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5 दुकानें सील, 5 ने मौके पर थमाए 12 लाख 50 हजार रुपये

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 25 Jan 2020 01:15 AM IST
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civic - फोटो : Ambala
नगर परिषद को किराया नहीं देने वाले दुकानदारों पर अब अधिकारियों का डंडा चलने लगा है। गत सप्ताह छावनी में 10 दुकानों को सील करने के बाद शुक्रवार को एक बार फिर परिषद की टीम 10 दुकानों को सील करने के लिए बाजारों में उतरी। सचिव राजेश कुमार की अगुवाई में जब टीम बाजारों में पहुंची तो हड़कंप मच गया। हालांकि इस कार्रवाई से बचने के लिए मौके पर ही 5 दुकानदारों ने करीब 12 लाख 50 हजार रुपये के चेक अधिकारियों को थमा दिए। लेकिन 5 दुकानदारों ने किसी भी प्रकार से राशि देने में असमर्थता जताई। लिहाजा उनकी दुकानों को सील कर दिया गया। गौरतलब है कि इन दुुकानदारों ने पिछले 8 साल से परिषद को रेंट के तौर पर अठन्नी भी नहीं दी थी। सीलिंग होने वाले दुुकानों के मालिकों जगाधरी रोड पर राजपाल पर करीब ढाई लाख और देवकी नंदन पर पौने दो लाख व अन्य पर भी इसी तरह लाखों का बकाया है। इन सभी 10 दुकानदारों से परिषद ने 22 लाख 72 हजार रुपये के करीब रिकवरी करनी थी।
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दो दुकानदारों ने दिए सवा छह लाख
डिफाल्टरों में शामिल दुकानदार रविंद्र मदान दुकान नंबर 78 ए ने मौके पर ही टीम को 3 लाख 95 हजार रुपये देकर अपनी दुकानों को सील होने से बचाया। इसके अलावा सुखचैन ढाबे के मालिक ने भी मौके पर ही सवा दो लाख रुपये का चेक टीम को थमा दिया। शेष दुकानदारों ने करीब सवा-सवा लाख रुपये के चेक देकर अपनी दुकानों को सील होने से बचा लिया।
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हमने 5 दुकानें सील की हैं जबकि 5 दुकानदारों ने मौके पर ही करीब साढ़े 12 लाख रुपये के चेक हमें दे दिए। इसीलिए उनकी दुकानों को सील नहीं किया गया। जो भी दुकानदार अब नोटिस के बावजूद पैसे नहीं दे रहे उनकी दुकानों को हम सील करेंगे।
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राजेश, सचिव परिषद।
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