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रंजीत हत्याकांड: सगे भाई पर शक, हाथ-पैर के निशान लिए; चार साल पहले गोली लगने से हुई थी मौत

Sat, 16 Sep 2023 12:27 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो गोरखपुर
अमर उजाला ब्यूरो गोरखपुर Published by: vivek shukla Updated Sat, 16 Sep 2023 12:27 PM IST
सार

22 अगस्त 2019 की रात बारिश हो रही थी। घर के अंदर सो रहे रंजीत के सिर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उस समय उस घर में बगल के कमरे में वादी संजीव सो रहा था। गोली चलने के आवाज पर उठे संजीव, घायल भाई को लेकर पीजीआई लखनऊ ले गए, जहां उसके अगले दिन रंजीत की मौत हो गई थी।

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Ranjit murder case Suspicion on brother in law fingerprints taken
रंंजीत हत्याकांड की जांच करने पहुंची एसपी क्राइम। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

गोरखपुर जिले में कैंट थाना क्षेत्र के इंजीनियरिंग कॉलेज चौकी क्षेत्र के भैरोपुर में 22 अगस्त 2019 की रात हुई दवा विक्रेता रंजीत पासवान हत्याकांड में शुक्रवार को एसपी क्राइम इंदु प्रभा सिंह ने उसके भाई से पूछताछ की। शाम पांच बजे वादी संजीव कुमार के घर पहुंचीं एसपी क्राइम करीब दो घंटे उससे, पत्नी और पड़ोसियों से पूछताछ कर बयान दर्ज किए। इस दौरान वादी संजीव के हाथ व पैरों की माप भी ली गई।

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जानकारी के मुताबिक, 22 अगस्त 2019 की रात बारिश हो रही थी। घर के अंदर सो रहे रंजीत के सिर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उस समय उस घर में बगल के कमरे में वादी संजीव सो रहा था। गोली चलने के आवाज पर उठे संजीव, घायल भाई को लेकर पीजीआई लखनऊ ले गए, जहां उसके अगले दिन रंजीत की मौत हो गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर में गोली लगने से मौत की पुष्टि हुई थी। भाई संजीव ने शक के आधार पर पिता राधेश्याम, चाचा रंभू व मौसेरे भाई के पर जमीन विवाद में हत्या का केस दर्ज कराया था।
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एक वर्ष बाद कैंट पुलिस ने सबूत न मिलने के आधार पर मामले में फाइनल रिपोर्ट लगी दी थी, लेकिन संजीव ने एडीजी से मिलकर पुनः विवेचना का आदेश करा लिया, तब से यह मामला क्राइम ब्रांच में चल रहा है। उधर, संजीव ने भाई के नाम पर चल रहा एलआईसी फर्जी मुहर व हस्ताक्षर लगाकर 30 लाख रुपये से अधिक का क्लेम ले लिया। एक शूटर के घटना में शामिल होने व संजीव द्वारा भाई को इंजेक्शन लगाने की बात सामने आई है, जिसके बाद अंदर ही अंदर क्राइम ब्रांच ने जांच शुरू कर दी।

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शूटर पहले संजीव के पास आता था। हत्या के बाद उसने मिलना बंद कर दिया। शुक्रवार को एसपी क्राइम संजीव व उसकी पत्नी से मकान पर फर्जी लोन, रिश्तेदारी की बहन से संबंध सहित पूरी जानकारी ली। एसपी ने करीब 10 पड़ोसियों से भी घटना के समय व उसके बाद कि स्थिति के बारे में पूछताछ कर जानकारी ली।

इस संबंध में एसपी क्राइम इंदु प्रभा ने कहा कि जांच की जा रही है। हर बिंदु पर बारीकी से पूछताछ हुई है। सबूत जुटाए गए हैं। जांच के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।

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