{"_id":"59ad9f944f1c1b17278b5256","slug":"61504550804-ambala-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"- पीजीआई के डाक्टरों ने आशंका जताई स्वाईन से मौत की","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
- पीजीआई के डाक्टरों ने आशंका जताई स्वाईन से मौत की
Updated Tue, 05 Sep 2017 12:16 AM IST
विज्ञापन
फोटो नंबर : 41 व 44
- डाक्टरों ने मृतक महिला को स्नान कराए बिना संस्कार की दी सलाह
- सीएमओ बोले पीजीआई से ऑनलाइन जानकारी अभी नहीं मिली जिला स्वास्थ्य को
- जिले में अब तक स्वाइन फ्लू के पांच मामले
अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला कैंट/बराड़ा।
जिले के गांव खनपुरा में स्वाइन फ्लू का संदिग्ध मामला सामने आया है। बुखार से पीड़ित 46 वर्षीय महिला कर्मजीत कौर ने बीती रात पीजीआई चंडीगढ़ में दम तोड़ दिया। पीजीआई के डाक्टरों ने रिपोर्ट में स्वाइन फ्लू की आशंका जताई है। दूसरी ओर गांव में शव पहुंचने पर पीजीआई से आई मेडिकल टीम ने महिला को बिना स्नान कराए संस्कार करने का आह्वान टीम ने किया। उनका कहना था कि शव को स्नान कराने से स्वाइन फ्लू के फैलने का खतरा रहता है। उधर, जिले का स्वास्थ्य विभाग अभी इस मामले को स्वाइन फ्लू से होने की पुष्टि नहीं कर रहा है। सीएमओ डा. विनोद गुप्ता ने कहा कि पीजीआई चंडीगढ़ से अभी इस संबंध में कोई लिखित या ऑनलाइन सूचना नहीं आई है। मामले को लेकर मंगलवार जांच की जाएगी।
कस्बा के गांव खनपुरा में निवासी मृतक कर्मजीत कौर के परिजनों ने बताया कि सोमवार को सुबह पीजीआई से आई टीम ने बताया कि महिला को बिना स्नान कराए संस्कार किया जाए जिसके बाद स्थानीय शमशानघाट में संस्कार किया गया। कर्मजीत कौर को बीते चार दिनों से बुखार था। पहले प्राइवेट डाक्टरों ने इलाज किया था लेकिन जब आराम नहीं हुआ तो डाक्टरों ने कर्मजीत कौर को पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया। कर्मजीत कौर के बेटे सुखविंद्र सिंह ने बताया कि आराम नहीं मिलने पर बीती रात उनकी मां की मौत हो गई। सुखविंद्र ने बताया कि डाक्टरों ने बताया कि उसकी माता को श्वास लेेने में बहुत कष्ट हो रहा था। डाक्टरों ने स्वाइन फ्लू की आशंका जताई थी। कर्मजीत कौर अपने पीछे तीन लड़कियां व दो लड़के छोड़ गई है।
--------------------
गांव में कई लोगों को बुखार
वहीं महिला की मौत के बाद गांव में दहशत का माहौल है। गांव के सरपंच राजेंद्र सिंह ने बताया कि पीजीआई से आई टीम ने परिजनों व गांव के लोगों को जैसे ही कहा कि महिला को नहलाया न जाए, ऐसा करने से गांव में बीमारी फैल। इसे सुन लोग परेशान हो गए। इस समय गांव में कई लोगों को बुखार है। जिन लोगों को बुखार है अब उन्हें इस बीमारी का डर सता रहा है। मामले को लेकर वह अब रक्त जांच करवा रहे हैं।
विज्ञापन
----------------
स्वाइन फ्लू के लक्षण
तेज बुखार के साथ खांसी, जुकाम हो जाता है। सांस फूलने लग जाती है। आंख से पानी आने लगता है। मुंह से स्लाइस आने लगती है। ऐसे में बुखार भी 104 डिग्री हो जाता है। उसके एम वन व एव वन के नाक व कान में रूई डाल रक्त के नमूने लेकर जांच की जाती है। वैसे स्वाइन फ्लू के मरीज की जान को खतरा बना रहता है।
------------------------
जिले में अब तक पांच मामले, तैयारी नहीं
बता दें कि जिले में अब तक स्वाइन फ्लू के पांच मामले सामने आ चुके हैं। उमस व बारिश होते ही बीमारी का वायरस तीव्रता से फैलता है और अब तक आए मामलों से आगे भी इस बीमारी के फैलने का खतरा है। ट्विन सिटी के अस्पतालों में अभी तक कोई आईसुलेशन वार्ड तैयार नहीं है। कैंट सिविल अस्पताल में कोई ऐसा वार्ड अभी तैयार नहीं किया गया है। हां, डाक्टरों का कहना है कि यदि मरीज आता है तो उसके लिए तुरंत अलग से व्यवस्था कर दी जाएगी।
-ञ्--------------
बचाव के तरीके
तेज बुखार होने पर डाक्टर से रक्त की जांच करवाएं। अगर सांस लेने में कठिनाई हो, मुंह व आंख से पानी बहे तो उसी समय अपने नजदीकी अस्पताल में डाक्टर से स्वास्थ्य की जांच करवाएं।
कोट्स
पीजीआई की तरफ से जिला स्वास्थ्य विभाग को अभी स्वाइन फ्लू से महिला की मौत के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली है। यदि मामला संदिग्ध है तो मंगलवार को चेक करवाया जाएगा। स्वाइन फ्लूृ के अब तक जिले में पांच मामले सामने आ चुके हैं और इससे निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग की पूरी तैयारी है।
डा. विनोद गुप्ता, सीएमओ, अंबाला।
-----------------------
विज्ञापन
- डाक्टरों ने मृतक महिला को स्नान कराए बिना संस्कार की दी सलाह
- सीएमओ बोले पीजीआई से ऑनलाइन जानकारी अभी नहीं मिली जिला स्वास्थ्य को
- जिले में अब तक स्वाइन फ्लू के पांच मामले
अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला कैंट/बराड़ा।
जिले के गांव खनपुरा में स्वाइन फ्लू का संदिग्ध मामला सामने आया है। बुखार से पीड़ित 46 वर्षीय महिला कर्मजीत कौर ने बीती रात पीजीआई चंडीगढ़ में दम तोड़ दिया। पीजीआई के डाक्टरों ने रिपोर्ट में स्वाइन फ्लू की आशंका जताई है। दूसरी ओर गांव में शव पहुंचने पर पीजीआई से आई मेडिकल टीम ने महिला को बिना स्नान कराए संस्कार करने का आह्वान टीम ने किया। उनका कहना था कि शव को स्नान कराने से स्वाइन फ्लू के फैलने का खतरा रहता है। उधर, जिले का स्वास्थ्य विभाग अभी इस मामले को स्वाइन फ्लू से होने की पुष्टि नहीं कर रहा है। सीएमओ डा. विनोद गुप्ता ने कहा कि पीजीआई चंडीगढ़ से अभी इस संबंध में कोई लिखित या ऑनलाइन सूचना नहीं आई है। मामले को लेकर मंगलवार जांच की जाएगी।
कस्बा के गांव खनपुरा में निवासी मृतक कर्मजीत कौर के परिजनों ने बताया कि सोमवार को सुबह पीजीआई से आई टीम ने बताया कि महिला को बिना स्नान कराए संस्कार किया जाए जिसके बाद स्थानीय शमशानघाट में संस्कार किया गया। कर्मजीत कौर को बीते चार दिनों से बुखार था। पहले प्राइवेट डाक्टरों ने इलाज किया था लेकिन जब आराम नहीं हुआ तो डाक्टरों ने कर्मजीत कौर को पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया। कर्मजीत कौर के बेटे सुखविंद्र सिंह ने बताया कि आराम नहीं मिलने पर बीती रात उनकी मां की मौत हो गई। सुखविंद्र ने बताया कि डाक्टरों ने बताया कि उसकी माता को श्वास लेेने में बहुत कष्ट हो रहा था। डाक्टरों ने स्वाइन फ्लू की आशंका जताई थी। कर्मजीत कौर अपने पीछे तीन लड़कियां व दो लड़के छोड़ गई है।
विज्ञापन
--------------------
गांव में कई लोगों को बुखार
वहीं महिला की मौत के बाद गांव में दहशत का माहौल है। गांव के सरपंच राजेंद्र सिंह ने बताया कि पीजीआई से आई टीम ने परिजनों व गांव के लोगों को जैसे ही कहा कि महिला को नहलाया न जाए, ऐसा करने से गांव में बीमारी फैल। इसे सुन लोग परेशान हो गए। इस समय गांव में कई लोगों को बुखार है। जिन लोगों को बुखार है अब उन्हें इस बीमारी का डर सता रहा है। मामले को लेकर वह अब रक्त जांच करवा रहे हैं।
विज्ञापन
----------------
स्वाइन फ्लू के लक्षण
तेज बुखार के साथ खांसी, जुकाम हो जाता है। सांस फूलने लग जाती है। आंख से पानी आने लगता है। मुंह से स्लाइस आने लगती है। ऐसे में बुखार भी 104 डिग्री हो जाता है। उसके एम वन व एव वन के नाक व कान में रूई डाल रक्त के नमूने लेकर जांच की जाती है। वैसे स्वाइन फ्लू के मरीज की जान को खतरा बना रहता है।
------------------------
जिले में अब तक पांच मामले, तैयारी नहीं
बता दें कि जिले में अब तक स्वाइन फ्लू के पांच मामले सामने आ चुके हैं। उमस व बारिश होते ही बीमारी का वायरस तीव्रता से फैलता है और अब तक आए मामलों से आगे भी इस बीमारी के फैलने का खतरा है। ट्विन सिटी के अस्पतालों में अभी तक कोई आईसुलेशन वार्ड तैयार नहीं है। कैंट सिविल अस्पताल में कोई ऐसा वार्ड अभी तैयार नहीं किया गया है। हां, डाक्टरों का कहना है कि यदि मरीज आता है तो उसके लिए तुरंत अलग से व्यवस्था कर दी जाएगी।
-ञ्--------------
बचाव के तरीके
तेज बुखार होने पर डाक्टर से रक्त की जांच करवाएं। अगर सांस लेने में कठिनाई हो, मुंह व आंख से पानी बहे तो उसी समय अपने नजदीकी अस्पताल में डाक्टर से स्वास्थ्य की जांच करवाएं।
कोट्स
पीजीआई की तरफ से जिला स्वास्थ्य विभाग को अभी स्वाइन फ्लू से महिला की मौत के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली है। यदि मामला संदिग्ध है तो मंगलवार को चेक करवाया जाएगा। स्वाइन फ्लूृ के अब तक जिले में पांच मामले सामने आ चुके हैं और इससे निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग की पूरी तैयारी है।
डा. विनोद गुप्ता, सीएमओ, अंबाला।
-----------------------