{"_id":"687d5968fd2a6400f10c290c","slug":"health-department-did-not-get-news-of-delivery-of-minor-will-now-take-action-ambala-news-c-36-1-ame1006-146401-2025-07-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambala News: नाबालिग के प्रसव की स्वास्थ्य विभाग को नहीं लगी खबर, अब करेगा कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambala News: नाबालिग के प्रसव की स्वास्थ्य विभाग को नहीं लगी खबर, अब करेगा कार्रवाई
विज्ञापन
अंबाला सिटी। पॉक्सो के मामले में नाबालिग के प्रसव की सूचना स्वास्थ्य विभाग की ओर न मिलने के चलते अब जिला बाल कल्याण समिति की ओर से कार्रवाई के निर्देश जारी हुए हैं। जिस पर विभाग संबंधित को कारण बताओ नोटिस जारी करेगा। इस मामले में नाबालिग से शादी करने वाले आरोपी पर जिला बाल कल्याण समिति की ओर से पॉक्सो एक्ट व बाल विवाह एक्ट के तहत मामला दर्ज करवाया गया है, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी पति को गिरफ्तार किया है। इस मामले में अब सुनवाई जारी है।
पड़ोस के रहने वाले लड़के से ही किया था विवाह
थाना पड़ाव क्षेत्र में रहने वाली नाबालिग ने पड़ोस में ही रहने वाले 19 वर्षीय लड़के से 21 मार्च 2024 को प्रेम प्रसंग के चलते विवाह कर लिया, इसके बाद वह अपने माता पिता को बिना बताए ही घर से चली गई और लड़के के साथ ही छावनी में रहने लगी, जिसके बाद इसी वर्ष नाबालिग ने जून 28 को एक बच्ची को जन्म दिया। इसकी सूचना पड़ाव थाना को हुई तो पुलिस ने नाबालिग से उसकी आयु पूछी मगर नाबालिग ने कोई कार्रवाई न करवाने के बयान दे दिए, इसके बाद पुलिस ने मामले को जिला बाल कल्याण समिति तक पहुंचाया तो समिति ने इस मामले में नाबालिग का प्रमाणपत्र मांगा, जिसके आधार पर पता चला कि नाबालिग की उम्र 18 वर्ष से कम है। इसी आधार पर जिला बाल कल्याण समिति की ओर से पॉक्सो व बाल विवाह अधिनियम के तहत मामला दर्ज करवाया गया।
स्वास्थ्य विभाग को नहीं लगी भनक
इन दिनों प्रत्येक गर्भवती का पंजीकरण करवाना अनिवार्य किया गया है, ऐसे में अगर नाबालिग के गर्भवती होने के बारे में जानकारी न होना स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाता है। जब भी कोई महिला गर्भवती होती है तो उसके बारे में क्षेत्र के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र या फिर एएनएम को जानकारी होती है, इसके बाद ही महिला की जांच करवाई जाती है, जिसके लिए अब आरसीएच पहचान पत्र बनाया जाता है।
विज्ञापन
जिला बाल कल्याण समिति की ओर से शिकायत दर्ज करवाकर आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। दोनों ने शादी के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की है। इधर स्वास्थ्य विभाग की चूक को लेकर भी कार्रवाई के लिए कहा गया है।
- रंजिता सचदेवा, चेयरपर्सन जिला बाल कल्याण समिति अंबाला।
यह मामला अभी तक मेरे संज्ञान में नहीं आया है। मामला सामने आने के बाद संबंधित अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा। गर्भवतियों के लिए स्वास्थ्य विभाग गंभीर है। - डॉ विपिन भंडारी, पीएनडीटी अधिकारी अंबाला।
विज्ञापन
पड़ोस के रहने वाले लड़के से ही किया था विवाह
थाना पड़ाव क्षेत्र में रहने वाली नाबालिग ने पड़ोस में ही रहने वाले 19 वर्षीय लड़के से 21 मार्च 2024 को प्रेम प्रसंग के चलते विवाह कर लिया, इसके बाद वह अपने माता पिता को बिना बताए ही घर से चली गई और लड़के के साथ ही छावनी में रहने लगी, जिसके बाद इसी वर्ष नाबालिग ने जून 28 को एक बच्ची को जन्म दिया। इसकी सूचना पड़ाव थाना को हुई तो पुलिस ने नाबालिग से उसकी आयु पूछी मगर नाबालिग ने कोई कार्रवाई न करवाने के बयान दे दिए, इसके बाद पुलिस ने मामले को जिला बाल कल्याण समिति तक पहुंचाया तो समिति ने इस मामले में नाबालिग का प्रमाणपत्र मांगा, जिसके आधार पर पता चला कि नाबालिग की उम्र 18 वर्ष से कम है। इसी आधार पर जिला बाल कल्याण समिति की ओर से पॉक्सो व बाल विवाह अधिनियम के तहत मामला दर्ज करवाया गया।
विज्ञापन
स्वास्थ्य विभाग को नहीं लगी भनक
इन दिनों प्रत्येक गर्भवती का पंजीकरण करवाना अनिवार्य किया गया है, ऐसे में अगर नाबालिग के गर्भवती होने के बारे में जानकारी न होना स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाता है। जब भी कोई महिला गर्भवती होती है तो उसके बारे में क्षेत्र के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र या फिर एएनएम को जानकारी होती है, इसके बाद ही महिला की जांच करवाई जाती है, जिसके लिए अब आरसीएच पहचान पत्र बनाया जाता है।
विज्ञापन
जिला बाल कल्याण समिति की ओर से शिकायत दर्ज करवाकर आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। दोनों ने शादी के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की है। इधर स्वास्थ्य विभाग की चूक को लेकर भी कार्रवाई के लिए कहा गया है।
- रंजिता सचदेवा, चेयरपर्सन जिला बाल कल्याण समिति अंबाला।
यह मामला अभी तक मेरे संज्ञान में नहीं आया है। मामला सामने आने के बाद संबंधित अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा। गर्भवतियों के लिए स्वास्थ्य विभाग गंभीर है। - डॉ विपिन भंडारी, पीएनडीटी अधिकारी अंबाला।