{"_id":"5b3d22714f1c1b0f278b48f5","slug":"131530733169-bhiwani-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अस्पताल का निरीक्षण करने आई असिस्टेंट डायरेक्टर पर छत का मलबा गिरा, घायल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अस्पताल का निरीक्षण करने आई असिस्टेंट डायरेक्टर पर छत का मलबा गिरा, घायल
Updated Thu, 05 Jul 2018 01:09 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
भिवानी। सामान्य अस्पताल की ओपीडी में बुधवार सुबह निरीक्षण के लिए चंडीगढ़ से पहुंची एड्स कंट्रोल विभाग की असिस्टेंट डायरेक्टर पर छत का मलबा टूटकर गिर गया जिससे वह घायल हो गई और उन्हें इमरजेंसी में भर्ती करवाया गया। मलबा गिरने से दो अन्य स्थानीय महिला कर्मचारियों को भी चोट आई। गनीमत रही कि बड़ा हादसा बच गया। मलबा गिरने से अस्पताल की ओपीडी में हड़कंप मच गया। फिलहाल कमरे को बंद कर दिया गया और रिपेयरिंग का अस्टिमेंट बनाने के लिए बीएंडआर विभाग को लिखा है।
मामला बुधवार सुबह करीब 11 बजे का है। स्वास्थ्य विभाग मुख्यालय पंचकूला से एड्स विभाग की असिस्टेंट डायरेक्टर संतोष देवी निरीक्षण के लिए भिवानी पहुंची। उन्होंने पहले ब्लड बैंक का निरीक्षण किया। यहां का निरीक्षण करने के बाद ओपीडी का निरीक्षण किया और ओपीडी के 12 नंबर कक्ष एलएसी प्लास में स्थानीय कर्मचारियों की मीटिंग ले रही थी। अचानक छत का मलबा टूटकर गिर गया। मलबा असिस्टेंट डायरेक्टर संतोष देवी के सिर और चेहरे, वहां मौजूद प्रोग्राम असिस्टेंट सुमन के घुटने और काउंसलर मुकेश की गर्दन पर गिरने से चोट आई। दो अन्य कर्मचारी स्टाफ नर्स संध्या और अकाउंटेंट मोनिका बाल-बाल बच गई। मलबा गिरने से अस्पताल की ओपीडी में हड़कंप मच गया। ओपीडी में कार्यरत अन्य चिकित्सक प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. कृष्ण कुमार, फिजिशियन डॉ. रघुवीर शांडिल्य, वरिष्ठ नेत्र रोग चिकित्सक डॉ. हेमंत व अन्य चिकित्सक व स्टाफ सदस्य मदद के लिए दौड़े। घायलों को तुरंत उपचार के लिए इमरजेंसी में भर्ती करवाया गया। असिस्टेंट डायरेक्टर इमरजेंसी में भर्ती थी तो काउंसलर मुकेश और प्रोग्राम असिस्टेंट सुमन को प्राथमिक उपचार दिया गया। काउंसलर मुकेश को सिटी स्केन की सलाह दी गई है।
कमरा किया बंद, पूरे बिल्डिंग की होगी जांच
सामान्य अस्पताल का भवन बहुत पुराना है। वरिष्ठ चिकित्सकों और वरिष्ठ नागरिकों की मानें तो करीब 50 साल से भी अधिक समय सामान्य अस्पताल के भवन निर्माण को हो चुके हैं। वर्ष 2008 में मिली ग्रांट से ओपीडी व अन्य वार्डों में पेंट हुआ। ओपीडी में जर्जर छत को फाल सीलिंग के माध्यम से ढक दिया गया। बरसात में छत पर पानी जमा होने के कारण पूरी भवन में सीलन आई हुई है। जिस कारण यहां हमेशा बड़े हादसे की आशंका रहती है। सामान्य अस्पताल प्रशासन ने फिलहाल उक्त 12 नंबर कमरे को बंद कर दिया है और बीएंडआर विभाग को पत्र लिखकर कमरे की जांच और मरम्मत के लिए अस्टिमेट पूछा है। इसके अलावा पूरी भवन की जांच के लिए भी बीएंडआर को पत्र लिखने की तैयारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
भिवानी। सामान्य अस्पताल की ओपीडी में बुधवार सुबह निरीक्षण के लिए चंडीगढ़ से पहुंची एड्स कंट्रोल विभाग की असिस्टेंट डायरेक्टर पर छत का मलबा टूटकर गिर गया जिससे वह घायल हो गई और उन्हें इमरजेंसी में भर्ती करवाया गया। मलबा गिरने से दो अन्य स्थानीय महिला कर्मचारियों को भी चोट आई। गनीमत रही कि बड़ा हादसा बच गया। मलबा गिरने से अस्पताल की ओपीडी में हड़कंप मच गया। फिलहाल कमरे को बंद कर दिया गया और रिपेयरिंग का अस्टिमेंट बनाने के लिए बीएंडआर विभाग को लिखा है।
मामला बुधवार सुबह करीब 11 बजे का है। स्वास्थ्य विभाग मुख्यालय पंचकूला से एड्स विभाग की असिस्टेंट डायरेक्टर संतोष देवी निरीक्षण के लिए भिवानी पहुंची। उन्होंने पहले ब्लड बैंक का निरीक्षण किया। यहां का निरीक्षण करने के बाद ओपीडी का निरीक्षण किया और ओपीडी के 12 नंबर कक्ष एलएसी प्लास में स्थानीय कर्मचारियों की मीटिंग ले रही थी। अचानक छत का मलबा टूटकर गिर गया। मलबा असिस्टेंट डायरेक्टर संतोष देवी के सिर और चेहरे, वहां मौजूद प्रोग्राम असिस्टेंट सुमन के घुटने और काउंसलर मुकेश की गर्दन पर गिरने से चोट आई। दो अन्य कर्मचारी स्टाफ नर्स संध्या और अकाउंटेंट मोनिका बाल-बाल बच गई। मलबा गिरने से अस्पताल की ओपीडी में हड़कंप मच गया। ओपीडी में कार्यरत अन्य चिकित्सक प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. कृष्ण कुमार, फिजिशियन डॉ. रघुवीर शांडिल्य, वरिष्ठ नेत्र रोग चिकित्सक डॉ. हेमंत व अन्य चिकित्सक व स्टाफ सदस्य मदद के लिए दौड़े। घायलों को तुरंत उपचार के लिए इमरजेंसी में भर्ती करवाया गया। असिस्टेंट डायरेक्टर इमरजेंसी में भर्ती थी तो काउंसलर मुकेश और प्रोग्राम असिस्टेंट सुमन को प्राथमिक उपचार दिया गया। काउंसलर मुकेश को सिटी स्केन की सलाह दी गई है।
विज्ञापन
कमरा किया बंद, पूरे बिल्डिंग की होगी जांच
सामान्य अस्पताल का भवन बहुत पुराना है। वरिष्ठ चिकित्सकों और वरिष्ठ नागरिकों की मानें तो करीब 50 साल से भी अधिक समय सामान्य अस्पताल के भवन निर्माण को हो चुके हैं। वर्ष 2008 में मिली ग्रांट से ओपीडी व अन्य वार्डों में पेंट हुआ। ओपीडी में जर्जर छत को फाल सीलिंग के माध्यम से ढक दिया गया। बरसात में छत पर पानी जमा होने के कारण पूरी भवन में सीलन आई हुई है। जिस कारण यहां हमेशा बड़े हादसे की आशंका रहती है। सामान्य अस्पताल प्रशासन ने फिलहाल उक्त 12 नंबर कमरे को बंद कर दिया है और बीएंडआर विभाग को पत्र लिखकर कमरे की जांच और मरम्मत के लिए अस्टिमेट पूछा है। इसके अलावा पूरी भवन की जांच के लिए भी बीएंडआर को पत्र लिखने की तैयारी है।
विज्ञापन