Ambala News: गाड़े आली गजबण छोरी भादरगढ़ का बम... गीत पर झूमे
माई सिटी रिपोर्टर
अंबाला। छावनी के जीएमएन कॉलेज में 49वें जोनल युवा महोत्सव का पहला दिन सामाजिक संदेशों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से भरा रहा। विद्यार्थियों ने कोरियोग्राफी और लोक नृत्य के माध्यम से नीट पेपर लीक, बेटियों पर अत्याचार और मानसिक रूप से अक्षम बच्चों के समान अवसरों जैसे गंभीर मुद्दों को उठाया। महोत्सव में विभिन्न कॉलेजों के छात्रों ने अपनी प्रतिभा, रचनात्मकता और सांस्कृतिक अभिव्यक्ति का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। इस दाैरान हरियाणवी गीत- गाड़े आली गजबण छोरी भादरगढ़ का बम.... पर कलाकारों ने रंग जमा दिया और दर्शक झूम उठे।
नीट पेपर लीक पर सामूहिक नृत्य ने बच्चों के दर्द को बयां किया। इसमें एक लड़की के सपने टूटने और उसे आत्महत्या के लिए मजबूर होने की कहानी दिखाई गई। दूसरे प्रदर्शन में बेटियों पर अत्याचार को दर्शाया गया। इसमें महिलाओं ने उत्पीड़न के खिलाफ हथियार उठाए और ऐसे लोगों को मुंहतोड़ जवाब दिया। मानसिक रूप से अक्षम बच्चों को समाज से अलग न रखने का संदेश भी दिया गया, जिसने दर्शकों को भावुक कर दिया। महोत्सव के प्रथम दिन विभिन्न विधाओं में आयोजित प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
प्रतियोगिताओं में जीएमएन कॉलेज का दबदबा
शास्त्रीय वाद्य संगीत (ताल वाद्य एकल) में जीएमएन कॉलेज, अंबाला छावनी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। एसडी कॉलेज, अंबाला छावनी दूसरे और गवर्नमेंट कॉलेज, सेक्टर-1, पंचकूला तीसरे स्थान पर रहे। प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में भी जीएमएन कॉलेज, अंबाला छावनी ने पहला स्थान हासिल किया। एसडी कॉलेज, अंबाला छावनी दूसरे और आर्य को-एड कॉलेज, अंबाला छावनी तीसरे स्थान पर रहे। कोरियोग्राफी और माइम प्रतियोगिताओं में एसडी कॉलेज, अंबाला छावनी प्रथम रहा, जबकि जीएमएन कॉलेज, अंबाला छावनी दोनों में दूसरे स्थान पर रहा। शास्त्रीय वाद्य संगीत (गैर-ताल वाद्य एकल) में भी जीएमएन कॉलेज, अंबाला छावनी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया।
युवा महोत्सव विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में भूमिका : डॉ. गुरदेव
कॉलेज प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डॉ. गुरदेव सिंह ने कहा कि युवा महोत्सव विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे आयोजनों से विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, अनुशासन, रचनात्मकता, सहयोग और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होती है। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के युवा एवं सांस्कृतिक विभाग के निदेशक डॉ. विवेक चावला ने बताया कि युवा महोत्सव भारतीय संस्कृति और परंपराओं को सहेजने में सहायक हैं। यह नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
विभिन्न विधाओं का प्रदर्शन
महोत्सव में हरियाणवी लोकनृत्य को भी पर्याप्त स्थान दिया गया। प्रतिभागियों ने पारंपरिक हरियाणवी लूर नृत्य का प्रदर्शन किया। गाड़े आली गजबण छोरी भादरगढ़ का बम.... गीत पर कलाकारों ने रंग जमा दिया और दर्शक भी झूम उठे। महोत्सव के प्रथम दिन कोरियोग्राफी, शास्त्रीय एकल नृत्य, माइम, रिचुअल्स, एकल नृत्य, संस्कृत नाटक, भारतीय ऑर्केस्ट्रा, ऑन-द-स्पॉट पेंटिंग, पोस्टर मेकिंग, रंगोली और संस्कृत भाषण सहित विभिन्न विधाओं में प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। कार्यक्रम में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के युवा एवं सांस्कृतिक विभाग के निदेशक डॉ. विवेक चावला उपस्थित रहे। संध्याकालीन सत्र में चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति डॉ. राधे श्याम शर्मा भी विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए।

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad

अंबाला छावनी के गांधी मेमोरियल नेशनल कॉलेज में आयोजित जोनल यूथ फेस्टिवल के दौरान हरियाणावी लूर- फोटो : Samvad