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Gorakhpur News: कभी खुशी, कभी बेचैनी... हर रुझान पर बढ़ती रहीं धड़कनें
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- द्वितीय वरीयता की गणना में घटता-बढ़ता रहा अंतर, पल-पल की सूचना के लिए बेचैन रहे समर्थक
- जीत की खबर मिलते ही भावुक हुए ध्रुव त्रिपाठी, दो दिन के इंतजार के बाद समर्थकों में दौड़ी खुशी की लहर
गोरखपुर। कभी चेहरे पर मुस्कान तो कभी माथे पर चिंता की लकीरें। शिक्षक एमएलसी चुनाव की मतगणना के दूसरे दिन बुधवार को द्वितीय वरीयता के मतों की गणना ने पूरे दिन रोमांच बनाए रखा। मतगणना परिसर के भीतर अभिकर्ता एक-एक वोट पर नजर गड़ाए रहे तो बाहर डटे समर्थक पल-पल के रुझान जानने के लिए बेचैन रहे। करीब 12 घंटे तक चली इस प्रक्रिया में कभी भाजपा प्रत्याशी ध्रुव त्रिपाठी के खेमे में खुशी दिखी तो कभी निर्दल प्रत्याशी राजीव यादव के समर्थकों के चेहरे खिल उठे।
बुधवार सुबह 5:45 बजे द्वितीय वरीयता के मतों की गणना शुरू हुई। इससे पहले सपा प्रत्याशी डॉ. संजयन त्रिपाठी और उनके अभिकर्ताओं ने कथित तौर पर मतगणना का बहिष्कार करते हुए गणना स्थल छोड़ दिया। वहीं, ध्रुव त्रिपाठी और राजीव यादव के अभिकर्ता गणना में डटे रहे। जैसे ही किसी प्रत्याशी की बढ़त या मतों के अंतर को लेकर जानकारी मिलती, अभिकर्ता बाहर निकलते और मीडिया कर्मियों से फोन मांगकर समर्थकों तक रुझान पहुंचाते। हर नई सूचना के साथ चुनाव कार्यालयों में चर्चाएं तेज हो जातीं और समर्थकों की धड़कनें बढ़ जातीं।
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जीत की खबर सुनते ही भावुक हो गए ध्रुव त्रिपाठी
द्वितीय वरीयता के मतों की गणना पूरी होने के बाद जब ध्रुव त्रिपाठी को जीत की सूचना दी गई तो वह भावुक हो गए। उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। उन्होंने फोन कर अपने करीबियों को इसकी जानकारी दी। इसके बाद आंसू पोंछते हुए अभिकर्ताओं का अभिवादन किया। दो दिनों से मतगणना स्थल के बाहर डटे समर्थकों के लिए यह पल राहत और उत्साह लेकर आया। विश्वविद्यालय के बाहर बने भाजपा के चुनाव कार्यालय में जैसे ही जीत की सूचना पहुंची, वहां खुशी की लहर दौड़ गई। लंबे इंतजार और लगातार बदलते रुझानों के बीच समर्थकों की बेचैनी आखिरकार खुशी में बदल गई। पूरे दिन एक-एक रुझान पर टिकी निगाहें परिणाम की खबर मिलते ही उत्साह और जश्न में बदल गईं। वहीं राजीव यादव के समर्थक मायूस होकर लौट आए।
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- जीत की खबर मिलते ही भावुक हुए ध्रुव त्रिपाठी, दो दिन के इंतजार के बाद समर्थकों में दौड़ी खुशी की लहर
गोरखपुर। कभी चेहरे पर मुस्कान तो कभी माथे पर चिंता की लकीरें। शिक्षक एमएलसी चुनाव की मतगणना के दूसरे दिन बुधवार को द्वितीय वरीयता के मतों की गणना ने पूरे दिन रोमांच बनाए रखा। मतगणना परिसर के भीतर अभिकर्ता एक-एक वोट पर नजर गड़ाए रहे तो बाहर डटे समर्थक पल-पल के रुझान जानने के लिए बेचैन रहे। करीब 12 घंटे तक चली इस प्रक्रिया में कभी भाजपा प्रत्याशी ध्रुव त्रिपाठी के खेमे में खुशी दिखी तो कभी निर्दल प्रत्याशी राजीव यादव के समर्थकों के चेहरे खिल उठे।
बुधवार सुबह 5:45 बजे द्वितीय वरीयता के मतों की गणना शुरू हुई। इससे पहले सपा प्रत्याशी डॉ. संजयन त्रिपाठी और उनके अभिकर्ताओं ने कथित तौर पर मतगणना का बहिष्कार करते हुए गणना स्थल छोड़ दिया। वहीं, ध्रुव त्रिपाठी और राजीव यादव के अभिकर्ता गणना में डटे रहे। जैसे ही किसी प्रत्याशी की बढ़त या मतों के अंतर को लेकर जानकारी मिलती, अभिकर्ता बाहर निकलते और मीडिया कर्मियों से फोन मांगकर समर्थकों तक रुझान पहुंचाते। हर नई सूचना के साथ चुनाव कार्यालयों में चर्चाएं तेज हो जातीं और समर्थकों की धड़कनें बढ़ जातीं।
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जीत की खबर सुनते ही भावुक हो गए ध्रुव त्रिपाठी
द्वितीय वरीयता के मतों की गणना पूरी होने के बाद जब ध्रुव त्रिपाठी को जीत की सूचना दी गई तो वह भावुक हो गए। उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। उन्होंने फोन कर अपने करीबियों को इसकी जानकारी दी। इसके बाद आंसू पोंछते हुए अभिकर्ताओं का अभिवादन किया। दो दिनों से मतगणना स्थल के बाहर डटे समर्थकों के लिए यह पल राहत और उत्साह लेकर आया। विश्वविद्यालय के बाहर बने भाजपा के चुनाव कार्यालय में जैसे ही जीत की सूचना पहुंची, वहां खुशी की लहर दौड़ गई। लंबे इंतजार और लगातार बदलते रुझानों के बीच समर्थकों की बेचैनी आखिरकार खुशी में बदल गई। पूरे दिन एक-एक रुझान पर टिकी निगाहें परिणाम की खबर मिलते ही उत्साह और जश्न में बदल गईं। वहीं राजीव यादव के समर्थक मायूस होकर लौट आए।
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