भाई सौरभ सैनी भी एमबीबीएस कर रहा है। गौरव का मूल गांव पेटवाड़ है। फिलहाल परिवार जींद में रहता है।
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राहुल सिंधु : 60वीं रैंक
प्रदेश के वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु के गांव खांडाखेड़ी के निवासी रामफल सिंधु के बेटे राहुल सिंधु ने महज 24 साल की उम्र में सिविल सर्विस में 60वीं रैंक हासिल की। राहुल फिलहाल रेलवे में आईआरटीएस में ट्रेनिंग कर रहे थे। 2015 में पहले प्रयास में राहुल सिंधु ने 509वीं रैंक ली थी। सैंट मैरी स्कूल में स्कूल प्रिंसीपल ने मेधावी राहुल को पहचान कर दो क्लास जंप करा दी थीं। होली एंजल स्कूल, एचएयू कैंपस से बारहवीं के बाद आईआईटी दिल्ली से बीटैक किया। राहुल का नेशनल इंडियन मिलिट्री कॉलेज देहरादून में चयन हुआ था। वहां हरियाणा के लिए एक ही सीट थी। राहुल के चचेरे भाई सुधीर सिंधु की राहुल से एक रैंक कम थी। राहुल ने यह अपने चचेरे भाई के लिए छोड़ दी थी। राहुल के पिता रामफल सिंधु डिविजनल अकाउंटेंट एजी हरियाणा से रिटायर हैं। उनकी माता ईश्वर देवी गृहणी हैं।
अमन लोहान : 568वीं रैंक
हरियाणा जन चेतना मंच के संयोजक उमेद लोहान के बेटे अमन कुमार लोहान ने 568वीं रैंक हासिल की है। अमन ने सैंट कबीर स्कूल से बारहवीं की पास की थी। इसके बाद चंडीगढ के डीएवी कॉलेज से डिग्री हासिल की। फिलहाल दिल्ली में एलएलबी कर रहे हैं। पढाई करते-करते ही एमपी में परीक्षा दी थी। जिसमें करीब 20 दिन पहले उन्हें डीएसपी पद पर चुना गया था। नारनौंद के गांव भैणी अमीरपुर के निवासी उमेद लोहान ने बताया मेरे पिता हेडमास्टर प्रताप सिंह लोहान का सपना था कि उनके पोते सिविल सर्विस के जरिए देश की सेवा करें। उमेद लोहान ने कहा कि छोटा बेटा युद्घबीर लोहान डिफेंस में एएफएमसी में एमबीबीएस कर रहा है। अमन पढाई में शुरू से ही मेधावी रहा है।
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पिछली बार की सिविल सर्विस की परीक्षा में बेटियों ने बाजी मारी थी। इस बार जिले के युवाओं ने अपनी मेहनत को साबित किया। राहुल सिंधु तथा गौरव सैनी को आईएएस कैडर मिलना लगभग तय है। इन तीनों के चयन की जानकारी मिलने के बाद परिजनों को बधाइयों का तांता लग गया। इस बार यह भी खास रहा कि सिविल सर्विस में रैंक हासिल करने वाले तीनों युवाओं के मूल गांव नारनौंद क्षेत्र में हैं। राहुल सिंधु का मूल गांव खांडाखेडी, गौरव सैनी का मूल गांव पेटवाड तथा अमन लोहान का मूल गांव भैणी अमीरपुर है।
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गौरव सैनी : 89वीं रैंक
गौरव सैनी ने अमर उजाला से कहा कि वह 8 से 10 घंटे अभ्यास करता था। पिता डॉ. डीएस सैनी मेरे के लिए सबसे बड़े प्रेरणा स्त्रोत्र रहे। वह मुझे लगातार आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते थे। गौरव ने बताया कि यहां तक पहुंचने के लिए मेरे सीनियर ने भी काफी सहयोग किया। दिल्ली के मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस किया था। इसके बाद आईएएस की तैयारी शुरू की थी। दूसरे प्रयास में 89वीं रैंक हासिल की। गौरव ने दसवीं तक की पढाई हिसार के दिग्विजय मेमोरियल स्कूल से की थी। बारहवीं की पढाई दिल्ली से की थी। गौरव की माता स्टेट अवार्डी लेक्चरर हैं। पिता जिला समाज कल्याण अधिकारी हैं। गौरव का छोटा भाई सौरभ सैनी भी एमबीबीएस कर रहा है। गौरव का मूल गांव पेटवाड़ है। फिलहाल परिवार जींद में रहता है।
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राहुल सिंधु : 60वीं रैंक
प्रदेश के वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु के गांव खांडाखेड़ी के निवासी रामफल सिंधु के बेटे राहुल सिंधु ने महज 24 साल की उम्र में सिविल सर्विस में 60वीं रैंक हासिल की। राहुल फिलहाल रेलवे में आईआरटीएस में ट्रेनिंग कर रहे थे। 2015 में पहले प्रयास में राहुल सिंधु ने 509वीं रैंक ली थी। सैंट मैरी स्कूल में स्कूल प्रिंसीपल ने मेधावी राहुल को पहचान कर दो क्लास जंप करा दी थीं। होली एंजल स्कूल, एचएयू कैंपस से बारहवीं के बाद आईआईटी दिल्ली से बीटैक किया। राहुल का नेशनल इंडियन मिलिट्री कॉलेज देहरादून में चयन हुआ था। वहां हरियाणा के लिए एक ही सीट थी। राहुल के चचेरे भाई सुधीर सिंधु की राहुल से एक रैंक कम थी। राहुल ने यह अपने चचेरे भाई के लिए छोड़ दी थी। राहुल के पिता रामफल सिंधु डिविजनल अकाउंटेंट एजी हरियाणा से रिटायर हैं। उनकी माता ईश्वर देवी गृहणी हैं।
अमन लोहान : 568वीं रैंक
हरियाणा जन चेतना मंच के संयोजक उमेद लोहान के बेटे अमन कुमार लोहान ने 568वीं रैंक हासिल की है। अमन ने सैंट कबीर स्कूल से बारहवीं की पास की थी। इसके बाद चंडीगढ के डीएवी कॉलेज से डिग्री हासिल की। फिलहाल दिल्ली में एलएलबी कर रहे हैं। पढाई करते-करते ही एमपी में परीक्षा दी थी। जिसमें करीब 20 दिन पहले उन्हें डीएसपी पद पर चुना गया था। नारनौंद के गांव भैणी अमीरपुर के निवासी उमेद लोहान ने बताया मेरे पिता हेडमास्टर प्रताप सिंह लोहान का सपना था कि उनके पोते सिविल सर्विस के जरिए देश की सेवा करें। उमेद लोहान ने कहा कि छोटा बेटा युद्घबीर लोहान डिफेंस में एएफएमसी में एमबीबीएस कर रहा है। अमन पढाई में शुरू से ही मेधावी रहा है।