चरखी दादरी नगर परिषद के भाजपा समर्थित चेयरमैन संजय छपारिया शुक्रवार को अपनी कुर्सी बचाने में कामयाब रहे। उनके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए 14 पार्षदों ने शपथ पत्र सौंपे थे। इसको लेकर शुक्रवार को वोटिंग हुई।
एसडीएम विरेंद्र सिंह की मौजूदगी में 15 पार्षदों ने मतदान किया। 13 ने चेयरमैन के खिलाफ मतदान किया, जबकि खुद चेयरमैन का वोट उनके पक्ष में रहा। वहीं, एक पार्षद का मत रद्द हो गया, जो अविश्वास प्रस्ताव गिरने का सबसे अहम कारण रहा।
चेयरमैन संजय छपारिया ने 30 अक्तूबर को होने वाली मतदान प्रक्रिया को गुप्त रखने की मांग की थी, जिसे एसडीएम विरेंद्र सिंह ने अनुमति दे दी। शुक्रवार सुबह 11 बजे 15 पार्षद लघु सचिवालय के प्रथम तल स्थित सभागार में पहुंचे। 12:37 बजे पार्षद सभागार से बाहर निकले। एसडीएम ने बताया कि 21 में से 15 पार्षद मतदान करने पहुंचे। 13 मत संजय छपारिया के खिलाफ तो एक वोट उनके पक्ष में गया। एक पार्षद ने सही से वोटिंग नहीं की, जिसके चलते मत रद्द किया गया। बता दें कि अविश्वास प्रस्ताव लाकर चेयरमैन को कुर्सी से हटाने वाले पार्षदों के खेमे को दो तिहाई यानी 14 वोट चाहिए थे, लेकिन एक मत रद्द होने के कारण उन्हें 13 वोट ही मिल पाए और चेयरमैन की कुर्सी बच गई।