पड़ताल: गोरखपुर शहर के पहले सिक्स लेन के निर्माण का हाल, पड़ती रही फटकार, सुस्ती बरकरार
नौसड़-पैडलेगंज सिक्स लेन अप्रैल 2022 तक सड़क बन जानी थी, अभी 30 फीसदी ही काम पूरा हो सका। यही रफ्तार रही तो अगले छह महीने में भी नहीं बन पाएगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रशासन की सख्ती के बाद भी शहर के पहले सिक्स लेन नौसड़-पैडलेगंज के निर्माण की रफ्तार नहीं बढ़ पा रही है। गति बढ़ाने को लेकर दिसंबर 2021 से अब तक छह से अधिक बार इस सड़क का काम कराने वाली फर्म छात्रशक्ति को डीएम-कमिश्नर की फटकार पड़ चुकी है। दो-दो नोटिस भी जारी किए जा चुके हैं।
हाल ही में 20 अप्रैल को डीएम विजय किरन आनंद ने भी लोक निर्माण विभाग के अभियंताओं, फर्म संचालक पर कड़ी नाराजगी जताते हुए नोटिस जारी किया था। इसी सख्ती के दो-चार दिन तक काम खूब तेजी से हुआ, फिर रफ्तार पहले जैसी ही सुस्त पड़ गई है।
अप्रैल 2022 में सिक्स लेन का निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य तय था। कोरोना की वजह से और तीन महीने की मोहलत दी गई है, मगर काम अभी तक सिर्फ 30 फीसदी ही पूरा हो सका है। कार्यदायी संस्था लोक निर्माण विभाग के अफसरों का दावा है कि दो महीने यानी जून तक काम पूरा हो जाएगा। मगर, यह दावा चौंकाने वाला है। सिक्स लेन का काम अभी 70 फीसदी होना है।
मौके पर काम की जो रफ्तार मिली है, उससे लगता नहीं कि विभागीय अफसरों के दावों में दम है। एक वर्ष से ज्यादा समय में 30 फीसदी काम पूरा कराने वाली फर्म तीन महीने में 70 फीसदी काम पूरा कर दे यह संभव नहीं लगता। जानकारों का कहना है कि मौजूदा रफ्तार ही बरकरार रही तो अगले छह महीने में भी सिक्स लेन का निर्माण कार्य पूरा हो पाना मुमकिन नहीं है।
मई का महीना शुरू हो गया है। 15 जून के बाद मानसून कभी भी दस्तक दे सकता है। बारिश में काम ठप हो जाता है या फिर काम की रफ्तार बेहद धीमी रह जाती है। एस्टीमेट रिवाइज करने की नौबत भी आ जाए तो बहुत चौंकाने वाली बात नहीं होगी।
फर्म के कामकाज का अनुभव अच्छा नहीं
सिक्स लेन के निर्माण कार्य में लगी फर्म छात्रशक्ति एस्टीमेट रिवाइज कराने में माहिर है। गोरखपुर-देवरिया और गोरखपुर-महराजगंज फोर लेन का काम भी इसी फर्म के पास है। तीन साल में ये दोनों प्रोजेक्ट पूरे होने थे, लेकिन छह साल से अधिक का समय हो गया। काम नहीं पूरा हुआ। दोनों प्रोजेक्ट के रेट भी रिवाइज हो चुके हैं। पुराने अनुभवों से भी जिम्मेदारों ने सबब नहीं लिया और सिक्स लेन का काम भी इसी फर्म को दे दिया गया।
पैडलेगंज से देवरिया बाईपास मोड़ तक गिट्टी गिराकर लेवलिंग पूरी
पैडलेगंज से देवरिया बाईपास मोड़ तक ही कार्य की गति थोड़ी तेज है। इस पैच में मिट्टी बराबर करने के बाद गिट्टी गिराकर उसकी भी लेवलिंग कर दी गई है। मगर इसके आगे रुस्तमपुर और फिर महेवा मंडी से लेकर नौसड़ तक अभी मिट्टी खोदने और बराबर करने का काम भी नहीं हो पाया है।
89 करोड़ से बननी है 5.6 किमी लंबी सिक्स लेन
शहर के मुहाने पर ही लगने वाले जाम को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने पिछले कार्यकाल में नौसड़-पैडलेगंज फोर लेन को सिक्स लेन में बदलने की जरूरत बताई। लोक निर्माण विभाग ने सर्वे कराया। एस्टीमेट तैयार हुआ और इसे समय से स्वीकृति भी मिल गई। टेंडर हुआ, छात्रशक्ति फर्म को काम मिला। 89 करोड़ की लागत से 5.6 किमी लंबे इस सिक्स लेन का काम का शुभारंभ ही समय से नहीं हुआ। सख्ती करने पर अप्रैल 2021 में निर्माण कार्य शुरू हुआ। सिक्स लेन के बीच पड़ने वाले चौराहों का सुंदरीकरण भी कराया जाना है।
पेड़ सभी हट गए, बिजली के 100 खंभे हटने बाकी
निर्माणाधीन सिक्स लेन पर बिजली के 600 खंभे, पांच ट्रांसफार्मर और 770 पेड़ थे। इसके अलावा चार पुलिस चौकी हैं, इन्हें हटाकर नई पुलिस चौकी बनाई जा रही है। अब तक बिजली के 500 पोल हट गए हैं। लेकिन, बिजली के सौ पोल अब भी हटाए जाने हैं। बिजली निगम ने ट्रांसफार्मर तो वन विभाग ने सभी पेड़ हटा दिए हैं। पुलिस चौकियों का निर्माण कार्य अभी बाकी है। इनका निर्माण चल रहा है। लोक निर्माण विभाग के अफसरों के मुताबिक, नई पुलिस चौकी बनते ही पुरानी चौकी तोड़ी जाएगी।
इन चौराहों का होगा सुंदरीकरण
सिक्स लेन पर पड़ने वाले पांच चौराहों का भी सुंदरीकरण और चौड़ीकरण किया जाएगा। इसमें पैडलेगंज, ट्रांसपोर्टनगर, देवरिया बाईपास तिराहा, रुस्तमपुर और राजघाट तिराहा शामिल है। जानकारी के लिए बता दें शास्त्री चौक से ट्रांसपोर्ट नगर होते हुए नौसड़ तक मेट्रो भी गुजरनी है। ऐसे में लोनिवि डिवाइडर की जगह पर पिलर के लिए करीब ढाई मीटर जगह छोड़ेगा ताकि भविष्य में किसी प्रकार की दिक्कत न हो।
डीएम विजय किरन आनंद ने कहा कि सिक्स लेन कार्य की नियमित निगरानी की जा रही है। कार्य की रफ्तार सुस्त पाए जाने पर निर्माण कराने वाली फर्म को नोटिस दिया गया है। मैन पावर और मशीनें बढ़ाकर हर हाल में 30 जून तक निर्माण कार्य पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। तय समयावधि में काम नहीं पूरा हुआ तो फर्म के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मुकदमा भी दर्ज कराया जाएगा।
अधिशासी अभियंता निर्माण खंड भवन केशवलाल ने कहा कि पैडलेगंज-नौसड़ सिक्स लेन का कार्य अप्रैल 2021 में शुरू हुआ था। इसे एक साल में पूरा करना था। कोरोना संक्रमण के कारण समय सीमा बढ़ाकर जून तक कर दी गई है। 30 फीसदी कार्य पूरा हो गया है। बिजली के पोल, ट्रांसफार्मर, पेड़ समेत कई अन्य अवरोधों की वजह से काम गति नहीं पकड़ पा रहा था। अब ज्यादातर अवरोध हट गए हैं। जून तक काम पूरा हो जाने की उम्मीद है।