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Charkhi Dadri News: छठे दिन बाजरा की शुरू हुई निजी खरीद, 13000 क्विंटल खरीदा
Wed, 07 Oct 2026 01:04 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Wed, 07 Oct 2026 01:04 AM IST
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मंडी परिसर में बाजरा की प्राइवेट खरीद प्रक्रिया शुरू करते आढ़ती, किसान व मंडी अधिकारी।
- फोटो : 1
चरखी दादरी। अनाज मंडी में बाजरा खरीद का इंतजार कर रहे किसानों को छठे दिन मंगलवार को कुछ राहत मिली। मंडी में निजी आढ़तियों ने बाजरा खरीदना शुरू कर दिया है। मार्केट कमेटी के अधिकारियों के अनुसार मंगलवार को करीब 23 हजार क्विंटल से अधिक की आवक रही। जिसमें से 13 हजार क्विंटल की खरीद की गई है। हांलाकि देर शाम तक खरीद प्रक्रिया की रिकॉर्ड में इंट्री नहीं हो सकी थी।
अनाज मंडी में बाजरे की सरकारी खरीद शुरू न होने से किसानों में निराशा भी है। किसान उम्मीद लगाए बैठे हैं कि सरकारी खरीद शुरू हो जाए तो प्राइवेट खरीद में और भी ऊंचे दाम मिल सकते हैं। ऐसे में काफी किसान अपनी फसल रोककर भी रखे हैं। इसके विपरीत काफी किसान पिछले कई दिनों से ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में बाजरा लेकर मंडी पहुंच रहे हैं। खरीद प्रक्रिया में देरी के कारण मंडी परिसर और आसपास के मार्गों पर उपज लेकर पहुंचने वाले वाहनों का दबाव भी बना हुआ है।
किसानों का कहना है कि डीजल, खाद, बीज, सिंचाई और मजदूरी पर खर्च लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में यदि फसल निर्धारित मूल्य से कम पर बिकती है तो खेती की लागत निकालना मुश्किल होगा। किसानों ने मांग की कि सरकारी एजेंसी तत्काल खरीद शुरू करे, ताकि प्राइवेट पर भी भाव बढ़ जाए।
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पोर्टल की शिकायतों के लिए दो पटवारी तैनात
मंडी कार्यालय में मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल से संबंधित किसानों की शिकायतों के निपटारे के लिए दो पटवारियों की नियुक्ति की गई है। किसानों को पोर्टल पर दर्ज फसल संबंधी दिक्कतों के समाधान के लिए कार्यालय में ही सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। इससे खरीद प्रक्रिया में आ रही तकनीकी अड़चनों को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।
दोबारा गेटपास बनवाने की कोशिश पर रोके ट्रैक्टर-ट्रॉली
कुछ किसान दोबारा गेटपास कटवाकर मंडी में प्रवेश की कोशिश में बाहर की ओर ट्रैक्टर-ट्रॉलियां ले जा रहे थे। मार्केट कमेटी कर्मचारियों ने ऐसे वाहनों को बाहर जाने से रोक दिया। कर्मचारियों का कहना है कि एक ही उपज की दोबारा एंट्री या गेटपास बनने से सरकारी राजस्व को नुकसान हो सकता है। इसलिए मंडी से बाहर निकलने वाले वाहनों की निगरानी की जा रही है।
87,647 क्विंटल की हो चुकी आवक
मंडी में मंगलवार शाम तक 87,647 क्विंटल बाजरा की आवक दर्ज की जा चुकी है। वहीं अगर जिले की बात करें तो बाढड़ा व झोझू को मिलाकर 1,18,073 क्विंटल की आवक हो चुकी है। इसके अलावा ई-नाम पोर्टल पर 3,540 क्विंटल उपज की आवक दर्ज हुई है। इतनी बड़ी मात्रा में उपज आने के बावजूद सरकारी खरीद शुरू न होने से किसानों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है। किसानों का कहना है कि जब सरकार ने बाजरा का निर्धारित मूल्य तय कर रखा है तो खरीद एजेंसी को मंडी में तत्काल सक्रिय किया जाना चाहिए। ताकि किसानों को राहत मिले।
वर्सन:
अनाज मंडी में बाजरा की प्राइवेट खरीद शुरू हो गई है। मंगलवार को 839 गेट पाए काटे और करीब 21 हजार क्विंटल की आवक रही। इसमें से 13 हजार क्विंटल बाजरे की खरीद सरकारी मापदंडों के अनुसार की गई है। -चतुरभुज, मंडी सुपरवाइजर
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अनाज मंडी में बाजरे की सरकारी खरीद शुरू न होने से किसानों में निराशा भी है। किसान उम्मीद लगाए बैठे हैं कि सरकारी खरीद शुरू हो जाए तो प्राइवेट खरीद में और भी ऊंचे दाम मिल सकते हैं। ऐसे में काफी किसान अपनी फसल रोककर भी रखे हैं। इसके विपरीत काफी किसान पिछले कई दिनों से ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में बाजरा लेकर मंडी पहुंच रहे हैं। खरीद प्रक्रिया में देरी के कारण मंडी परिसर और आसपास के मार्गों पर उपज लेकर पहुंचने वाले वाहनों का दबाव भी बना हुआ है।
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किसानों का कहना है कि डीजल, खाद, बीज, सिंचाई और मजदूरी पर खर्च लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में यदि फसल निर्धारित मूल्य से कम पर बिकती है तो खेती की लागत निकालना मुश्किल होगा। किसानों ने मांग की कि सरकारी एजेंसी तत्काल खरीद शुरू करे, ताकि प्राइवेट पर भी भाव बढ़ जाए।
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पोर्टल की शिकायतों के लिए दो पटवारी तैनात
मंडी कार्यालय में मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल से संबंधित किसानों की शिकायतों के निपटारे के लिए दो पटवारियों की नियुक्ति की गई है। किसानों को पोर्टल पर दर्ज फसल संबंधी दिक्कतों के समाधान के लिए कार्यालय में ही सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। इससे खरीद प्रक्रिया में आ रही तकनीकी अड़चनों को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।
दोबारा गेटपास बनवाने की कोशिश पर रोके ट्रैक्टर-ट्रॉली
कुछ किसान दोबारा गेटपास कटवाकर मंडी में प्रवेश की कोशिश में बाहर की ओर ट्रैक्टर-ट्रॉलियां ले जा रहे थे। मार्केट कमेटी कर्मचारियों ने ऐसे वाहनों को बाहर जाने से रोक दिया। कर्मचारियों का कहना है कि एक ही उपज की दोबारा एंट्री या गेटपास बनने से सरकारी राजस्व को नुकसान हो सकता है। इसलिए मंडी से बाहर निकलने वाले वाहनों की निगरानी की जा रही है।
87,647 क्विंटल की हो चुकी आवक
मंडी में मंगलवार शाम तक 87,647 क्विंटल बाजरा की आवक दर्ज की जा चुकी है। वहीं अगर जिले की बात करें तो बाढड़ा व झोझू को मिलाकर 1,18,073 क्विंटल की आवक हो चुकी है। इसके अलावा ई-नाम पोर्टल पर 3,540 क्विंटल उपज की आवक दर्ज हुई है। इतनी बड़ी मात्रा में उपज आने के बावजूद सरकारी खरीद शुरू न होने से किसानों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है। किसानों का कहना है कि जब सरकार ने बाजरा का निर्धारित मूल्य तय कर रखा है तो खरीद एजेंसी को मंडी में तत्काल सक्रिय किया जाना चाहिए। ताकि किसानों को राहत मिले।
वर्सन:
अनाज मंडी में बाजरा की प्राइवेट खरीद शुरू हो गई है। मंगलवार को 839 गेट पाए काटे और करीब 21 हजार क्विंटल की आवक रही। इसमें से 13 हजार क्विंटल बाजरे की खरीद सरकारी मापदंडों के अनुसार की गई है। -चतुरभुज, मंडी सुपरवाइजर