Gorakhpur News: महिला मित्र से दोस्ती में ऑटो चालक की हत्या का शक, पुलिस गुत्थी सुलझाने में जुटी
एसपी सिटी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने कहा कि पुलिस केस दर्ज कर सभी बिंदुओं पर जांच को आगे बढ़ा रही है। पुलिस के हाथ कुछ अहम सुराग भी लगे हैं, जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर घटना का पर्दाफाश कर लिया जाएगा।
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गोरखपुर जिले में शाहपुर इलाके के जेल बाईपास स्थित गोड़धोइया पुल के नीचे हत्या कर लटकाए गए पिंटू पासवान (35) के शव की गुत्थी मोबाइल फोन के सीडीआर से सुलझाने में पुलिस जुटी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में प्राइवेट पार्ट्स पर चोट होने और लापता होने के बाद पांच दिन तक उसके जिंदा रहने जैसे तथ्य ने पुलिस को और उलझा दिया है। पुलिस को आशंका है कि महिला मित्र से दोस्ती में उसकी हत्या की गई है।
हालांकि, अभी पुलिस के हाथ कोई ऐसा सुराग नहीं लगा है, जिससे इस बात को पूरी तरह से साबित कर पुलिस हत्यारों को दबोच सके। पुलिस को सीसीटीवी फुटेज में कुछ संदिग्ध नाले के पास नजर आते दिखाई दिए, जिसके बारे में अभी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही घटना का पर्दाफाश कर लिया जाएगा।
जानकारी के मुताबिक, कैंपियरगंज कस्बा के मूल निवासी पिंटू पासवान का शव जिस जगह मिला है, वहां पर आमतौर पर जाना आसान भी नहीं है। दूसरे उस लोकेशन की सटीक जानकारी भी होना दूर के किसी हत्यारे के लिए संभव नहीं है। क्योंकि, पिंटू पासवान की दीदी का घर भी गोरखनाथ के पचपेड़वा के पास ही है, इसी वजह से पुलिस की जांच के केंद्र में आसपास के लोग हैं, जिनके मोबाइल लोकेशन को भी पुलिस खंगाल रही है।
पुलिस की कोशिश है कि पहले यह जाना जाए कि आखिरी बार पिंटू पासवान के मोबाइल का लोकेशन क्या था और उससे आखिरी बात किससे हुई है। इन सभी बिंदुओं पर पुलिस अभी काम कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में एक बात और सामने आई है कि शव मिलने के बाद 24 से 36 घंटे पहले ही उसकी मौत हुई थी। यानी सोमवार को लाश मिली थी तो शनिवार की रात या फिर रविवार को हत्या की गई है। जबकि, पिंटू 27 जनवरी से ही लापता था और पुलिस ने पादरी बाजार के पास से ही उसके ऑटो को बरामद किया था।
इतना तो तय है कि शव को हत्या कर लाकर लटकाया गया है और आखिरी लोकेशन भी पादरी बाजार ही है। इस वजह से पुलिस उसके पादरी बाजार के पास के जानने वालों की जांच कर रही है। पुलिस को उम्मीद है कि यहीं से घटना जल्द खुल जाएगी।
यह हुआ था
कैंपियरगंज कस्बा निवासी पिंटू पासवान उर्फ माघे ऑटो चलाकर था। 27 जनवरी को कैंपियरगंज से सवारी लेकर गोरखपुर आया था। सवारी छोड़ने के बाद गोरखनाथ इलाके के पचपेड़वा स्थित अपनी बहन मंजू पासवान के घर गया। उसके बाद पादरी बाजार स्थित अपने नाना किशुन लाल पासवान के घर रिश्तेदारों से मिलने के बाद कैंपियरगंज घर के लिए निकला। देर रात तक घर नहीं पहुंचने पर उसकी पत्नी सगे संबंधियों के वहां फोन कर तलाश शुरू की, लेकिन पता नहीं चला। फोन से भी संपर्क नहीं हो पा रहा था। इसी बीच सोमवार को उसकी लाश नाले के नीचे निकले छड़ के सहारे लटकी मिली थी।
एसपी सिटी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने कहा कि पुलिस केस दर्ज कर सभी बिंदुओं पर जांच को आगे बढ़ा रही है। पुलिस के हाथ कुछ अहम सुराग भी लगे हैं, जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर घटना का पर्दाफाश कर लिया जाएगा।