फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Charkhi Dadri News ›   lack of pharmashist in hospitals

Charkhi Dadri News: फार्मासिस्ट के 50% पद खाली, 6 पीएचसी व 2 सीएचसी पर भी कमी

Mon, 04 Nov 2024 03:17 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी Updated Mon, 04 Nov 2024 03:17 AM IST
विज्ञापन
lack of pharmashist in hospitals
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

चरखी दादरी। जिला स्वास्थ्य विभाग में फार्मासिस्ट की कमी है। इसके चलते सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से लेकर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तक की सुविधाएं प्रभावित हैं। फिलहाल, जिले में फार्मासिस्ट के 50 प्रतिशत पद खाली पड़े हैं। लंबा समय बीतने के बाद भी स्वास्थ्य विभाग इन पदों को नहीं भर पाया है। इससे मरीजों को दवाएं लेने में परेशानी का सामना करना पड़ता है।
फार्मासिस्ट की कमी का आलम यह है कि जिले के 6 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर ये पद खाली पड़े हैं। यहां स्टाफ नर्सें ही मरीजों को दवाएं वितरित कर रही हैं। दूसरी ओर जिले की दो सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर भी एक-एक पद खाली है। वहीं, जिला स्वास्थ्य विभाग फार्मासिस्ट के खाली पद भरने के लिए कई बार मुख्यालय मांग भेज चुका है, लेकिन, नतीजा सिफर है।
विज्ञापन

दरअसल, सिविल अस्पताल के अलावा मातृ-शिशु अस्पताल, तीन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और 12 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर फार्मासिस्ट के 26 पद स्वीकृत हैं। फिलहाल, इनमें से 50 प्रतिशत पद भरे हैं जबकि इतने ही खाली हैं। लंबा समय बीतने के बाद भी 50 फीसदी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर फार्मासिस्ट की तैनाती नहीं हो पाई है। यहां आने वाले मरीजों को दवा देने के लिए स्टाफ नर्साें की ड्यूटी लगाई गई है। वहीं, अगर फार्मासिस्ट के पद भरे हों तो स्वास्थ्य केंद्रों पर दवाओं के स्टॉक पर निगरानी की जा सकती है। ़
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed