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Ambala News: शिक्षकों को एआई के महत्व की समझाईं बारीकियां
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नारायणगढ़ के डीएवी स्कूल में कार्यशाला समापन के दौरान मौजूद शिक्षक। प्रवक्ता
- फोटो : Archive
संवाद न्यूज एजेंसी
नारायणगढ़। डीएवी पब्लिक स्कूल में डीएवी सेंटर फॉर एकेडमिक एक्सिलेंस, नई दिल्ली के सानिध्य में आयोजित दो दिवसीय क्षमता वर्धन कार्यशाला का रविवार को समापन हुआ। कार्यशाला में अंबाला जोन के विभिन्न डीएवी स्कूलों के शिक्षकों ने भाग लिया। इस शिक्षकों को एआई के महत्व की बारीकियां समझाईं गईं।
विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. आरपी राठी के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में डीएवी सीएमसी के ऑनरेरी ट्रेजरर डॉ. एमसी शर्मा और एआरओ डॉ. विकास कोहली मौजूद रहे। विशेषज्ञों ने अंग्रेजी में स्टोरी टेलिंग, सोशल साइंस में जियो पॉलिटिक्स, ईईडीपी में बाल मनोविज्ञान और आईसीटी में भविष्य के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के महत्व पर शिक्षकों को बारीकियां समझाईं।
डॉ. एमसी शर्मा ने कहा कि ऐसी कार्यशालाएं शिक्षकों को नई शिक्षण पद्धतियों से जोड़ती हैं। इससे शिक्षा का स्तर और अधिक प्रभावी होता है। डॉ. राठी ने बताया कि प्रशिक्षण के बाद ये शिक्षक अब सीबीएसई स्तर पर भी अपनी सेवाएं दे सकेंगे। इस दौरान यमुनानगर, सढौरा व जगाधरी सहित विभिन्न स्कूलों के प्रधानाचार्य भी उपस्थित रहे।
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नारायणगढ़। डीएवी पब्लिक स्कूल में डीएवी सेंटर फॉर एकेडमिक एक्सिलेंस, नई दिल्ली के सानिध्य में आयोजित दो दिवसीय क्षमता वर्धन कार्यशाला का रविवार को समापन हुआ। कार्यशाला में अंबाला जोन के विभिन्न डीएवी स्कूलों के शिक्षकों ने भाग लिया। इस शिक्षकों को एआई के महत्व की बारीकियां समझाईं गईं।
विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. आरपी राठी के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में डीएवी सीएमसी के ऑनरेरी ट्रेजरर डॉ. एमसी शर्मा और एआरओ डॉ. विकास कोहली मौजूद रहे। विशेषज्ञों ने अंग्रेजी में स्टोरी टेलिंग, सोशल साइंस में जियो पॉलिटिक्स, ईईडीपी में बाल मनोविज्ञान और आईसीटी में भविष्य के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के महत्व पर शिक्षकों को बारीकियां समझाईं।
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डॉ. एमसी शर्मा ने कहा कि ऐसी कार्यशालाएं शिक्षकों को नई शिक्षण पद्धतियों से जोड़ती हैं। इससे शिक्षा का स्तर और अधिक प्रभावी होता है। डॉ. राठी ने बताया कि प्रशिक्षण के बाद ये शिक्षक अब सीबीएसई स्तर पर भी अपनी सेवाएं दे सकेंगे। इस दौरान यमुनानगर, सढौरा व जगाधरी सहित विभिन्न स्कूलों के प्रधानाचार्य भी उपस्थित रहे।
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