फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Ambala News ›   anav chauk Encroachment in ambala

रेहड़ी-फड़ी वालों को हटाने पर बवाल, समर्थन में उतरे किसान

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 03 Mar 2021 01:40 AM IST
विज्ञापन
anav chauk Encroachment in ambala
मानव चौक स्थित हुडा की जमीन पर लगाई जा रही सब्जी मंडी से कब्जा हटाने को लेकर जमकर बवाल हुआ। करीब 8 घंटे तक हुडा के साथ पुलिस बल के इसे हटाने में पसीने छूट गए। इसके बावजूद अधिकारियों को ही डीसी से फटकार खाकर बैरंग लौटना पड़ा। नियमानुसार कब्जे को हटाने के लिए हुडा के अधिकारियों द्वारा चस्पा किए गए नोटिस पर न तो किसी के हस्ताक्षर पाए गए न ही इन नोटिस पर कोई तारीख अंकित थी। लिहाजा डीसी को ही कार्रवाई टालने के आदेश अधिकारियों की लापरवाही के चलते जारी करने पड़े। इससे पहले किसानों को जब इस कार्रवाई की भनक लगी तो वह भी मौके पर पहुंच गए। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि हुडा अधिकारियों ने मौके पर डीएसपी को बुलाया। डीसी ने भी पूरा जोर लगाया, लेकिन किसानों के आगे उनकी एक न चल सकी।
विज्ञापन

सुबह 9 बजे कार्रवाई के लिए पहुंची टीम, कांग्रेस भी समर्थन में आए
इससे पहले सुबह करीब 9 बजे हुडा की टीम भारी दलबल के साथ सब्जी मंडी को हटाने के लिए पहुंचे थे। जैसे ही इस कार्रवाई की भनक रेहड़ी-फड़ी वालों को लगी सभी ने एकजुट होकर विभाग की कार्रवाई का विरोध किया। कांग्रेस प्रदेश कोषाध्यक्ष रोहित जैन, कैंट से ओंकार नाथ परुथी और अन्य साथ ही मौके पर रेहड़ी-फड़ी वालों के समर्थन में पहुंच गए। इसी बीच रेहड़ी-फड़ी वालों का एक प्रतिनिधिमंडल फरियाद लेकर विधायक के पास गया। लेकिन विधायक ने कार्रवाई को सही बताया। यहां से निराश प्रतिनिधिमंडल उपायुक्त दरबार में पहुंचे। यहां से भी उन्हें मायूसी ही हाथ लगी। उधर मानव चौक पर हुडा के इस्टेट ऑफिसर व एक्सईएन पुलिस अधिकारियों के साथ कब्जा हटाने को लेकर रणनीति बनाते रहे। करीब दो घंटे बाद दुकानदारों के भारी विरोध के बाद अधिकारी वापस लौट गए। थोड़ी ही देर बाद हुडा का प्रशासनिक अमला कब्जा हटवाने के लिए पुलिस दलबल के साथ करीब एक बजे मानव चौक पहुंचा। इससे पहले कि हुडा के अधिकारी कुछ कार्रवाई कर पाते, मौके पर किसान यूनियन के पदाधिकारी पहुंच गए और प्रशासन को धरने की चेतावनी दे डाली।
विज्ञापन

किसान नेताओं से बोले डीएसपी इस मामले से रहें दूर
मौके की नजाकत को देखते हुए डीएसपी कैंट को सूचित किया गया। डीएसपी ने किसान यूनियन को इस मसले से दूर रहने की हिदायत दी। इससे किसान भड़क गए। किसान नेताओं ने रेहड़ी चालकों के खिलाफ कार्रवाई करने पर रेहड़ियों के आगे लेट जाने के आदेश दे दिए। मामला गर्माता देख डीएसपी ने नरम रुख अपनाते हुए भाकियू को डीसी के आदेेश की कॉपी दिखाई। जिसको लेकर भाकियू व रेहड़ी चालकों का प्रतिनिधिमंडल एक बार फिर उपायुक्त के आवास पर पहुंचा। हुडा द्वारा लगाया गया नोटिस दिखाया। जिसे देखते ही उपायुक्त ने नाराजगी व्यक्त की। हुडा के अधिकारियों फटकार लगाते हुए कहा कि यह कोई नोटिस नहीं केवल सूचना है, क्योंकि इसपर न तो किसी अधिकारी के हस्ताक्षर हैं और न ही कोई तारीख। अब आगे पहले सभी रेहड़ी वालों को सही तरीके से नोटिस जारी करें और फिर नियमानुसार कार्रवाई करें।
विज्ञापन
विज्ञापन

600 परिवारों के आगे छा जाएगा रोजी रोटी का संकट
स्ट्रीट वेंडिंग एक्ट के तहत निगम की ओर से रेहड़ी फड़ी वालों को प्रमाण पत्र तो वितरित कर दिए गए हैं, लेकिन इतने साल गुजर जाने के बाद भी निगम की ओर से इन्हें निर्धारित जगह नहीं दी गई है। अब जब हुडा की ओर से कार्रवाई की जा रही है तो रेहड़ी-फड़ी वालों के पास कोई ओर जगह भी नहीं है। जहां वह अपनी रेहड़ी लगाकर गुजारा चला सकें। इससे सीधे तौर पर 600 से अधिक परिवार प्रभावित होंगे।

150 पुलिसकर्मी 3 एसएचओ और एक डीएसपी ने संभाली कमान
कब्जा हटाने की कार्रवाई को लेकर प्रशासन की ओर से पूरी तैयारी की हुई थी। इसके लिए 150 पुलिस कर्मी, 3 एसएचओ और स्वयं कैंट डीएसपी मौके पर मौजूद रहे। इसके साथ 2 जेसीबी, 2 ट्राली और 50 हुडा के कर्मी भी मौके पर पहुंचे थे। फिर भी भारी भरकम टीम कार्रवाई अमल में नहीं ला सकी और उन्हें उपायुक्त के आदेश के बाद बैरंग लौटना पड़ा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed