{"_id":"6a15e04616510ce0350b0aed","slug":"directors-of-future-maker-radheshyam-bansilal-accused-in-the-540-million-gst-liability-case-appeared-in-court-next-hearing-on-july-28-hisar-news-c-21-hsr1020-878741-2026-05-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hisar News: 54 करोड़ जीएसटी देनदारी केस में आरोपी फ्यूचर मेकर के डायरेक्टर राधेश्याम-बंसीलाल कोर्ट में पेश, अगली सुनवाई 28 जुलाई को","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hisar News: 54 करोड़ जीएसटी देनदारी केस में आरोपी फ्यूचर मेकर के डायरेक्टर राधेश्याम-बंसीलाल कोर्ट में पेश, अगली सुनवाई 28 जुलाई को
विज्ञापन
हिसार। फ्यूचर मेकर लाइफ केयर प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े 54 करोड़ रुपये से अधिक की जीएसटी देनदारी मामले में कंपनी के चेयरमैन-कम-मैनेजिंग डायरेक्टर बंसीलाल और निदेशक राधेश्याम सोमवार को हिसार कोर्ट में पेश हुए। दोनों आरोपी व्यक्तिगत रूप से अदालत में हाजिर हुए।
मामले में शिकायत पक्ष की ओर से गवाही नहीं हो सकी जिसके चलते अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 28 जुलाई की तारीख निर्धारित की है।
अदालत में चले अभियोग के अनुसार दोनों आरोपियों को 18 मई को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल चुकी है और फिलहाल वे जमानत पर बाहर हैं। इससे पहले राधेश्याम को पत्नी की गंभीर बीमारी और संभावित सर्जरी के आधार पर 4 मई 2026 को अंतरिम जमानत दी गई थी। फ्यूचर मेकर लाइफ केयर प्राइवेट लिमिटेड पर डायरेक्ट मार्केटिंग के माध्यम से कृषि उत्पाद, हेल्थ प्रोडक्ट्स और अन्य सामान की बिक्री में जीएसटी नियमों के उल्लंघन के आरोप हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार अक्तूबर 2016 से जून 2017 के बीच कंपनी पर करीब 54.77 करोड़ रुपये की टैक्स देनदारी बनी थी जिसका पूरा भुगतान नहीं किया था।
विज्ञापन
मामले में शिकायत पक्ष की ओर से गवाही नहीं हो सकी जिसके चलते अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 28 जुलाई की तारीख निर्धारित की है।
अदालत में चले अभियोग के अनुसार दोनों आरोपियों को 18 मई को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल चुकी है और फिलहाल वे जमानत पर बाहर हैं। इससे पहले राधेश्याम को पत्नी की गंभीर बीमारी और संभावित सर्जरी के आधार पर 4 मई 2026 को अंतरिम जमानत दी गई थी। फ्यूचर मेकर लाइफ केयर प्राइवेट लिमिटेड पर डायरेक्ट मार्केटिंग के माध्यम से कृषि उत्पाद, हेल्थ प्रोडक्ट्स और अन्य सामान की बिक्री में जीएसटी नियमों के उल्लंघन के आरोप हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार अक्तूबर 2016 से जून 2017 के बीच कंपनी पर करीब 54.77 करोड़ रुपये की टैक्स देनदारी बनी थी जिसका पूरा भुगतान नहीं किया था।
विज्ञापन