फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Charkhi Dadri News ›   80 percent work of construction of 44 boosting stations and hub water houses in 35 villages completed

Charkhi Dadri News: 35 गांवों में 44 बूस्टिंग स्टेशन और हब जलघर निर्माण का 80 फीसदी हुआ काम

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 08 Oct 2023 11:48 PM IST
विज्ञापन
80 percent work of construction of 44 boosting stations and hub water houses in 35 villages completed
 निमड़-बड़ेसरा में बनाया गया हब जलघर।
चरखी दादरी। बाढड़ा उपमंडल के 35 गांवों में एक जनवरी 2024 को बटन दबाकर पहली बार नहरी पेयजल आपूर्ति करने की योजना है। 100 करोड़ की इस परियोजना का काम गति पकड़े हुए हैं जो अब तक 80 फीसदी पूरा हो चुका है। 31 दिसंबर से पहले इस काम को पूरा करवाने की योजना है, ताकि नए साल में इन 35 गांवों के करीब डेढ़ लाख लोग ट्यूबवेल के बजाय नहरी पेयजल आपूर्ति का लाभ उठा सकें। कई अड़चनों के बाद ये परियोजना सिरे चढ़ेगी।
विज्ञापन

बता दें कि बाढड़ा डार्क जोन में भी शामिल रहा और इसके चलते यहां जमीन का पानी काफी नीचे है। इन गांवों के लोग लंबे समय से पेयजल संकट झेल रहे हैं। वर्ष 2016 में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने इसकी घोषणा की थी, लेकिन मामला ठंडे बस्ते में पड़ा रहा। वर्ष 2019 में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान बाढड़ा से विधायक बनी नैना चौटाला ने वर्ष 2020 में इस मुद्दे को उठाया और परियोजना पर दोबारा कार्रवाई शुरू करवाई।
विज्ञापन

इसके बाद निमड़-बड़ेसरा में हब जलघर बनाने पर जमीनी पेंच फंस गया। मजबूरी में जनस्वास्थ्य विभाग को ये परियोजना चांदवास शिफ्ट करनी पड़ी, लेकिन वहां भी जमीन पेच उलझने पर वन विभाग और जनस्वास्थ्य विभाग की संयुक्त बैठक कर निमड़-बड़ेसरा ही हब जलघर की जगह के रूप में फाइनल किया गया। इसके बाद से 100 करोड़ की परियोजना पर काम चल रहा है जो 80 फीसदी पूरा हो चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन


- नहरी पानी आपूर्ति के लिए ये है योजना
जनस्वास्थ्य विभाग ने इन गांवों में नहरी पानी आपूर्ति की जो योजना तैयार की है, उसके मुताबिक निमड़-बड़ेसरा में एक बड़ा जलघर बन रहा है। इसके अलावा 35 गांवों में बूस्टिंग स्टेशन बन रहे हैं। पांच इंटरमीडिएट पंपिंग सिस्टम का निर्माण भी इसी योजना के तहत करवाया जा रहा है। निमड़-बड़ेसरा जलघर में पानी पहुंचाने और फिर यहां से पानी का उठान अन्य गांवों के बूस्टर तक पहुंचाने के लिए पाइपलाइन भी डाली गई हैं।


परियोजना से जुड़े हैं ये गांव
यह प्रोजेक्ट बाढड़ा, भांडवा, बिलावल, चांदवास, धनासरी, हंसावास कलां, हंसावास खुर्द, हुई, जेवली, कान्हड़ा, किष्कंधा, लाड, मांढी हरिया, मांढी केहर, मांढी पिरानू, नांधा, नीमड़-बड़ेसरा, रहडोदा, रहड़ोदी, बड़राई, गोपालवास, कुब्जानगर, माई कलां, नौरंगाबास जाटान, पिचोपा कलां, पिचोपा खुर्द समेत 35 गांवों से जुड़ा है। सभी गांव इस योजना के पूरा होने पर लाभान्वित होंगे।


वर्जन:
यह परियोजना 35 गांवों की पेयजल समस्या को दूर करेगी। इन गांवों को पेयजल संकट से निजात दिलाना बेहद जरूरी है और इसी के मद्देनजर ये योजना तैयार करवाई गई। जमीनी अड़चन के कारण प्रोजेक्ट पर ब्रेक लगा रहा, लेकिन उसे सुलझाकर परियोजना पर काम शुरू करवाया गया। फिलहाल 80 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है और 31 दिसंबर से पहले काम पूरा करवा दिया जाएगा। बाढड़ा हलके के अन्य गांवों के लिए भी ऐसी ही योजनाएं तैयार करवाई जाएंगी।

-नैना चौटाला, विधायक, बाढड़ा

वर्जन:
परियोजना पर तेजी से काम चल रहा है। प्रयास है कि जल्द से जल्द बाकी बचे काम को पूरा करवा लिया जाएगा। परियोजना के तहत निमड़-बड़ेसरा में हब जलघर तो 35 गांवों में 44 बूस्टिंग स्टेशन बनाने के साथ पाइपलाइन बिछाई जानी हैं। 31 दिसंबर तक काम पूरा कराने का लक्ष्य है।
-राजपाल, एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग



फोटो 06 पेयजल आपूर्ति के लिए पाइपलाइन डालते श्रमिक। संवाद
फोटो 07 विधायक नैना चौटाला।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed