फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Fatehabad News ›   how cleanliness survey improve ranking, no cleaning at night, fatehabad

स्वच्छता सर्वे में कैसे सुधरेगी रैंकिंग, रात के समय नहीं हो रही सफाई

Fri, 03 Jan 2020 11:39 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Fri, 03 Jan 2020 11:39 PM IST
विज्ञापन
how cleanliness survey improve ranking, no cleaning at night, fatehabad
नगर परिषद में खड़ी कूड़ा इकट्ठा करने वाली गाड़ियां - फोटो : Fatehabad
फतेहाबाद। आज से शहर में स्वच्छता सर्वेक्षण शुरू होने जा रहा है। तीसरे चरण में केंद्र सरकार की टीम किसी भी समय शहर में सर्वे के लिए आ सकती है। जो सफाई व्यवस्था का आंकलन करके रैंकिंग देगी। शहर को अच्छी रैंकिंग दिलवाने के लिए जनता का अहम योगदान रहने वाला है। जनता का फीडबैक ही 1500 अंक दिलवाएगा। उधर, शहर में पिछले कुछ दिनों से रात्रि की सफाई बंद हो गई है। ऐसे में सर्वेक्षण में अच्छे अंक लाने की उम्मीद पर प्रश्न चिह्न लग रहा है।
विज्ञापन

सेवा स्तर और प्रत्यक्ष अवलोकन में शहर फिसड्डी रह सकता है। जिन उम्मीदों के साथ नप तीन टेंडर जारी करने जा रहा था वह धरातल पर उतरने से पहले ही विवादों में घिर चुके हैं, इन्हीं के सहारे अच्छी रैंकिंग मिलने की उम्मीद थी। फिर भी स्वच्छ भारत मिशन के अधिकारी अच्छी रैंकिंग की उम्मीद कर रहे हैं। हालांकि तिमाही सर्वे में फतेहाबाद और टोहाना शहर की रैंकिंग अच्छी रही है।
विज्ञापन

स्वच्छता सर्वेक्षण सर्वे से पहले नप ने जो प्लान बनाया था वह फेल चुका है, नप डोर टू डोर कूड़ा इकट्ठा करने, कंपोस्ट खाद बनाने और सार्वजनिक शौचालयों की सफाई के लिए प्राइवेट एजेंसी को टेंडर जारी करना चाहती थी लेकिन नप पार्षदों ने इस पर धांधली के आरोप लगाते हुए तय समय पर टेंडर नहीं खुलने दिए। अब नप अधिकारी को शहर में मौजूदा हालात में दी जा रही सफाई सेवाओं पर जनता के फीडबैक से उम्मीद है।
विज्ञापन
विज्ञापन

जानिए कितने हैं अंक
कुल अंक : 6000
जनता का फीडबैक : 1500
दस्तावेज जांच : 1500
सर्विस लेवल स्तर :1500
प्रत्यक्ष जांच : 1500
इन सवालों पर जवाब लेगी टीम
- क्या आपका कूड़ा प्रतिदिन लिया जाता है।
- क्या कूड़ा लेकर जाने वाला आपको गीला और सूखा अलग-अलग करने के लिए बोलता है।
- क्या आप सामाजिक कार्यक्रम में प्लास्टिक डिस्पोजल का प्रयोग होते हुए देखते हैं।
- क्या आपके आसपास कूड़ा दो या इससे अधिक दिन तक पड़ा रहता है।
- क्या आपके शहर में होम कंपोस्टिंग के बारे प्रचार-प्रसार किया जा रहा है।
- क्या आप शौचालय ढूंढने के लिए गूगल मैप का प्रयोग करते हैं।
- क्या आप ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत एनजीओ को काम करते हुए देखा है।
- क्या आप जानते हैं कि आपका शहर 2020 स्वच्छता सर्वेक्षण में भाग ले रहा है।
- क्या आप को शहर के सार्वजनिक शौचालयों की सफाई ठीक मिलती है।
ये भी जानिए स्वच्छता का सच
- शहर के सार्वजनिक शौचालयों की पिछले डेढ़ माह से सफाई नहीं हो रही, कारण टेंडर रद हो चुका है।
- शहर में रात के समय सफाई नहीं हो रही, कारण प्रधान बंद करवा चुके हैं।
- शहर में शाम तक डंपिंग प्वाइंट से कूड़ा नहीं उठता है, कारण मेनपावर नहीं है।
- शहर में डोर टू डोर कूड़ा लाने के लिए कर्मचारी नहीं जाता, कारण 30 फीसदी कर्मचारी अधिकारियों के घरों पर काम कर रहे हैं।
- मुख्य डंपिंग प्वाइंट पर कूड़े के ढेर, नहीं बन रही कंपोस्ट खाद, कारण कोई प्रक्रिया ही शुरू नहीं हुई है।
- प्लास्टिक डिस्पोजल का प्रयोग हो रहा है, कारण अधिकारी सख्ती से कदम नहीं उठा रहे हैं।
- शहर के मुख्य चौकों पर डस्टबिन नहीं, कारण लगाए गए थे शरारती तत्वों ने तोड़ दिए
राजनीति की भेंट चढ़ चुके हैं तीन मुख्य टेंडर
स्वच्छता सर्वेक्षण सर्वे में डोर टू डोर कूड़ा इकट्ठा करने, कंपोस्ट खाद बनाने और सार्वजनिक शौचालयों की सफाई का टेंडर का अहम रोल था। ये टेंडर एक जनवरी को खुलना था, लेकिन इससे पहले पार्षदों ने लिखित में देकर टेंडर पर सवाल खड़े कर दिए थे। इसके बाद नप अधिकारी टेंडर खोलने के लिए आगे नहीं आए। पार्षद खुद के हिसाब से टेंडर खुलवाना चाहते हैं।

पिछले साल क्या रही हमारे शहर की रैंकिंग
शहर 2019 2018
फतेहाबाद 177 191
भूना 399 172
टोहाना 329 289
रतिया 984 572
------------
सवा लाख की आबादी और नप के पास संसाधन
संसाधन संख्या
टाटा एस 14
रिक्शा 35
हाथ रेहड़ी 25
कर्मचारी 170
-----------
प्रथम और द्वितीय तिमाही का जो परिणाम आया है। उससे ये तो तय है कि जनता सफाई को लेकर पॉजिटिव है। तीसरे चरण के स्वच्छता सर्वेक्षण में भी जनता का फीडबैक अहम रहेगा। हमारी तरफ से तैयारियां पूरी हैं। 4 जनवरी से 31 जनवरी तक कभी भी टीम सर्वे के लिए आ सकती है। अगर टेंडर जारी हो जाता तो बेहतर रैंकिंग मिलने की उम्मीद थी।
- कुमार सौरभ, जिला संयोजक, स्वच्छ भारत मिशन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed