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Bhiwani News: डीएपी के लिए सुबह बंटे टोकन, दोपहर से पहले केंद्र पर खत्म हो गया खाद का भंडारण
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नई अनाज मंडी में स्थित खाद बिक्री केंद्र के बाहर खड़े किसान।
भिवानी। रबी सीजन में किसान सरसों की बिजाई में जुटे हैं, जबकि गेहूं की बिजाई अभी बाकी है। ऐसे में अधिकृत केंद्रों पर पहुंचे किसानों को खाद नहीं मिल रही है। वीरवार को नई अनाज मंडी स्थित इफ्को के खाद बिक्री केंद्र पर दोपहर से पहले ही खाद का स्टॉक खत्म हो गया।
इसके बाद यहां गेट पर ताला जड़ दिया, वहीं किसान भी दिनभर खाद के लिए भटकते रहे। केंद्र पर खाद लेने पहुंचे किसानों का कहना है कि वे तीन दिन से चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन खाद नहीं मिल रही है। सरसों की फसल में पानी लगा चुके हैं, दस दिन बाद खाद नहीं डाली तो फसल सूख जाएगी।
ऐसे में किसानों के लिए इस समय डीएपी मिलना बेहद जरूरी हो गया है। जो किसान गेहूं की बिजाई करने की तैयारी में हैं वे भी खाद लेने केंद्र तक आ रहे हैं। किसानों का दर्द उन्हीं की जुबानी बयां कर रहे हैं। संवाद
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-- -- -- -- -- -- मैं सुबह पांच बजे खाद लेने के लिए इफ्को केंद्र पर पहुंचा था। सुबह आठ बजे कार्यालय खुला, लेकिन जब तक मेरा नंबर आता, तब तक खाद खत्म हो चुकी थी। मुझे दस एकड़ में फसल के लिए डीएपी के सात बैग लेने थे। मैंने फसल में पानी लगा दिया है, अगर दस दिन खाद नहीं डाली तो फिर फसल सूख जाएगी। - जयभगवान, देवसर
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सुबह से यहां खाद के लिए लाइन में लगे हैं, मेरे साथ छोटे बच्चे भी हैं। जमींदार यहां खाद लेने के लिए काफी लंबी लाइनें लगाए हुए हैं। लेकिन अब बताया गया है कि खाद खत्म हो चुकी है। नया स्टॉक आएगा तब मिलेगी। खाद लेने के लिए रोज चक्कर लगा रहे हैं।
- सरोज बाला, देवसर
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पिछले तीन दिन से खाद के लिए रोजाना सुबह छह बजे यहां आ रहा हूं। मुझे डीएपी के 20 बैग की जरूरत है, लेकिन अधिकारियों का जवाब है कि खाद खत्म हो चुकी है। टोकन भी चहेतों को ही मिल रहे हैं। खाद वितरण में कोई व्यवस्था नहीं है। मेरी जिला प्रशासन से मांग है कि किसानों को जरूरत के हिसाब से खाद दिलाई जाए। अब किसानों को खाद नहीं मिली तो बाद में क्या फायदा होगा।
- दिनेश, दिनोद
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जिले में खाद की कोई दिक्कत नहीं है। बिक्री केंद्रों पर खाद का पर्याप्त भंडारण दिया गया है। जिला प्रशासन की मदद से भी सभी बिक्री केंद्रों पर खाद के लिए लगातार मॉनिटरिंग कराई जा रही है। वहीं किसी भी तरह की दिक्कत होने पर उसका तत्काल समाधान कराया जा रहा है।
- डॉ. विनोद फौगाट, कृषि उपनिदेशक, भिवानी।
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इसके बाद यहां गेट पर ताला जड़ दिया, वहीं किसान भी दिनभर खाद के लिए भटकते रहे। केंद्र पर खाद लेने पहुंचे किसानों का कहना है कि वे तीन दिन से चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन खाद नहीं मिल रही है। सरसों की फसल में पानी लगा चुके हैं, दस दिन बाद खाद नहीं डाली तो फसल सूख जाएगी।
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ऐसे में किसानों के लिए इस समय डीएपी मिलना बेहद जरूरी हो गया है। जो किसान गेहूं की बिजाई करने की तैयारी में हैं वे भी खाद लेने केंद्र तक आ रहे हैं। किसानों का दर्द उन्हीं की जुबानी बयां कर रहे हैं। संवाद
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सुबह से यहां खाद के लिए लाइन में लगे हैं, मेरे साथ छोटे बच्चे भी हैं। जमींदार यहां खाद लेने के लिए काफी लंबी लाइनें लगाए हुए हैं। लेकिन अब बताया गया है कि खाद खत्म हो चुकी है। नया स्टॉक आएगा तब मिलेगी। खाद लेने के लिए रोज चक्कर लगा रहे हैं।
- सरोज बाला, देवसर
पिछले तीन दिन से खाद के लिए रोजाना सुबह छह बजे यहां आ रहा हूं। मुझे डीएपी के 20 बैग की जरूरत है, लेकिन अधिकारियों का जवाब है कि खाद खत्म हो चुकी है। टोकन भी चहेतों को ही मिल रहे हैं। खाद वितरण में कोई व्यवस्था नहीं है। मेरी जिला प्रशासन से मांग है कि किसानों को जरूरत के हिसाब से खाद दिलाई जाए। अब किसानों को खाद नहीं मिली तो बाद में क्या फायदा होगा।
- दिनेश, दिनोद
जिले में खाद की कोई दिक्कत नहीं है। बिक्री केंद्रों पर खाद का पर्याप्त भंडारण दिया गया है। जिला प्रशासन की मदद से भी सभी बिक्री केंद्रों पर खाद के लिए लगातार मॉनिटरिंग कराई जा रही है। वहीं किसी भी तरह की दिक्कत होने पर उसका तत्काल समाधान कराया जा रहा है।
- डॉ. विनोद फौगाट, कृषि उपनिदेशक, भिवानी।