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राष्ट्रपति दौरा: गीता प्रेस की ओर से राष्ट्रपति को भेंट की जाएगी श्रीमद्भगवद्गीता
Sat, 28 Aug 2021 10:10 AM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Sat, 28 Aug 2021 10:10 AM IST
सार
राष्ट्रपति से मुलाकात के लिए गीता प्रेस के ट्रस्टीगण देवी दयाल अग्रवाल, ईश्वर प्रसाद पटवारी, मुरली मनोहर सर्राफ व उत्पाद प्रबंधक डॉ. लालमणि तिवारी को प्रशासन द्वारा अनुमति दी गई है।
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गीता प्रेस गोरखपुर।
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से शनिवार को बालापार रोड, सोनबरसा स्थित योगी गंभीरनाथ अतिथि भवन में गीता प्रेस का प्रतिनिधिमंडल मुलाकात करेगा। इस दौरान उन्हें गीता प्रेस के संस्थापक जयदयाल गोयंका द्वारा लिखित श्रीमद्भगवद्गीता ‘तत्व विवेचनी टीका’ भेंट की जाएगी।
राष्ट्रपति से मुलाकात के लिए गीता प्रेस के ट्रस्टीगण देवी दयाल अग्रवाल, ईश्वर प्रसाद पटवारी, मुरली मनोहर सर्राफ व उत्पाद प्रबंधक डॉ. लालमणि तिवारी को प्रशासन द्वारा अनुमति दी गई है। उन्हें दोपहर एक बजे का समय दिया गया है।
राष्ट्रपति से मुलाकात को लेकर गीता प्रेस ट्रस्ट बोर्ड की बैठक शुक्रवार को हुई। इसमें निर्णय लिया गया कि राष्ट्रपति से गीता प्रेस के पब्लिकेशन, तकनीक व अगले वर्ष अप्रैल में होने वाले शताब्दी समारोह की तैयारियों पर चर्चा की जाएगी। यदि मुलाकात का समय ज्यादा रहा तो इन्हीं विषयों पर वार्ता होगी। शताब्दी समारोह में राष्ट्रपति को आमंत्रित किए जाने की भी कोशिश की जाएगी।
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पिछली बार भव्य समारोह के लिए दिया था सुझाव
गीता प्रेस के उत्पाद प्रबंधक डॉ. लालमणि तिवारी ने बताया कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद नौ दिसंबर 2018 को जब पिछली बार गोरखपुर आए थे, तब भी उनसे गीता प्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की थी। तब स्वामी रामसुख दास महाराज की लिखित श्रीमद्भगवद्गीता ‘साधक संजीवनी टीका’ भेंट की गई थी।
पिछली बार करीब 15-20 मिनट तक उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को समय दिया था। उस दौरान गीता प्रेस प्रबंधन ने प्रेस के बारे में विस्तार जानकारी दी थी। वर्ष 2022 में 100वें वर्ष में प्रवेश करने की जानकारी भी दी गई थी। तब राष्ट्रपति ने कहा था कि शताब्दी समारोह भव्य व दिव्य होना चाहिए।
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राष्ट्रपति से मुलाकात के लिए गीता प्रेस के ट्रस्टीगण देवी दयाल अग्रवाल, ईश्वर प्रसाद पटवारी, मुरली मनोहर सर्राफ व उत्पाद प्रबंधक डॉ. लालमणि तिवारी को प्रशासन द्वारा अनुमति दी गई है। उन्हें दोपहर एक बजे का समय दिया गया है।
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राष्ट्रपति से मुलाकात को लेकर गीता प्रेस ट्रस्ट बोर्ड की बैठक शुक्रवार को हुई। इसमें निर्णय लिया गया कि राष्ट्रपति से गीता प्रेस के पब्लिकेशन, तकनीक व अगले वर्ष अप्रैल में होने वाले शताब्दी समारोह की तैयारियों पर चर्चा की जाएगी। यदि मुलाकात का समय ज्यादा रहा तो इन्हीं विषयों पर वार्ता होगी। शताब्दी समारोह में राष्ट्रपति को आमंत्रित किए जाने की भी कोशिश की जाएगी।
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पिछली बार भव्य समारोह के लिए दिया था सुझाव
गीता प्रेस के उत्पाद प्रबंधक डॉ. लालमणि तिवारी ने बताया कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद नौ दिसंबर 2018 को जब पिछली बार गोरखपुर आए थे, तब भी उनसे गीता प्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की थी। तब स्वामी रामसुख दास महाराज की लिखित श्रीमद्भगवद्गीता ‘साधक संजीवनी टीका’ भेंट की गई थी।
पिछली बार करीब 15-20 मिनट तक उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को समय दिया था। उस दौरान गीता प्रेस प्रबंधन ने प्रेस के बारे में विस्तार जानकारी दी थी। वर्ष 2022 में 100वें वर्ष में प्रवेश करने की जानकारी भी दी गई थी। तब राष्ट्रपति ने कहा था कि शताब्दी समारोह भव्य व दिव्य होना चाहिए।