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Rain In Nepal: नेपाल में जोरदार बारिश, फिर से उफनाएंगी घाघरा-राप्ती
Tue, 08 Aug 2023 03:25 PM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 08 Aug 2023 03:25 PM IST
सार
रोहिन नदी में अभी कोई हलचल नहीं है। सिंचाई विभाग के अधिकारियों का कहना है कि मौसम को देखते हुए सजगता बरती जा रही है। बंधों की सुरक्षा के निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। रोहिन नदी अभी स्थिर है।
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राप्ती नदी का बढ़ रहा जलस्तर।
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
गोरखपुर जिले में कम लेकिन नेपाल में हो रही जोरदार बारिश की वजह से नदियों का जलस्तर बढ़ने लगा है। श्रावस्ती जिले में राप्ती बैराज पर जलस्तर बढ़ने की वजह से नदी में 41678 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। इससे अगले 24 घंटे में गोरखपुर-बस्ती मंडल में भी राप्ती और घाघरा नदी का जलस्तर बढ़ सकता है।
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नेपाल में होने वाली बारिश से ही राप्ती, रोहन, सरयू सहित अन्य नदियों का जलस्तर बढ़ता है। बताया जा रहा है कि नेपाल में राप्ती नदी के कैचमेंट एरिया ( वह क्षेत्र जिसमें बरसने वाला जल नदियों में आकर मिलता है) में बारिश हो रही है। इस वजह से नदी का पानी बढ़ रहा है।
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सिंचाई विभाग की ओर से जारी बुलेटिन के अनुसार श्रावस्ती जिले में राप्ती बैराज पर खतरे का निशान 127.750 मीटर है। सोमवार की शाम सात बजे वहां राप्ती का पानी खतरे के निशान से पांच सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया था। इस दौरान नदी के कैचमेंट एरिया में 10 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है।
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राप्ती बैराज पर जलस्तर बढ़ने की वजह से 41678 क्यूसेक पानी का डिस्चार्ज किया गया। घाघरा नदी का जलस्तर शाम चार बजे अयोध्या पुल पर 92.560 मीटर दर्ज किया गया। जबकि यहां सुबह आठ बजे जलस्तर 92.490 मीटर था। इसी तरह से राप्ती नदी का जलस्तर सुबह आठ बजे 81.860 मीटर और शाम चार बजे 81.540 मीटर रहा।
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इसी नदी में बर्डघाट, गोरखपुर में जलस्तर 70.780 मीटर से बढ़कर 70.860 मीटर पर पहुंच गया। हालांकि रोहिन नदी में अभी कोई हलचल नहीं है। सिंचाई विभाग के अधिकारियों का कहना है कि मौसम को देखते हुए सजगता बरती जा रही है। बंधों की सुरक्षा के निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। रोहिन नदी अभी स्थिर है।
सिंचाई विभाग अधीक्षण अभियंता दिनेश सिंह ने कहा कि राप्ती के कैचमेंट एरिया में बारिश होने से जलस्तर बढ़ रहा है। अभी सारी नदियां खतरे के निशान से काफी नीचे हैं। लेकिन इनके बढ़ाव को देखते हुए नजर रखी जा रही है। राप्ती बैराज से पानी छोड़ा गया है। इसका नदियों के जलस्तर पर प्रभाव नजर आएगा। यदि नेपाल में लगातार बारिश होती रही तो बाढ़ आने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता।
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इसी नदी में बर्डघाट, गोरखपुर में जलस्तर 70.780 मीटर से बढ़कर 70.860 मीटर पर पहुंच गया। हालांकि रोहिन नदी में अभी कोई हलचल नहीं है। सिंचाई विभाग के अधिकारियों का कहना है कि मौसम को देखते हुए सजगता बरती जा रही है। बंधों की सुरक्षा के निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। रोहिन नदी अभी स्थिर है।
सिंचाई विभाग अधीक्षण अभियंता दिनेश सिंह ने कहा कि राप्ती के कैचमेंट एरिया में बारिश होने से जलस्तर बढ़ रहा है। अभी सारी नदियां खतरे के निशान से काफी नीचे हैं। लेकिन इनके बढ़ाव को देखते हुए नजर रखी जा रही है। राप्ती बैराज से पानी छोड़ा गया है। इसका नदियों के जलस्तर पर प्रभाव नजर आएगा। यदि नेपाल में लगातार बारिश होती रही तो बाढ़ आने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता।