{"_id":"65cfe16cd8428aa5cd069546","slug":"labor-organizations-roar-for-rights-ambala-news-c-36-1-amb1001-118471-2024-02-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambala News: हक के लिए गरजे मजदूर संगठन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambala News: हक के लिए गरजे मजदूर संगठन
विज्ञापन
राष्ट्रव्यापी हड़ताल के दौरान रोष प्रदर्शन करते मजदूर संगठन। संवाद
नारायणगढ़। मजदूर संगठन सीआईटीयू, रोडवेज के सांझा मोर्चा और किसान संगठनों के कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रव्यापी हड़ताल व ग्रामीण भारत बंद में भाग लिया।
उन्होंने केंद्र और प्रदेश सरकार से कहा कि लंबित मांगो को जल्द लागू किया जाए वरना परिणाम भुगतने को तैयार रहें। प्रदर्शनकारियों में परियोजना वर्कर्स समेत कच्चे और पक्के कर्मचारी तथा किसान शामिल थे। बस अड्डे से एसडीएम कार्यालय तक जहां सरकार की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ नारेबाजी की गई। महंगाई पर रोक लगाकर जनता को राहत देने एवं बेरोजगारों को रोजगार देने की मांग को भी प्रमुखता से उठाया गया।
राष्ट्रव्यापी हड़ताल व ग्रामीण भारत बंद के माध्यम से केंद्र व प्रदेश सरकार से मांग की गई कि सभी फसलों की एमएसपी की कानूनी गारंटी दी जाए। चारों लेबर कोड और बिजली बिल 2022 वापिस लिया जाए। हिट-एंड-रन कानून में बनाए कठोर नियम वापिस हों। सभी बेरोजगारों को रोजगार दिया जाए शामिल थी।
उक्त सभी मांगो को लेकर सुबह चार बजे बस अड्डे के वर्कशाप गेट पर रोडवेज के सांझा मोर्चा के नेता बचन सिंह, अमर नाथ सैनी, राजीव व डोंगर सिंह के नेतृत्व में कर्मचारियों ने चक्का जाम करके प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके बाद ट्रक व टैक्सी चालक ने भी ट्रांसपोर्ट वर्कर्स यूनियन के बैनर के साथ वर्कशाप गेट पहुंचकर रोडवेजकर्मियों के साथ हिट एंड रन कानून में बनाए गए कठोर नियमों को फौरन वापस लेने की मांग को प्रमुखता से उठाया।
विज्ञापन
इसके बाद अन्य संगठनों ने भी अपनी आवाज को बुलंद किया। प्रदर्शन को अलग-अलग संगठनों के नेता सतीश सेठी, रमेश नन्हेड़ा, निर्मल संधू तंदवाल, बरखा राम, स्नेह लता, सुषमा आदि ने संबोधित किया।
विज्ञापन
उन्होंने केंद्र और प्रदेश सरकार से कहा कि लंबित मांगो को जल्द लागू किया जाए वरना परिणाम भुगतने को तैयार रहें। प्रदर्शनकारियों में परियोजना वर्कर्स समेत कच्चे और पक्के कर्मचारी तथा किसान शामिल थे। बस अड्डे से एसडीएम कार्यालय तक जहां सरकार की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ नारेबाजी की गई। महंगाई पर रोक लगाकर जनता को राहत देने एवं बेरोजगारों को रोजगार देने की मांग को भी प्रमुखता से उठाया गया।
राष्ट्रव्यापी हड़ताल व ग्रामीण भारत बंद के माध्यम से केंद्र व प्रदेश सरकार से मांग की गई कि सभी फसलों की एमएसपी की कानूनी गारंटी दी जाए। चारों लेबर कोड और बिजली बिल 2022 वापिस लिया जाए। हिट-एंड-रन कानून में बनाए कठोर नियम वापिस हों। सभी बेरोजगारों को रोजगार दिया जाए शामिल थी।
विज्ञापन
उक्त सभी मांगो को लेकर सुबह चार बजे बस अड्डे के वर्कशाप गेट पर रोडवेज के सांझा मोर्चा के नेता बचन सिंह, अमर नाथ सैनी, राजीव व डोंगर सिंह के नेतृत्व में कर्मचारियों ने चक्का जाम करके प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके बाद ट्रक व टैक्सी चालक ने भी ट्रांसपोर्ट वर्कर्स यूनियन के बैनर के साथ वर्कशाप गेट पहुंचकर रोडवेजकर्मियों के साथ हिट एंड रन कानून में बनाए गए कठोर नियमों को फौरन वापस लेने की मांग को प्रमुखता से उठाया।
विज्ञापन
इसके बाद अन्य संगठनों ने भी अपनी आवाज को बुलंद किया। प्रदर्शन को अलग-अलग संगठनों के नेता सतीश सेठी, रमेश नन्हेड़ा, निर्मल संधू तंदवाल, बरखा राम, स्नेह लता, सुषमा आदि ने संबोधित किया।