{"_id":"6a14903beebb7f7e0b02f254","slug":"sterilization-agency-asks-for-rs-1340-per-dog-order-says-no-more-than-rs-800-fatehabad-news-c-127-1-shsr1017-154521-2026-05-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"बधियाकरण : एजेंसी ने मांगे प्रति कुत्ते 1340, आदेश में 800 रुपये से ज्यादा नहीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बधियाकरण : एजेंसी ने मांगे प्रति कुत्ते 1340, आदेश में 800 रुपये से ज्यादा नहीं
Mon, 25 May 2026 11:38 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Mon, 25 May 2026 11:38 PM IST
विज्ञापन
फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल में घूमते कुत्ते।
फतेहाबाद। शहर में कुत्तों को पकड़कर बधियाकरण और टीकाकरण को लेकर लगाए गए टेंडर पर पेंच फंस गया है। नगर निकाय ने कुत्तों को पकड़ने को लेकर भुगतान के लिए 800 रुपये रेट प्रति कुत्ते निर्धारित कर दिया है। लेकिन टेंडर में एजेंसी ने 1340 रुपये प्रति कुत्ते के मांगे हैं। नगर परिषद ने एजेंसी को रेट कम करने के लिए पत्र लिखा है। अगर एजेंसी रेट कम नहीं करती है तो टेंडर रद्द भी हो सकता है।
हालांकि एजेंसी के द्वारा रेट में 540 रुपये कम करने पर संशय है। वजह ये है कि एजेंसी ने पिछले साल 982 रुपये प्रति कुत्ते के हिसाब से रेट लिया था।
अगर रेट कम नहीं होता और टेंडर रद होता है तो करीब डेढ़ हजार कुत्तों के बधियाकरण और टीकाकरण के अभियान पर संकट हो सकता है। पहले जिस एजेंसी को ठेका दिया गया था, उसने करीब 4102 कुत्तों को पकड़ा था और 5600 कुत्तों को पकड़ने का एस्टीमेट था। करीब डेढ़ हजार कुत्ते अभी भी बिना बधियाकरण और टीकाकरण के घूम रहे हैं।
सरकारी दफ्तरों और अस्पताल में कुत्तों का डेरा
प्रशासन ने अधिकारियों की बैठक लेकर निर्देश दिए थे कि संस्थानों को डॉग फ्री किया जाए। लेकिन हालात ये है कि नागरिक अस्पताल में ही कुत्तों का झुंड घूमते हुए देखा जा सकता है। इसके अलावा लघु सचिवालय परिसर में भी कुत्ते घूमते रहते हैं।
विज्ञापन
रोजाना 25 लोग कुत्तों के काटने का शिकार
नागरिक अस्पताल में 20 से 25 लोग कुत्ते के काटने पर एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने के लिए पहुंच रहे हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक गर्मी के दौरान कुत्तों के काटने की संख्या बढ़ जाती है।
कुत्तों को पकड़कर बधियाकरण और टीकाकरण को लेकर टेंडर प्रक्रिया चल रही है। एजेंसी को रेट कम करने के लिए लिखा गया है। अगर एजेंसी रेट कम नहीं करती है तो उच्च अधिकारियों के साथ इसको लेकर चर्चा करके फैसला लिया जाएगा।
- महेश कुमार, एसआई, नगर परिषद
विज्ञापन
हालांकि एजेंसी के द्वारा रेट में 540 रुपये कम करने पर संशय है। वजह ये है कि एजेंसी ने पिछले साल 982 रुपये प्रति कुत्ते के हिसाब से रेट लिया था।
अगर रेट कम नहीं होता और टेंडर रद होता है तो करीब डेढ़ हजार कुत्तों के बधियाकरण और टीकाकरण के अभियान पर संकट हो सकता है। पहले जिस एजेंसी को ठेका दिया गया था, उसने करीब 4102 कुत्तों को पकड़ा था और 5600 कुत्तों को पकड़ने का एस्टीमेट था। करीब डेढ़ हजार कुत्ते अभी भी बिना बधियाकरण और टीकाकरण के घूम रहे हैं।
विज्ञापन
सरकारी दफ्तरों और अस्पताल में कुत्तों का डेरा
प्रशासन ने अधिकारियों की बैठक लेकर निर्देश दिए थे कि संस्थानों को डॉग फ्री किया जाए। लेकिन हालात ये है कि नागरिक अस्पताल में ही कुत्तों का झुंड घूमते हुए देखा जा सकता है। इसके अलावा लघु सचिवालय परिसर में भी कुत्ते घूमते रहते हैं।
विज्ञापन
रोजाना 25 लोग कुत्तों के काटने का शिकार
नागरिक अस्पताल में 20 से 25 लोग कुत्ते के काटने पर एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने के लिए पहुंच रहे हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक गर्मी के दौरान कुत्तों के काटने की संख्या बढ़ जाती है।
कुत्तों को पकड़कर बधियाकरण और टीकाकरण को लेकर टेंडर प्रक्रिया चल रही है। एजेंसी को रेट कम करने के लिए लिखा गया है। अगर एजेंसी रेट कम नहीं करती है तो उच्च अधिकारियों के साथ इसको लेकर चर्चा करके फैसला लिया जाएगा।
- महेश कुमार, एसआई, नगर परिषद