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Charkhi Dadri News: आई फ्लू के प्रतिदिन मिल रहे 200 केस, पांच गुना बढ़ी काले चश्मों की मांग
Thu, 03 Aug 2023 01:15 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Thu, 03 Aug 2023 01:15 AM IST
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नागरिक अस्पताल में नेत्र विशेषज्ञ से जांच करवाने आए मरीज।
चरखी दादरी। जिले में आई फ्लू का प्रकोप कम होने का नाम नहीं ले रहा है। अभी भी नागरिक अस्पताल के नेत्र जांच ब्लॉक में प्रतिदिन आई फ्लू से ग्रस्त 200 मरीज पहुंच रहे हैं। दूसरी ओर इसके चलते बाजारों में काले चश्मों की मांग पांच गुना बढ़ गई है। प्रतिदिन शहर में करीब 800 से अधिक चश्मों की बिक्री हो रही है।
जिले में इन दिनों आई फ्लू के मरीजों की संख्या में खासा इजाफा देखने को मिल रहा है। नागरिक अस्पताल में जहां सामान्य दिनों में आंखों की ओपीडी 100 तक सीमित रहती थी तो पिछले दस दिनों से यह आंकड़ा 250 पार पहुंच रहा है। इनमें से 80 फीसदी आई फ्लू की ओपीडी है। चिकित्सकों की हिदायत के अनुसार आई फ्लू संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए लोग काले चश्में को काफी अहमियत दे रहे हैं। इससे बाजार में चश्मों की मांग भी बढ़ी हुई है।
इन दिनों जिले के नागरिक अस्पताल स्थित नेत्र जांच ओपीडी कक्ष में आई फ्लू के मरीजों की काफी भीड़ देखी जा सकती है। अस्पताल में पिछले सप्ताह की अपेक्षा इस सप्ताह आई फ्लू के मरीजों की संख्या दोगुनी पहुंच गई है। चिकित्सकों का कहना है कि बढ़ते आई फ्लू मरीजों की संख्या बढ़ने का मुख्य कारण सावधानी न बरतना है।
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बचाव के लिए ये बरतें सावधानी
- आई फ्लू का शिकार बने व्यक्ति के संपर्क में न आएं।
- हाथों को साबुन से धोने के साथ सैनिटाइजर का प्रयोग करें।
- आंखों को बार-बार ठंडे पानी से धोते रहे।
- आंखों में दिक्कत होने पर तत्काल विशेषज्ञ से परामर्श लें।
चश्मा विक्रेता बोले- पहले बिकते थे आठ से दस चश्में, अब बिक रहे 50
- बाजार में चश्मों की दुकानें अधिक हैं। पहले जहां सामान्य दिनों में आठ से दस चश्मे बिकते थे तो अब प्रतिदिन 45 से 50 चश्मे बिक रहे हैं।
प्रमोद चावला, दुकानदार
- आई फ्लू से बचाव के लिए लोग सस्ते चश्में खरीद रहे हैं, क्योंकि बाद में इनका वो इस्तेमाल नहीं करेंगे। चश्मों की बिक्री पहले के मुकाबले करीब पांच गुना बढ़ी है।
दीपक कुमार,चश्मा विक्रेता
आई फ्लू से बचाव के लिए लोग सावधानियां बरतें। ये बीमारी पीड़ित के संपर्क में आने से फैलती है। प्रतिदिन औसतन 200 केस ओपीडी में आ रहे हैं।
डॉ. वरुण कुमार, नेत्र रोग विशेषज्ञ
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जिले में इन दिनों आई फ्लू के मरीजों की संख्या में खासा इजाफा देखने को मिल रहा है। नागरिक अस्पताल में जहां सामान्य दिनों में आंखों की ओपीडी 100 तक सीमित रहती थी तो पिछले दस दिनों से यह आंकड़ा 250 पार पहुंच रहा है। इनमें से 80 फीसदी आई फ्लू की ओपीडी है। चिकित्सकों की हिदायत के अनुसार आई फ्लू संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए लोग काले चश्में को काफी अहमियत दे रहे हैं। इससे बाजार में चश्मों की मांग भी बढ़ी हुई है।
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इन दिनों जिले के नागरिक अस्पताल स्थित नेत्र जांच ओपीडी कक्ष में आई फ्लू के मरीजों की काफी भीड़ देखी जा सकती है। अस्पताल में पिछले सप्ताह की अपेक्षा इस सप्ताह आई फ्लू के मरीजों की संख्या दोगुनी पहुंच गई है। चिकित्सकों का कहना है कि बढ़ते आई फ्लू मरीजों की संख्या बढ़ने का मुख्य कारण सावधानी न बरतना है।
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बचाव के लिए ये बरतें सावधानी
- आई फ्लू का शिकार बने व्यक्ति के संपर्क में न आएं।
- हाथों को साबुन से धोने के साथ सैनिटाइजर का प्रयोग करें।
- आंखों को बार-बार ठंडे पानी से धोते रहे।
- आंखों में दिक्कत होने पर तत्काल विशेषज्ञ से परामर्श लें।
चश्मा विक्रेता बोले- पहले बिकते थे आठ से दस चश्में, अब बिक रहे 50
- बाजार में चश्मों की दुकानें अधिक हैं। पहले जहां सामान्य दिनों में आठ से दस चश्मे बिकते थे तो अब प्रतिदिन 45 से 50 चश्मे बिक रहे हैं।
प्रमोद चावला, दुकानदार
- आई फ्लू से बचाव के लिए लोग सस्ते चश्में खरीद रहे हैं, क्योंकि बाद में इनका वो इस्तेमाल नहीं करेंगे। चश्मों की बिक्री पहले के मुकाबले करीब पांच गुना बढ़ी है।
दीपक कुमार,चश्मा विक्रेता
आई फ्लू से बचाव के लिए लोग सावधानियां बरतें। ये बीमारी पीड़ित के संपर्क में आने से फैलती है। प्रतिदिन औसतन 200 केस ओपीडी में आ रहे हैं।
डॉ. वरुण कुमार, नेत्र रोग विशेषज्ञ